भारतीय ऑटोमोबाइल सेक्टर की दिग्गज कंपनी Mahindra & Mahindra ने वित्त वर्ष 2025-26 की चौथी तिमाही (Q4 FY26) के शानदार नतीजे जारी किए हैं। कंपनी के मजबूत प्रदर्शन ने निवेशकों को खुश कर दिया है, वहीं शेयरधारकों के लिए 33 रुपये प्रति शेयर के डिविडेंड की सिफारिश भी की गई है।
बिजनेस न्यूज़: Mahindra & Mahindra ने वित्त वर्ष 2025-26 की चौथी तिमाही के मजबूत नतीजे जारी किए हैं। कंपनी ने BSE Sensex को दी गई जानकारी में बताया कि इस तिमाही में उसका शुद्ध लाभ 48.5% बढ़कर 5,259.91 करोड़ रुपये हो गया है, जबकि पिछले वित्त वर्ष की समान तिमाही में यह 3,541.85 करोड़ रुपये था।
पूरे वित्त वर्ष 2025-26 के दौरान कंपनी का कुल शुद्ध लाभ भी 32.32% की बढ़ोतरी के साथ 18,621.71 करोड़ रुपये तक पहुंच गया, जो वित्त वर्ष 2024-25 में 14,073.17 करोड़ रुपये था।
Q4 में मुनाफे में 48.5% की जोरदार बढ़त
महिंद्रा एंड महिंद्रा ने बताया कि जनवरी–मार्च 2026 तिमाही में उसका शुद्ध लाभ बढ़कर 5,259.91 करोड़ रुपये हो गया, जो पिछले साल इसी अवधि में 3,541.85 करोड़ रुपये था। यानी सालाना आधार पर 48.5 प्रतिशत की मजबूत वृद्धि दर्ज की गई। कंपनी का परिचालन प्रदर्शन भी बेहतर रहा। Q4 में कुल परिचालन आय 54,891.55 करोड़ रुपये रही, जबकि पिछले वित्त वर्ष की समान अवधि में यह 42,585.67 करोड़ रुपये थी।
पूरे वित्त वर्ष 2025-26 में कंपनी का प्रदर्शन लगातार मजबूत बना रहा। वार्षिक शुद्ध लाभ 32.32 प्रतिशत बढ़कर 18,621.71 करोड़ रुपये हो गया, जो पिछले वर्ष 14,073.17 करोड़ रुपये था। राजस्व में भी बड़ी छलांग देखने को मिली। कंपनी का कुल राजस्व 1,58,749.75 करोड़ रुपये से बढ़कर 1,97,792.78 करोड़ रुपये पहुंच गया। यह बढ़ोतरी घरेलू मांग, SUV सेगमेंट में मजबूती और ट्रैक्टर कारोबार की स्थिर ग्रोथ का नतीजा मानी जा रही है।

खर्च बढ़ा, लेकिन मार्जिन पर दबाव नहीं
कंपनी का कुल खर्च भी इस अवधि में बढ़ा। यह 39,113.61 करोड़ रुपये से बढ़कर 49,615.48 करोड़ रुपये हो गया। हालांकि, मजबूत बिक्री और बेहतर प्रोडक्ट मिक्स के चलते लाभ पर इसका कोई बड़ा नकारात्मक असर नहीं पड़ा। विश्लेषकों के अनुसार, कंपनी ने लागत नियंत्रण और उच्च मार्जिन वाले सेगमेंट पर फोकस करके अपनी लाभप्रदता बनाए रखी है।
कंपनी के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स ने वित्त वर्ष 2025-26 के लिए प्रति शेयर 5 रुपये फेस वैल्यू पर 33 रुपये का फाइनल डिविडेंड देने की सिफारिश की है। इसके लिए रिकॉर्ड डेट 3 जुलाई 2026 तय की गई है। AGM में मंजूरी मिलने के बाद 30 जुलाई के बाद डिविडेंड का भुगतान निवेशकों के बैंक खातों में किया जाएगा।








