लोकसभा में राहुल गांधी एक बार फिर ब्राजीलियाई महिला मॉडल लारिसा नेरी का जिक्र करने को लेकर सुर्खियों में आ गए। जैसे ही राहुल गांधी ने उनके नाम का उल्लेख किया, कांग्रेस के एक सांसद ने उस मॉडल का पोस्टर लहराना शुरू कर दिया, जिसके बाद सदन में हंगामा मच गया।
नई दिल्ली: भारत की संसद में उस समय हंगामा मच गया जब लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने अपने भाषण के दौरान एक ब्राजीलियाई महिला लारिसा नेरी का नाम लिया। राहुल गांधी के इस बयान के बाद सदन में तीखी बहस शुरू हो गई और कांग्रेस के एक सांसद द्वारा लारिसा नेरी का पोस्टर लहराने पर स्थिति और अधिक तनावपूर्ण हो गई। लोकसभा स्पीकर ओम बिरला को हस्तक्षेप कर सदन की गरिमा बनाए रखने की सख्त चेतावनी देनी पड़ी।
राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि एक ब्राजीलियाई महिला की तस्वीर हरियाणा की वोटर लिस्ट में कथित तौर पर 22 बार दर्ज है और उसके नाम से 10 अलग-अलग बूथों पर मतदान हुआ है। उन्होंने भाजपा पर आरोप लगाया कि इस तरह की गड़बड़ियां सिर्फ हरियाणा ही नहीं, बल्कि अन्य राज्यों में भी की जा रही हैं। इस बयान के बाद सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच जोरदार बहस देखने को मिली और कार्यवाही कुछ समय के लिए बाधित भी हुई।
इस पूरे घटनाक्रम के बाद देशभर में यह सवाल तेजी से उठने लगा कि आखिर ब्राजील की यह महिला लारिसा नेरी कौन हैं, जिनका नाम भारत की संसद में गूंजा।
कौन हैं लारिसा नेरी?
लारिसा नेरी ब्राजील के दक्षिण-पूर्वी राज्य मिनास गेरैस की रहने वाली हैं। वह पेशे से हेयरड्रेसर हैं और राजधानी बेलो होरिजोंटे में उनका अपना सैलून है। सोशल मीडिया पर उन्हें कई लोग मॉडल के रूप में भी पहचानते हैं, क्योंकि उनकी एक तस्वीर इंटरनेट पर व्यापक रूप से वायरल हुई थी। लारिसा नेरी उस समय अंतरराष्ट्रीय चर्चा में आईं, जब उनकी एक पुरानी तस्वीर भारत की कुछ वोटर आईडी और मतदाता सूची में कथित तौर पर इस्तेमाल की गई। इस तस्वीर को देखकर यह दावा किया गया कि यह एक भारतीय महिला की फोटो है, जबकि वास्तव में यह तस्वीर ब्राजील की नागरिक लारिसा नेरी की थी।

उनकी तस्वीर भारत तक कैसे पहुंची?
इस विवाद पर पहले भी लारिसा नेरी खुद अपनी प्रतिक्रिया दे चुकी हैं। उन्होंने एक इंस्टाग्राम वीडियो के जरिए बताया कि उनकी जिस तस्वीर का भारत में कथित रूप से गलत इस्तेमाल हुआ, वह मूल रूप से वर्ष 2017 में ली गई थी। यह फोटो ब्राजील के फोटोग्राफर मैथियस फेरेरो ने खींची थी और बाद में इसे “Unsplash” नामक रॉयल्टी-फ्री फोटो वेबसाइट पर अपलोड किया गया था।
Unsplash जैसी वेबसाइट पर उपलब्ध तस्वीरें आम लोगों के उपयोग के लिए मुफ्त होती हैं, जिन्हें किसी भी व्यक्ति द्वारा विभिन्न उद्देश्यों के लिए इस्तेमाल किया जा सकता है। हालांकि, यह तस्वीर बाद में गलत तरीके से मतदाता पहचान पत्र और वोटर लिस्ट में उपयोग होने के आरोपों के कारण विवादों में आ गई। विवाद के बाद फोटोग्राफर ने अपनी प्रोफाइल से वह तस्वीर हटा दी।
लारिसा नेरी ने क्या कहा?
लारिसा नेरी ने इस पूरे मामले पर हैरानी और नाराजगी जताई थी। उन्होंने अपने वीडियो में स्पष्ट शब्दों में कहा था कि यह तस्वीर तब ली गई थी जब वह मात्र 18 या 20 साल की थीं। उन्होंने कहा,
'दोस्तों, वे मेरी एक पुरानी तस्वीर का इस्तेमाल कर रहे हैं। यह भारत में किसी चुनाव या मतदान से जुड़ा हुआ है, मुझे ठीक से नहीं पता। लेकिन यह बेहद अजीब है कि मुझे एक भारतीय महिला के रूप में दिखाया जा रहा है। यह पूरी तरह से पागलपन है।'
उन्होंने यह भी कहा था कि उन्हें इस बात से गहरा झटका लगा कि उनकी निजी तस्वीर का इस तरह राजनीतिक और प्रशासनिक दस्तावेजों में कथित रूप से गलत इस्तेमाल किया गया।
संसद में क्यों मचा हंगामा?
राहुल गांधी द्वारा लारिसा नेरी का जिक्र करने के बाद कांग्रेस सांसदों ने इस मुद्दे को वोटर लिस्ट में कथित गड़बड़ी का बड़ा उदाहरण बताया। वहीं, भाजपा ने इन आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए इसे विपक्ष का ध्यान भटकाने वाला बयान बताया। कांग्रेस सांसद द्वारा सदन में पोस्टर लहराने के बाद स्थिति और बिगड़ गई, जिस पर स्पीकर ओम बिरला को सख्ती दिखानी पड़ी। स्पीकर ने साफ कहा कि संसद की गरिमा बनाए रखना सभी सदस्यों की जिम्मेदारी है और इस तरह के प्रदर्शन से संसदीय मर्यादा को ठेस पहुंचती है।











