बस से उतरते समय पैर फिसलने से वे गिर पड़े और सिर में गंभीर चोट आई। जिला अस्पताल में डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। मौत के कारणों की पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद होगी।
Chhattisgarh: दुर्ग जिले में एक दुखद घटना सामने आई है। महिला थाना में पदस्थ प्रधान आरक्षक त्रिलोक सिंह की सोमवार को बस स्टैंड परिसर में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। वे 15 दिनों की छुट्टी के बाद अपने गृह ग्राम बालाघाट से दुर्ग लौटे थे।
जानकारी के अनुसार, त्रिलोक सिंह अपनी बेटी के साथ बस से दुर्ग पहुंचे थे। उन्हें सीधे महिला थाना में ड्यूटी जॉइन करनी थी। बस से उतरते समय अचानक उनका पैर फिसल गया और वे जोर से जमीन पर गिर पड़े। गिरने से उनकी आंख के ऊपर गंभीर चोट आई। घटना के बाद उनकी बेटी और वहां मौजूद लोगों ने तुरंत उन्हें संभाला और जिला अस्पताल पहुंचाया।
अस्पताल में डॉक्टरों ने किया मृत घोषित

जिला अस्पताल में डॉक्टरों ने प्राथमिक जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। शुरुआती तौर पर माना जा रहा है कि गिरने से लगी चोट के कारण उनकी मौत हुई। हालांकि, चिकित्सकों ने यह भी कहा है कि दिल का दौरा पड़ने की संभावना से पूरी तरह इनकार नहीं किया जा सकता।
डॉक्टरों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा कि मौत का असली कारण क्या था। फिलहाल शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।
जांच जारी
पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। बस स्टैंड परिसर में मौजूद लोगों से पूछताछ की जा रही है। साथ ही घटनास्थल की परिस्थितियों को भी खंगाला जा रहा है। प्रधान आरक्षक त्रिलोक सिंह लंबे समय से पुलिस विभाग में सेवा दे रहे थे। उनकी अचानक मौत से विभाग में शोक का माहौल है।
अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की स्थिति स्पष्ट होगी। फिलहाल परिजनों को सूचना दे दी गई है और आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी की जा रही है।









