सोमवार को आईटी शेयरों में शानदार तेजी देखने को मिली, लेकिन इसके बावजूद भारतीय शेयर बाजार गिरावट के साथ लाल निशान में बंद हुआ। हफ्ते के तीसरे कारोबारी सत्र में सेंसेक्स 0.34 फीसदी टूटकर बंद हुआ, जबकि निफ्टी में 0.44 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई।
बिजनेस न्यूज़: भारतीय शेयर बाजार में बुधवार को उतार-चढ़ाव देखने को मिला। आईटी सेक्टर के शेयरों में अच्छी खरीदारी के बावजूद प्रमुख बेंचमार्क इंडेक्स गिरावट के साथ बंद हुए। बीएसई सेंसेक्स और एनएसई निफ्टी पर वित्तीय तथा अन्य प्रमुख कंपनियों के शेयरों में बिकवाली का दबाव देखने को मिला। इन्फोसिस, टेक महिंद्रा और टीसीएस जैसे आईटी शेयरों ने बाजार को सहारा देने की कोशिश की, लेकिन व्यापक कमजोरी के कारण दोनों प्रमुख इंडेक्स लाल निशान में रहे।
कारोबार के अंत में सेंसेक्स 251.89 अंक यानी 0.34 प्रतिशत गिरकर 72,781.89 पर बंद हुआ। वहीं, निफ्टी 50 में 99.25 अंकों यानी 0.44 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई और यह 22,622.70 के स्तर पर बंद हुआ। पिछले कारोबारी सत्र में बाजार में अच्छी तेजी देखने को मिली थी, लेकिन बुधवार को निवेशकों का रुझान मिला-जुला रहा।
Sensex और Nifty में कितनी गिरावट आई?
बुधवार के कारोबार में सेंसेक्स और निफ्टी दोनों पर दबाव बना रहा। आईटी कंपनियों के शेयरों में तेजी के बावजूद बैंकिंग, वित्तीय सेवाओं और कुछ अन्य प्रमुख क्षेत्रों में बिकवाली ने बाजार की बढ़त सीमित कर दी। बीएसई सेंसेक्स की 30 कंपनियों में से 11 के शेयर बढ़त के साथ बंद हुए, जबकि 19 में गिरावट दर्ज की गई। इसी तरह, निफ्टी 50 की 50 कंपनियों में से 16 के शेयर हरे निशान में रहे और 34 शेयर गिरावट के साथ बंद हुए।
यह रुझान दर्शाता है कि चुनिंदा कंपनियों में खरीदारी के बावजूद बाजार में व्यापक स्तर पर मजबूती नहीं रही। हालांकि, केवल एक कारोबारी सत्र के आधार पर बाजार की आगे की दिशा का अनुमान लगाना उचित नहीं होगा।
Infosys के शेयरों में सबसे ज्यादा तेजी

आईटी सेक्टर बुधवार को बाजार के प्रमुख आकर्षणों में शामिल रहा। सेंसेक्स की कंपनियों में इन्फोसिस का शेयर 2.51 प्रतिशत की बढ़त के साथ सबसे अच्छा प्रदर्शन करने वालों में शीर्ष पर रहा। अन्य प्रमुख आईटी कंपनियों में टेक महिंद्रा के शेयर 2.20 प्रतिशत और टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) के शेयर 1.54 प्रतिशत की तेजी के साथ बंद हुए। एचसीएल टेक्नोलॉजीज में भी 0.61 प्रतिशत की बढ़त दर्ज की गई।
आईटी कंपनियों में खरीदारी ने संकेत दिया कि बाजार में गिरावट के बावजूद कुछ क्षेत्रों में निवेशकों की दिलचस्पी बनी हुई थी। हालांकि, इस तेजी के पीछे किसी विशेष कारण की पुष्टि के लिए संबंधित कंपनियों की घोषणाओं और बाजार से जुड़ी अन्य जानकारियों का विश्लेषण जरूरी है।
इन शेयरों में भी दिखी बढ़त
आईटी कंपनियों के अलावा कुछ अन्य प्रमुख शेयरों में भी तेजी देखने को मिली। हिंदुस्तान यूनिलीवर के शेयर 1.15 प्रतिशत चढ़े, जबकि एनटीपीसी में 0.87 प्रतिशत की बढ़त दर्ज की गई। रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयर 0.79 प्रतिशत, भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड (BEL) के शेयर 0.58 प्रतिशत और अल्ट्राटेक सीमेंट के शेयर 0.33 प्रतिशत ऊपर बंद हुए।
आईटीसी में 0.08 प्रतिशत और कोटक महिंद्रा बैंक में 0.02 प्रतिशत की मामूली तेजी रही। इन कंपनियों में बढ़त के बावजूद सेंसेक्स और निफ्टी को गिरावट से बचाने के लिए पर्याप्त समर्थन नहीं मिल पाया।
Bajaj Finance और M&M में बिकवाली
दूसरी ओर, वित्तीय क्षेत्र और कुछ अन्य प्रमुख कंपनियों के शेयरों में गिरावट दर्ज की गई। सेंसेक्स की कंपनियों में बजाज फाइनेंस का शेयर 2.55 प्रतिशत टूटकर सबसे कमजोर प्रदर्शन करने वालों में शामिल रहा। महिंद्रा एंड महिंद्रा के शेयर 2.24 प्रतिशत और बजाज फिनसर्व के शेयर 1.99 प्रतिशत नीचे बंद हुए। एटरनल में 1.68 प्रतिशत, आईसीआईसीआई बैंक में 1.54 प्रतिशत और इंडिगो में 1.50 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई।
इसके अलावा, सन फार्मा के शेयर 1.14 प्रतिशत, एलएंडटी के शेयर 1.06 प्रतिशत और अडाणी पोर्ट्स के शेयर 0.96 प्रतिशत नीचे बंद हुए। टाइटन, ट्रेंट, एशियन पेंट्स और एचडीएफसी बैंक में भी कमजोरी रही। मारुति सुजुकी, भारती एयरटेल, एक्सिस बैंक, पावर ग्रिड, टाटा स्टील और एसबीआई के शेयर भी मामूली गिरावट के साथ बंद हुए।









