राजस्थान में एक बार फिर मौसम का मिजाज अचानक बदल गया है। पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) के सक्रिय होने से राज्य के कई हिस्सों में बारिश, ओलावृष्टि और घने बादलों का दौर देखने को मिल रहा है।
जयपुर: राजस्थान के अधिकांश हिस्सों में मौसम का मिजाज अचानक बदल गया है। पश्चिमी विक्षोभ (वेस्टर्न डिस्टर्बेंस) के असर से राज्य के करीब डेढ़ दर्जन जिलों में रिमझिम बारिश हो रही है। इस बदलाव के चलते तापमान में गिरावट दर्ज की गई है और ठंड बढ़ गई है। सीकर जिले में बारिश के साथ ओले भी गिरे हैं, जिससे लोगों को कड़ाके की ठंड का सामना करना पड़ा।
वहीं, राजधानी जयपुर में सुबह करीब 6 बजे हल्की फुहारें पड़ीं। फिलहाल जयपुर में बारिश नहीं हो रही है, लेकिन आसमान में बादल छाए हुए हैं और मौसम ठंडा बना हुआ है।
कई जिलों में बारिश, सीकर में ओले गिरे
राज्य के करीब 15 से 18 जिलों में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई है। खासतौर पर सीकर जिले में बारिश के साथ ओलावृष्टि भी हुई, जिससे तापमान में अचानक गिरावट आई। ओले गिरने के कारण खुले में मौजूद फसल और जनजीवन प्रभावित हुआ है। स्थानीय लोगों के अनुसार ठंडी हवाओं के साथ ओले गिरने से सर्दी का असर काफी बढ़ गया है।
राजधानी जयपुर में भी बुधवार सुबह करीब 6 बजे हल्की बारिश हुई। हालांकि बाद में बारिश थम गई, लेकिन पूरे दिन आसमान में बादल छाए रहे और ठंडी हवाएं चलती रहीं। इससे शहर का अधिकतम और न्यूनतम तापमान सामान्य से नीचे चला गया।

जैसलमेर और पश्चिमी राजस्थान में ओस जमी
पश्चिमी राजस्थान के इलाकों, खासकर जैसलमेर और आसपास के क्षेत्रों में सुबह के समय भारी ओस देखने को मिली। कई स्थानों पर ओस की बूंदें जमकर बर्फ जैसी परत का रूप लेती नजर आईं। खेतों, वाहनों और खुले मैदानों में सफेद परत दिखाई दी, जिससे ग्रामीण इलाकों में कड़ाके की ठंड महसूस की गई। मौसम में आए इस बदलाव के बाद राज्य के अधिकांश हिस्सों में न्यूनतम तापमान में 2 से 4 डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट दर्ज की गई है।
ठंडी हवाओं और नमी के कारण ठंड का असर ज्यादा महसूस किया जा रहा है। लोग सुबह और देर रात के समय घरों से निकलने में परहेज कर रहे हैं और गर्म कपड़ों का सहारा ले रहे हैं। मौसम विभाग ने अगले दो दिनों के लिए राजस्थान के 27 जिलों में ऑरेंज और येलो अलर्ट जारी किया है। इन जिलों में कहीं घना कोहरा तो कहीं शीतलहर चलने की संभावना जताई गई है। खासतौर पर उत्तर और पूर्वी राजस्थान के इलाकों में सुबह के समय दृश्यता कम रहने की चेतावनी दी गई है।
घना कोहरा और शीतलहर का खतरा
मौसम विभाग के अनुसार, बारिश के बाद वातावरण में नमी बढ़ गई है, जिससे घना कोहरा छाने की संभावना है। इससे सड़क और रेल यातायात प्रभावित हो सकता है। शीतलहर के चलते बुजुर्गों, बच्चों और बीमार लोगों को अतिरिक्त सावधानी बरतने की जरूरत है। मौसम विभाग ने किसानों को सलाह दी है कि वे मौसम की स्थिति को देखते हुए फसलों की सुरक्षा के लिए आवश्यक कदम उठाएं।
ओलावृष्टि से प्रभावित इलाकों में फसलों को नुकसान की आशंका जताई गई है। वहीं, सुबह और रात के समय यात्रा करने वालों को सावधानी बरतने, वाहन धीमी गति से चलाने और कोहरे में लाइट का सही उपयोग करने की सलाह दी गई है।












