बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना और 72 अन्य पर गृह युद्ध भड़काने की साजिश रचने का आरोप। CID ने मामला दर्ज कर 577 लोगों की बैठक की जांच शुरू की।
Bangladesh: बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना पर एक और आरोप सामने आया है। ढाका के मुख्य मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट की अदालत में पुलिस ने उनके खिलाफ मामला दर्ज कराया है, जिसमें शेख हसीना समेत 72 अन्य लोगों को आरोपी बनाया गया है। इन पर आरोप है कि उन्होंने बांग्लादेश में गृह युद्ध भड़काने और मोहम्मद यूनुस की अंतरिम सरकार को उखाड़ फेंकने की साजिश रची थी।
जॉय बांग्ला ब्रिगेड का आरोप
पुलिस अधिकारी के अनुसार, बांग्लादेश के आपराधिक जांच विभाग (CID) ने अंतरिम सरकार को गिराने की साजिश के आरोप में ढाका की अदालत के आदेश पर मामला दर्ज किया। यह मामला 19 दिसंबर 2024 को हुई एक ऑनलाइन बैठक के बाद दर्ज हुआ, जिसमें आरोप है कि बैठक में शामिल लोगों ने 'जॉय बांग्ला ब्रिगेड' नामक एक मंच बनाया था, जो गृह युद्ध भड़काने और शेख हसीना को पुनः सत्ता में लाने का प्लान बना रहा था।
बैठक में शामिल हुए 577 लोग
पुलिस ने जानकारी दी कि इस बैठक में बांग्लादेश और विदेश से कुल 577 लोग शामिल हुए थे। यह बैठक अवामी लीग के अमेरिकी चैप्टर के उपाध्यक्ष आलम ने बुलाई थी। आलम को मामले में दूसरा आरोपी बनाया गया है। इस बैठक में यह फैसला लिया गया कि वे शेख हसीना के आदेशों का पालन करेंगे और किसी भी कीमत पर वैध सरकार को शांतिपूर्वक काम करने नहीं देंगे।
शेख हसीना के खिलाफ दर्ज मामलों की बढ़ती संख्या
यह पहली बार नहीं है कि शेख हसीना के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। पिछले साल बांग्लादेश में छात्रों के हिंसक आंदोलन के बाद शेख हसीना को देश छोड़ना पड़ा था। तब से वे भारत में शरण ले चुकी हैं।
उनकी सत्ता से बेदखल होने के बाद 100 से अधिक मामलों में उनकी भूमिका के बारे में आरोप लगाए गए हैं, जिनमें सामूहिक हत्या और भ्रष्टाचार जैसे गंभीर आरोप शामिल हैं। इन मामलों में कई अवामी लीग नेताओं पर भी आरोप लगाए गए हैं, जिनमें से कुछ नेता विदेशों में शरण लिए हुए हैं। शेख हसीना के सत्ता से हटने के बाद, मोहम्मद यूनुस ने अंतरिम सरकार की कमान संभाली थी।