भारतीय टीम के अनुभवी ऑलराउंडर हार्दिक पांड्या की दाहिनी पिंडली में एक बार फिर चोट लग गई है, जिसके चलते वह कम से कम तीन सप्ताह तक प्रतिस्पर्धी क्रिकेट से बाहर रह सकते हैं। चोट के कारण पांड्या न्यूजीलैंड के खिलाफ होने वाली सीमित ओवरों की सीरीज में भी नहीं खेल पाएंगे।
स्पोर्ट्स न्यूज़: भारतीय क्रिकेट टीम के स्टार ऑलराउंडर हार्दिक पांड्या की वापसी की कोशिशों को एक बार फिर चोट ने रोक दिया है। उनकी दाहिनी पिंडली में नई चोट सामने आई है, जिसके कारण उन्हें कम से कम तीन सप्ताह तक प्रतिस्पर्धी क्रिकेट से दूर रहना पड़ सकता है। मौजूदा स्थिति में हार्दिक का न्यूजीलैंड के खिलाफ होने वाली टी20 और वनडे सीरीज में खेलना मुश्किल माना जा रहा है।
हार्दिक लंबे समय से अपनी फिटनेस पर काम कर रहे हैं और बेंगलुरु स्थित सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में ट्रेनिंग कर रहे थे। उनकी वापसी के लिए 20 सितंबर की तारीख तय की गई थी। इसी योजना के तहत उन्हें ऑस्ट्रेलिया ए के खिलाफ 6 अक्टूबर से शुरू होने वाली वनडे सीरीज के लिए भारत ए टीम में भी चुना गया था। ताजा चोट के बाद अब उनकी वापसी की योजना में बदलाव होना तय है।
दाहिनी पिंडली में आई चोट
बीसीसीआई के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस से जुड़े घटनाक्रम की जानकारी रखने वाले एक सूत्र के मुताबिक, हार्दिक की हालिया स्कैन रिपोर्ट में दाहिनी पिंडली में चोट का पता चला है। उन्हें शुरुआती तौर पर करीब दो सप्ताह पूरी तरह आराम करने की सलाह दी गई है। मेडिकल टीम उनकी स्थिति पर नजर रख रही है। बीसीसीआई की मेडिकल पैनल से जुड़े विशेषज्ञ डॉक्टर उनकी रिपोर्ट का आकलन करने के बाद यह तय करेंगे कि हार्दिक रिहैबिलिटेशन कब शुरू कर सकते हैं। इसके बाद उनकी फिटनेस और मैच खेलने की क्षमता का चरणबद्ध तरीके से आकलन किया जाएगा।
न्यूजीलैंड सीरीज में वापसी मुश्किल
भारत और न्यूजीलैंड के बीच टी20 सीरीज की शुरुआत 22 अक्टूबर से प्रस्तावित है। इसके बाद दोनों टीमों के बीच वनडे मुकाबले खेले जाएंगे। हार्दिक को कम से कम तीन सप्ताह के लिए प्रतिस्पर्धी क्रिकेट से बाहर रहने की सलाह दिए जाने के कारण उनकी न्यूजीलैंड दौरे तक वापसी समय पर हो पाना चुनौतीपूर्ण है।
उनकी वापसी के लिए केवल चोट से उबरना ही पर्याप्त नहीं होगा। मैच फिटनेस हासिल करने और मेडिकल क्लीयरेंस मिलने के बाद ही उन्हें प्रतिस्पर्धी क्रिकेट में उतारा जाएगा।

एशियन गेम्स से भी जुड़ी थी योजना
बीसीसीआई हार्दिक को एशियन गेम्स के लिए भारतीय दल के साथ जापान भेजने की योजना पर भी काम कर रहा था। इसके लिए बोर्ड की ऑपरेशंस टीम ने वीजा प्रक्रिया से संबंधित औपचारिकताओं के तहत उनका पासपोर्ट भी लिया था। हालांकि, नई चोट के बाद उनकी उपलब्धता को लेकर तस्वीर बदल गई है। अब मेडिकल टीम की रिपोर्ट और रिहैबिलिटेशन की प्रगति उनकी अगली क्रिकेट प्रतिबद्धताओं को तय करने में महत्वपूर्ण होगी।
चार महीनों में तीसरी बार फिटनेस पर असर
हार्दिक के लिए हालिया चोट इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि पिछले कुछ महीनों में उनकी वापसी की कोशिशें कई बार प्रभावित हुई हैं। आईपीएल के बाद से वह बेंगलुरु में रहकर अपनी फिटनेस और ट्रेनिंग पर काम कर रहे थे। अफगानिस्तान के खिलाफ सीरीज से पहले भी उन्हें फील्डिंग ड्रिल के दौरान पैर के आसपास दर्द की शिकायत हुई थी। इसके बाद उन्होंने आराम किया, लेकिन फिटनेस हासिल करने की प्रक्रिया के दौरान समस्या दोबारा उभर आई। बाद की जांच में चोट की पुष्टि हुई थी।
अब दाहिनी पिंडली की चोट ने उनकी वापसी की योजना को एक बार फिर पीछे कर दिया है। पिछले चार महीनों में यह कम से कम तीसरी बार है जब चोट या फिटनेस से जुड़ी समस्या ने उनकी प्रतिस्पर्धी क्रिकेट में वापसी को प्रभावित किया है।










