कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में इंग्लैंड ने पुरुष 3x3 और महिला व्हीलचेयर 3x3 बास्केटबॉल में स्वर्ण पदक जीतकर शानदार प्रदर्शन किया। वहीं ऑस्ट्रेलिया ने महिला 3x3 और पुरुष व्हीलचेयर वर्ग में गोल्ड हासिल किया, जबकि स्कॉटलैंड ने सिल्वर और ब्रॉन्ज अपने नाम किए।
CWG 2026: कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में इंग्लैंड ने 3x3 बास्केटबॉल प्रतियोगिता में शानदार प्रदर्शन करते हुए दो स्वर्ण पदक अपने नाम किए। पुरुष टीम ने लगातार दूसरी बार कॉमनवेल्थ चैंपियन बनने का गौरव हासिल किया, जबकि महिला व्हीलचेयर 3x3 टीम ने भी बेहतरीन खेल दिखाते हुए स्वर्ण पदक जीत लिया। ग्लासगो में खेले गए फाइनल मुकाबलों में इंग्लैंड ने दबाव के क्षणों में संयम बनाए रखा और टीमवर्क के दम पर खिताबी सफलता हासिल की।
दूसरी ओर, ऑस्ट्रेलिया ने भी शानदार प्रदर्शन करते हुए पुरुष व्हीलचेयर 3x3 और महिला 3x3 वर्ग में स्वर्ण पदक जीते। मेजबान स्कॉटलैंड ने महिला व्हीलचेयर वर्ग में रजत और पुरुष 3x3 वर्ग में कांस्य पदक हासिल कर घरेलू दर्शकों को खुशी का मौका दिया।
पुरुष 3x3 फाइनल में इंग्लैंड ने ऑस्ट्रेलिया को फिर हराया
पुरुष 3x3 बास्केटबॉल फाइनल में इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया आमने-सामने थे। यह मुकाबला 2022 कॉमनवेल्थ गेम्स के फाइनल की पुनरावृत्ति था। एक बार फिर इंग्लैंड ने शानदार प्रदर्शन करते हुए ऑस्ट्रेलिया को 19-17 से हराकर लगातार दूसरी बार स्वर्ण पदक जीत लिया। पूरे मुकाबले में दोनों टीमों के बीच कड़ी टक्कर देखने को मिली। अधिकांश समय स्कोर बेहद करीबी रहा और किसी भी टीम को बड़ी बढ़त नहीं मिली।
अंतिम क्षणों में जमेल एंडरसन और ड्वेन लॉटियर-ओगुनलेये ने महत्वपूर्ण अंक जुटाकर इंग्लैंड को निर्णायक बढ़त दिलाई। ड्वेन लॉटियर-ओगुनलेये ने फाइनल में इंग्लैंड के लिए सर्वाधिक सात अंक बनाए, जबकि अनुभवी खिलाड़ी जमेल एंडरसन ने भी दबाव में बेहतरीन प्रदर्शन किया। इस जीत के साथ इंग्लैंड ने यह साबित कर दिया कि वह 3x3 बास्केटबॉल में कॉमनवेल्थ की सबसे मजबूत टीमों में शामिल है।
एशले हैमिल्टन के लिए यादगार रहा पहला कॉमनवेल्थ गेम्स
इंग्लैंड की पुरुष टीम के अनुभवी खिलाड़ी एशले हैमिल्टन के लिए यह जीत बेहद खास रही। 37 वर्षीय हैमिल्टन पहली बार कॉमनवेल्थ गेम्स में हिस्सा ले रहे थे। वह 2018 और 2022 के संस्करण में टीम का हिस्सा नहीं बन सके थे, लेकिन इस बार उन्होंने अपने अनुभव से टीम को मजबूती दी। अपने पहले ही कॉमनवेल्थ गेम्स में स्वर्ण पदक जीतना उनके लंबे करियर की बड़ी उपलब्धियों में शामिल हो गया।
महिला व्हीलचेयर टीम ने स्कॉटलैंड को हराकर जीता गोल्ड
