ऑस्ट्रेलिया और इंग्लैंड के बीच एशेज सीरीज का दूसरा टेस्ट ब्रिस्बेन के गाबा मैदान पर पिंक बॉल से खेला जा रहा है और इस मुकाबले में मार्नस लाबुशेन ने इतिहास रच दिया है। लाबुशेन ने पिंक-बॉल टेस्ट में 1000 रन का आंकड़ा पार करने वाले दुनिया के पहले बल्लेबाज बनने का गौरव हासिल किया है।
स्पोर्ट्स न्यूज़: ब्रिस्बेन के गाबा स्टेडियम में ऑस्ट्रेलिया और इंग्लैंड के बीच एशेज 2025-26 टेस्ट सीरीज का दूसरा मुकाबला पिंक बॉल से खेला जा रहा है। इंग्लैंड की टीम ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया था, लेकिन दूसरे दिन की शुरुआत के साथ उनकी पहली पारी 334 रनों पर सिमट गई। इसके बाद ऑस्ट्रेलिया ने अपनी पहली पारी में बेहतर प्रदर्शन किया, जिसमें मार्नश लाबुशेन ने डे-नाइट टेस्ट में एक बड़ी उपलब्धि हासिल की।
गाबा टेस्ट की पारी में शानदार शुरुआत
मैच के दूसरे दिन ऑस्ट्रेलिया ने इंग्लैंड की पारी को 334 रनों पर समेटा, जिसमें जो रूट ने 138 रनों की नाबाद पारी खेली। जवाब में ऑस्ट्रेलिया ने तेज शुरुआत की। ट्रेविस हेड और जैक वेदराल्ड ने पहले तीन ओवर मेडन खेलकर इंग्लैंड के गेंदबाजों को तगड़ा संदेश दिया। इसी बीच मार्नस लाबुशेन ने अपनी पारी में धमाल मचाया।
लाबुशेन ने 78 गेंदों पर 65 रन बनाए, जिसमें 9 चौके और एक छक्का शामिल था। उनकी यह पारी न केवल टीम को मजबूत स्थिति में ले गई बल्कि पिंक-बॉल टेस्ट इतिहास में उनके नाम एक नया अध्याय भी जोड़ दिया।

लंबे समय के संघर्ष के बाद लाबुशेन की वापसी, पिंक-बॉल टेस्ट में 1000 रन का कीर्तिमान
मार्नस लाबुशेन पिछले कुछ समय से फॉर्म के झूलों से जूझ रहे थे। 2023 के बाद उनका शतक नहीं आया और एशेज सीरीज से पहले लगातार 7 पारियों में 30 से अधिक रन नहीं बना पाए थे। हालांकि पर्थ टेस्ट की दूसरी पारी में उन्होंने नाबाद फिफ्टी लगाकर टीम को जीत दिलाने में अहम भूमिका निभाई। अब ब्रिस्बेन टेस्ट में भी उन्होंने अपनी शानदार वापसी दिखाई।
लाबुशेन ने डे-नाइट टेस्ट में 1000 रन पूरे करने वाले पहले बल्लेबाज बनने का इतिहास रच दिया। उन्होंने 2019 में अपना पहला डे-नाइट टेस्ट खेला था। 10वें मैच की 16वीं पारी में उन्होंने यह उपलब्धि हासिल की। उनका डे-नाइट टेस्ट का औसत 63.93 है। अब तक उन्होंने 1023 रन बनाए, जिसमें 4 शतक और 5 फिफ्टी शामिल हैं। पिंक-बॉल टेस्ट में बैटिंग करना चुनौतीपूर्ण माना जाता है क्योंकि शाम के समय गेंदबाजों को मदद मिलती है और बल्लेबाजी कठिन होती है।








