जेसीबी गोदाम में लगी आग पर करीब 20 दमकलों और ग्रामीणों की मदद से काबू पाया गया। हादसे में कोई जनहानि नहीं हुई, लेकिन यातायात ठप रहा। घटना ने सुरक्षा संसाधनों और आपात व्यवस्था की पोल खोल दी।
Jaipur: जयपुर के भांकरोटा क्षेत्र में स्थित राजेश मोटर्स की जेसीबी वर्कशॉप में सोमवार शाम करीब साढ़े पांच बजे उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब ऑयल पाइप लाइन पर वेल्डिंग का काम चल रहा था। इसी दौरान अचानक चिंगारी भड़क उठी और आग ने तेजी से विकराल रूप ले लिया। तेल और मशीनों की मौजूदगी के कारण आग कुछ ही मिनटों में फैल गई। ऊंची-ऊंची लपटें और काले धुएं का गुबार दूर तक दिखाई देने लगा। आसपास के इलाकों में लोग घरों और दुकानों से बाहर निकल आए। मौके पर मौजूद मजदूरों और कर्मचारियों में भय का माहौल बन गया।
ग्रामीणों और दमकल की मदद
आग की सूचना मिलते ही दमकल विभाग को सूचित किया गया। आग की गंभीरता को देखते हुए रीको, बिंदायका, बनीपार्क, झोटवाड़ा, मानसरोवर, बगरू, सेज, 22 गोदाम और मालवीय नगर से करीब 20 दमकल वाहन मौके पर पहुंचे।

दमकलकर्मियों ने 60 से अधिक फेरे लगाकर आग पर काबू पाने की कोशिश की। इस दौरान आसपास के ग्रामीण भी मदद के लिए आगे आए। किसी ने ट्रैक्टर-टैंकर से पानी पहुंचाया, तो किसी ने दमकल गाड़ियों में पानी भरवाने में सहयोग किया। ग्रामीणों की तत्परता से आग को फैलने से समय रहते रोक लिया गया।
100 मजदूर सुरक्षित निकाले गए
वर्कशॉप के पीडीआई मैनेजर राकेश पहाड़िया ने बताया कि आग लगने के समय वर्कशॉप में करीब 100 मजदूर काम कर रहे थे। स्थिति बिगड़ने से पहले सभी मजदूरों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, जिससे बड़ा हादसा टल गया। स्थानीय निवासी राज चौधरी के अनुसार आग की लपटें इतनी तेज थीं कि लोग जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे। वहीं कुछ मजदूर जोखिम उठाकर जेसीबी मशीनों को बाहर निकालने में जुटे रहे, ताकि नुकसान कम किया जा सके।
आग के कारण जयपुर-अजमेर हाईवे पर भारी जाम लग गया। हजारों वाहन जाम में फंस गए। बाद में प्रशासन ने रिंग रोड और अन्य वैकल्पिक मार्गों से यातायात को डायवर्ट कराया, तब जाकर स्थिति सामान्य हुई।











