28 मार्च 2025 को जम्मू और श्रीनगर में जुम्मा-तुल-विदा के कारण बैंक बंद रहेंगे। अन्य राज्यों में बैंक खुले रहेंगे। जरूरी कामों के लिए यूपीआई और एटीएम का उपयोग करें।
Bank Holiday: देश के कुछ राज्यों में 28 मार्च 2025, शुक्रवार को बैंक बंद रहने वाले हैं। अगर आपका कोई जरूरी बैंकिंग कार्य बाकी है, तो उसे पहले ही निपटा लें। भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने इस संबंध में एक लिस्ट जारी की है, जिसमें उन राज्यों का जिक्र किया गया है, जहां बैंकिंग सेवाएं प्रभावित रहेंगी। हालांकि, देश के अन्य राज्यों में बैंक खुले रहेंगे और ग्राहक वहां सामान्य सेवाओं का लाभ उठा सकेंगे।
किन राज्यों में रहेंगे बैंक बंद?आरबीआई की लिस्ट के मुताबिक, 28 मार्च को जम्मू और श्रीनगर में स्थित सभी सरकारी और निजी बैंक बंद रहेंगे। इसकी वजह जुम्मा-तुल-विदा का त्योहार है, जिसे मुस्लिम समुदाय में रमजान के आखिरी शुक्रवार के रूप में मनाया जाता है। इस दिन लोग विशेष नमाज अदा करते हैं और अल्लाह से रहमत की दुआ मांगते हैं।
अन्य राज्यों में बैंकिंग सेवाएं रहेंगी चालू
जम्मू और श्रीनगर को छोड़कर बाकी राज्यों में बैंकिंग सेवाएं सामान्य रूप से जारी रहेंगी। अगर आप इन दोनों राज्यों से बाहर रहते हैं, तो बैंक से जुड़ी किसी भी सेवा का लाभ उठा सकते हैं।
मार्च में कितने दिन बंद रहेंगे बैंक?
आरबीआई के अनुसार, मार्च 2025 में कुल 14 दिन बैंकिंग सेवाएं बाधित रहेंगी। इसमें सभी रविवार और दूसरे-चौथे शनिवार को भी शामिल किया गया है।
28 मार्च: जम्मू-कश्मीर में जुम्मा-तुल-विदा के कारण बैंक रहेंगे बंद।
30 मार्च: रविवार होने के कारण देशभर में सभी बैंक बंद रहेंगे।
31 मार्च: ईद-उल-फितर के अवसर पर देश के कई राज्यों में बैंक नहीं खुलेंगे। हालांकि, हिमाचल प्रदेश में बैंकिंग सेवाएं जारी रहेंगी।
बैंक बंद होने पर कैसे करें जरूरी काम?
अगर आपके राज्य में बैंक हॉलिडे है, तो भी आप डिजिटल बैंकिंग का इस्तेमाल करके कई जरूरी काम कर सकते हैं।
यूपीआई और ऑनलाइन बैंकिंग: यूपीआई और इंटरनेट बैंकिंग के जरिए पैसे ट्रांसफर कर सकते हैं। हालांकि, यूपीआई के तहत एक दिन में अधिकतम 20 ट्रांजेक्शन की अनुमति होती है और इसकी सीमा 1 लाख रुपये तक होती है।
एटीएम सेवा: कैश निकालने के लिए नजदीकी एटीएम का उपयोग कर सकते हैं।
ऑनलाइन सेवाएं: बैंक बंद होने के बावजूद, मोबाइल बैंकिंग ऐप के जरिए कई सुविधाओं का लाभ लिया जा सकता है, जैसे बिल पेमेंट, फंड ट्रांसफर, और बैलेंस चेक।