लगातार सात कारोबारी सत्रों की गिरावट के बाद गुरुवार, 20 अगस्त को भारतीय शेयर बाजार में आखिरकार रौनक लौट आई। बाजार में जोरदार खरीदारी के चलते सेंसेक्स और निफ्टी दोनों बढ़त के साथ बंद हुए।
बिजनेस न्यूज़: भारतीय शेयर बाजार ने लगातार सात कारोबारी सत्रों की गिरावट का सिलसिला गुरुवार को तोड़ दिया। वैश्विक बाजारों में सकारात्मक रुख, अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में नरमी और IT तथा वित्तीय शेयरों में खरीदारी से निवेशकों का भरोसा लौटा। दिन के अंत में BSE Sensex 628.04 अंक यानी 0.82 फीसदी की बढ़त के साथ 77,537.72 पर बंद हुआ। वहीं NSE Nifty 50 153.55 अंक यानी 0.64 फीसदी चढ़कर 24,231.85 पर पहुंच गया।
कारोबार के दौरान निफ्टी ने 24,265.15 का ऊपरी स्तर भी छुआ। शुरुआत में कुछ मुनाफावसूली के चलते बाजार की तेजी थोड़ी धीमी हुई, लेकिन बाद में व्यापक खरीदारी ने प्रमुख सूचकांकों को मजबूती दी। Reuters के मुताबिक, 16 प्रमुख सेक्टरों में से 14 बढ़त के साथ बंद हुए, जिससे बाजार में तेजी का दायरा काफी व्यापक रहा।
वैश्विक संकेतों से मिला बाजार को सहारा
भारतीय बाजार की तेजी को वैश्विक बॉन्ड बाजार में आई राहत से भी समर्थन मिला। अमेरिकी ट्रेजरी ने लंबी अवधि के सरकारी बॉन्ड की बायबैक गतिविधियों को बढ़ाने की घोषणा की, जिससे लंबी अवधि की यील्ड में नरमी आई और जोखिम वाली एसेट्स को कुछ राहत मिली। वैश्विक शेयर बाजारों में सुधार का असर भारतीय इक्विटी पर भी दिखाई दिया।
इससे पहले लगातार सात सत्रों की गिरावट के दौरान निफ्टी करीब 2.1 फीसदी फिसल चुका था। बुधवार को इंडेक्स 24,078.30 पर बंद हुआ था, जबकि सेंसेक्स 76,909.68 पर आ गया था।
IT और वित्तीय शेयरों में खरीदारी
गुरुवार की तेजी में IT और वित्तीय शेयरों की अहम भूमिका रही। Reuters के अनुसार, Nifty IT करीब 0.8 फीसदी और वित्तीय क्षेत्र का इंडेक्स करीब 0.7 फीसदी ऊपर रहा। निवेशकों ने बैंकिंग और अन्य वित्तीय शेयरों में भी खरीदारी की, जिससे बाजार की रिकवरी मजबूत हुई। निफ्टी के प्रमुख गेनर्स में Eternal, Kotak Mahindra Bank, Bajaj Finance, ITC और Shriram Finance शामिल रहे। दूसरी ओर, Hindalco Industries, Bharat Electronics, Tata Consumer, InterGlobe Aviation और Nestle India जैसे शेयर दबाव में रहे।

Aditya Birla Capital, Autoline और Glenmark में भी तेजी
शेयर-विशेष खबरों की बात करें तो Aditya Birla Capital में करीब 3 फीसदी की तेजी देखने को मिली। कंपनी ने गोल्ड लोन कारोबार में कदम रखने की घोषणा की है। Autoline Industries का शेयर भी मजबूत रहा। कंपनी को Tata Motors Passenger Vehicles से नया बिजनेस ऑर्डर मिलने के बाद स्टॉक करीब 5 फीसदी तक चढ़ा।
दवा कंपनी Glenmark Pharmaceuticals के शेयर में लगभग 3 फीसदी की बढ़त दर्ज की गई। कंपनी को अपने नेजल स्प्रे के लिए अमेरिकी दवा नियामक USFDA से मंजूरी मिलने की खबर का सकारात्मक असर शेयर पर दिखाई दिया। Brigade Enterprises भी चर्चा में रहा और इसका शेयर 6 फीसदी से अधिक चढ़ा। कंपनी ने अमेरिका स्थित HealthEdge के साथ करीब 1.62 लाख वर्ग फुट क्षेत्र के लिए लीज समझौता किया है।
मिडकैप और स्मॉलकैप में भी खरीदारी
तेजी केवल बड़े शेयरों तक सीमित नहीं रही। मिडकैप इंडेक्स करीब 0.4 फीसदी और स्मॉलकैप इंडेक्स करीब 0.7 फीसदी ऊपर बंद हुए। इससे संकेत मिलता है कि गुरुवार की खरीदारी अपेक्षाकृत व्यापक थी और निवेशकों ने चुनिंदा बड़े शेयरों के साथ-साथ मिड और स्मॉलकैप कंपनियों में भी दिलचस्पी दिखाई।हालांकि, विदेशी पूंजी के प्रवाह, ऊंचे कच्चे तेल की कीमतों और भू-राजनीतिक जोखिमों को लेकर बाजार में सतर्कता अभी भी बनी हुई है। Reuters के अनुसार, ऊंचे तेल भाव भारतीय बाजार के लिए प्रमुख जोखिम बने हुए हैं, क्योंकि इससे आयात लागत और महंगाई पर दबाव बढ़ सकता है।
रुपये में भी हल्का सुधार
शेयर बाजार की रिकवरी के साथ भारतीय रुपया भी थोड़ा मजबूत हुआ। डॉलर के मुकाबले रुपया 95.7050 के स्तर पर बंद हुआ, जबकि पिछले सत्र में यह 95.7525 पर था। यानी मुद्रा में मामूली सुधार दर्ज हुआ। कारोबार के दौरान शुरुआती स्तर पर रुपया 95.56 प्रति डॉलर तक मजबूत हुआ था। अमेरिकी डॉलर में कमजोरी और अमेरिकी बॉन्ड बाजार में राहत से भारतीय मुद्रा को कुछ समर्थन मिला।












