HCL Technologies ने वित्त वर्ष 2026 की तीसरी तिमाही के नतीजे जारी किए। शुद्ध मुनाफा 4,076 करोड़ रुपये रहा, जो 11% कम है। राजस्व 33,872 करोड़ रुपये तक बढ़ा। कंपनी ने AI और डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन पर नई रणनीति को प्राथमिकता दी।
HCL Tech Q3 Results: भारत की तीसरी सबसे बड़ी आईटी कंपनी HCL Technologies ने वित्त वर्ष 2026 की तीसरी तिमाही (Q3) के अपने नतीजे जारी किए। तिमाही में कंपनी का शुद्ध मुनाफा 4,076 करोड़ रुपये रहा, जो पिछले साल की इसी तिमाही की तुलना में 11.1 प्रतिशत कम है। मुनाफे में गिरावट का मुख्य कारण नवंबर 2025 में लागू हुई नई श्रम संहिता के तहत कर्मचारियों के लाभों के लिए अलग किए गए प्रावधान रहे।
हालांकि, राजस्व में कंपनी ने मजबूत प्रदर्शन दिखाया। सालाना आधार पर HCL का राजस्व 13.3 प्रतिशत बढ़कर 33,872 करोड़ रुपये पहुंच गया। यह वृद्धि मुख्य रूप से वित्तीय सेवाओं और विनिर्माण (Manufacturing) खंड से हुई। स्थिर मुद्रा के आधार पर राजस्व में क्रमशः 8.1 प्रतिशत और 1.8 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई। तिमाही आधार पर राजस्व 6 प्रतिशत बढ़ा।
मुनाफा बाजार की उम्मीदों से कम
राजस्व के आंकड़े ब्लूमबर्ग और बाजार के अनुमान से बेहतर रहे, लेकिन मुनाफा निवेशकों की उम्मीदों के अनुसार नहीं रहा। विशेषज्ञों का कहना है कि नई श्रम संहिता के प्रभाव और कर्मचारियों के लिए अलग किए गए प्रावधानों ने शुद्ध मुनाफे पर दबाव डाला। HCL ने दिसंबर तिमाही में कर्मचारी लाभों के लिए 956 करोड़ रुपये अलग किए, जो Ind AS 19 के तहत मान्यता देने की आवश्यकता के तहत किया गया।
नई श्रम संहिता का असर
एचसीएल के सीईओ एवं एमडी सी विजयकुमार ने कहा कि विवेकाधीन खर्च का पैटर्न पिछले तीन महीनों में स्थिर रहा। उन्होंने बताया कि पारंपरिक खर्च वाले क्षेत्रों में अभी भी नरमी है, लेकिन कंपनी भविष्य के लिए पूर्वानुमान या पुराने स्तर पर लौटने की उम्मीद नहीं कर रही। इसके बजाय HCL अपनी ऊर्जा उन क्षेत्रों पर केंद्रित कर रही है, जहां खर्च हो रहा है। इन क्षेत्रों में डेटा सेंटर, रोबोटिक्स, फिजिकल आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, सेमीकंडक्टर और एज इन्फ्रास्ट्रक्चर शामिल हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि नई श्रम संहिता भारत के आईटी और आईटीईएस सेक्टर के लिए एक महत्वपूर्ण बदलाव लाएगी। पहली बार कंपनियों को सरकार द्वारा निर्धारित मानदंडों के साथ-साथ केंद्रीय ओएसएच कोड के नियमों का पालन करना होगा। इसमें काम के घंटे, ओवरटाइम, कर्मचारियों के कल्याण और वैधानिक दस्तावेजों के नियम शामिल हैं।
नए अनुबंध और एआई में बढ़ोतरी
एचसीएलटेक ने तीसरी तिमाही में कुल 3 अरब डॉलर के नए अनुबंध हासिल किए, जो पिछले साल की इसी अवधि की तुलना में 43.5 प्रतिशत अधिक हैं। एआई से जुड़े राजस्व में भी बढ़ोतरी हुई और यह 14.8 करोड़ डॉलर तक पहुंच गया, जो तिमाही आधार पर 20 प्रतिशत अधिक है। कंपनी ने कहा कि नए अनुबंधों और ठेकेदार परियोजनाओं से भविष्य में राजस्व और मुनाफा सुधार की उम्मीद है।
कर्मचारी वृद्धि और संगठनात्मक विस्तार
तीसरी तिमाही में HCL ने 2,852 नए कर्मचारियों को नियुक्त किया। इसके बाद कंपनी में कुल कर्मचारियों की संख्या बढ़कर 2,26,379 हो गई। यह कदम कंपनी की विस्तार योजना और बढ़ते क्लाइंट बेस को ध्यान में रखते हुए किया गया है। CEO सी विजयकुमार ने कहा कि संगठन की प्राथमिकता नए और उभरते क्षेत्रों में दक्षता बढ़ाने की है।
कंपनी का फोकस उन क्षेत्रों पर है जो AI और डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन के आधारभूत खंड हैं। इसके अंतर्गत डेटा सेंटर, रोबोटिक्स, एज इन्फ्रास्ट्रक्चर और सेमीकंडक्टर जैसी तकनीकें शामिल हैं। CEO ने कहा कि HCL अपनी ऊर्जा ऐसे क्षेत्रों पर केंद्रित कर रही है, जहां खर्च और निवेश दोनों तेजी से बढ़ रहे हैं।