महिला व्हीलचेयर 3x3 बास्केटबॉल फाइनल में इंग्लैंड का मुकाबला मेजबान स्कॉटलैंड से हुआ। घरेलू दर्शकों के समर्थन के बावजूद स्कॉटलैंड इंग्लैंड की मजबूत रणनीति के सामने टिक नहीं सका। शार्लोट मूर, लूसी रॉबिन्सन, जॉय हैज़लडेन और जेड एटकिन की इंग्लैंड टीम ने फाइनल में 18-10 की प्रभावशाली जीत दर्ज कर स्वर्ण पदक अपने नाम किया। इससे पहले सेमीफाइनल में भी इंग्लैंड ने कनाडा को इसी अंतर से 18-10 से हराकर फाइनल में जगह बनाई थी।

टीम ने पूरे टूर्नामेंट में लगातार संतुलित और आक्रामक खेल का प्रदर्शन किया। यह सफलता इंग्लैंड के लिए इसलिए भी खास रही क्योंकि 2022 कॉमनवेल्थ गेम्स में यही टीम कांस्य पदक जीतने में सफल रही थी। इस बार उसने अपने प्रदर्शन में सुधार करते हुए स्वर्ण पदक हासिल कर लिया।
पुरुष व्हीलचेयर टीम को ऑस्ट्रेलिया से मिली हार
पुरुष व्हीलचेयर 3x3 बास्केटबॉल फाइनल में इंग्लैंड को ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 19-13 से हार का सामना करना पड़ा। ऑस्ट्रेलियाई टीम ने अपने खिताब का सफल बचाव करते हुए लगातार दूसरा स्वर्ण पदक जीत लिया। इंग्लैंड के लिए ऑस्कर नाइट ने सर्वाधिक छह अंक बनाए। थॉमस हार्वे ने चार अंक जोड़े, जबकि पीटर क्यूसैक और जेम्स हैज़ेल ने भी टीम के लिए योगदान दिया। हालांकि ऑस्ट्रेलिया की मजबूत रक्षा और तेज आक्रमण के सामने इंग्लैंड वापसी नहीं कर सका और उसे रजत पदक से संतोष करना पड़ा।
महिला 3x3 वर्ग में ऑस्ट्रेलिया की बादशाहत
महिला 3x3 बास्केटबॉल के फाइनल में ऑस्ट्रेलिया ने युगांडा को 21-11 से हराकर स्वर्ण पदक जीत लिया। ऑस्ट्रेलियाई टीम ने पूरे मुकाबले में शानदार नियंत्रण बनाए रखा और युगांडा को वापसी का मौका नहीं दिया। इस जीत के साथ ऑस्ट्रेलिया ने 3x3 बास्केटबॉल प्रतियोगिता का समापन स्वर्ण पदक के साथ किया और अपनी मजबूत बास्केटबॉल परंपरा को एक बार फिर साबित किया।
स्कॉटलैंड ने घरेलू सरजमीं पर जीते दो पदक
मेजबान स्कॉटलैंड के लिए भी यह प्रतियोगिता सफल रही। महिला व्हीलचेयर 3x3 टीम ने रजत पदक जीता, जबकि पुरुष 3x3 टीम ने कांस्य पदक अपने नाम किया। हालांकि पुरुष व्हीलचेयर टीम कांस्य पदक मुकाबले में कनाडा से हार गई, लेकिन कुल मिलाकर स्कॉटलैंड ने घरेलू दर्शकों के सामने यादगार प्रदर्शन किया।
3x3 बास्केटबॉल की बढ़ती लोकप्रियता
कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 ने एक बार फिर साबित किया कि 3x3 बास्केटबॉल तेजी से लोकप्रिय हो रहा है। तेज गति, छोटे प्रारूप और रोमांचक मुकाबलों के कारण यह खेल दुनिया भर के दर्शकों को आकर्षित कर रहा है। इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया जैसी टीमों के लगातार बेहतर प्रदर्शन से इस खेल का स्तर और प्रतिस्पर्धा दोनों मजबूत हो रहे हैं। वहीं स्कॉटलैंड जैसी टीमों की सफलता से यह संकेत भी मिला है कि भविष्य में और अधिक देश इस खेल में बड़ी चुनौती पेश कर सकते हैं।











