कोटक महिंद्रा एसेट मैनेजमेंट कंपनी ने Kotak Services Fund लॉन्च किया है। यह ओपन-एंडेड फंड सर्विस सेक्टर पर केंद्रित है। न्यूनतम ₹500 SIP से निवेश किया जा सकता है, जो लंबी अवधि में स्थिर ग्रोथ और बेहतर रिटर्न देने का अवसर प्रदान करता है।
Mutual Fund: भारत की अर्थव्यवस्था में सर्विस सेक्टर की भूमिका लगातार मजबूत होती जा रही है। देश की कुल अर्थव्यवस्था यानी GVA (Gross Value Added) में सर्विस सेक्टर का योगदान करीब 55 प्रतिशत है और यह लगभग 31.5 प्रतिशत आबादी को रोजगार देता है। इसी मजबूत आधार को देखते हुए कोटक महिंद्रा एसेट मैनेजमेंट कंपनी ने एक नया थीम आधारित फंड लॉन्च किया है।
कोटक महिंद्रा एसेट मैनेजमेंट कंपनी ने मंगलवार को Kotak Services Fund लॉन्च करने की घोषणा की। यह एक ओपन-एंडेड इक्विटी स्कीम है, जो पूरी तरह सर्विस सेक्टर पर केंद्रित रहेगी। इस न्यू फंड ऑफर (NFO) के जरिए निवेशकों को भारत के सबसे बड़े ग्रोथ इंजन यानी सर्विस सेक्टर में निवेश का सीधा अवसर मिलेगा।
NFO की टाइमलाइन
Kotak Services Fund का NFO 4 फरवरी 2026 से खुलेगा और 18 फरवरी 2026 को बंद होगा। निवेशक इस दौरान एकमुश्त निवेश या SIP के जरिए फंड में पैसा लगा सकते हैं।
इस फंड में न्यूनतम एकमुश्त निवेश ₹1,000 रखा गया है। वहीं SIP की शुरुआत सिर्फ ₹500 से की जा सकती है, जिससे छोटे निवेशकों के लिए भी यह स्कीम सुलभ बन जाती है।
Kotak Services Fund की मुख्य डिटेल
फंड का नाम कोटक सर्विसेज फंड है। यह ओपन-एंडेड इक्विटी स्कीम कैटेगरी में आता है। इसका बेंचमार्क Nifty Services Sector TRI रखा गया है। फंड का रिस्क लेवल बहुत ज्यादा जोखिम यानी Very High Risk कैटेगरी में है, जो यह साफ करता है कि यह स्कीम उन निवेशकों के लिए है जो बाजार के उतार-चढ़ाव को समझते हैं और लंबी अवधि का नजरिया रखते हैं।
फंड मैनेजमेंट की जिम्मेदारी रोहित टंडन और अभिषेक बिसेन के पास होगी। एग्जिट लोड की बात करें तो निवेश के 90 दिन के भीतर पैसे निकालने या फंड स्विच करने पर 0.5 प्रतिशत का चार्ज लगेगा।
क्यों खास है सर्विस सेक्टर पर फोकस
भारत की ग्रोथ स्टोरी में सर्विस सेक्टर रीढ़ की हड्डी की तरह काम करता है। कंज्यूमर सर्विसेज, फाइनेंशियल सर्विसेज, आईटी, टेलीकॉम, हेल्थकेयर, लॉजिस्टिक्स, पावर और ऑयल एंड गैस जैसे सेक्टर तेजी से विस्तार कर रहे हैं।
डिजिटलाइजेशन, बढ़ती आय, शहरीकरण और बदलती लाइफस्टाइल ने सर्विस सेक्टर की मांग को लगातार बढ़ाया है। बैंकिंग और फाइनेंशियल सर्विसेज से लेकर डिजिटल पेमेंट, हेल्थकेयर सेवाओं और डेटा सर्विसेज तक हर जगह ग्रोथ के नए अवसर बन रहे हैं।
Kotak Services Fund का मकसद इन्हीं अवसरों की पहचान कर लंबी अवधि में निवेशकों के लिए वैल्यू बनाना है।
फंड की निवेश रणनीति
कोटक सर्विसेज फंड एक सख्त और सोच-समझ कर बनाई गई निवेश रणनीति अपनाएगा। फंड मैनेजमेंट टीम Growth at Reasonable Price यानी उचित कीमत पर ग्रोथ पर फोकस करेगी।
इसके अलावा Bottom-Up BMV Framework अपनाया जाएगा, जिसमें बिजनेस मॉडल, मैनेजमेंट की क्वालिटी और वैल्यूएशन तीनों पर बराबर ध्यान दिया जाएगा। इसका मतलब यह है कि फंड केवल सेक्टर थीम के आधार पर नहीं बल्कि कंपनी की मूल मजबूती को देखकर निवेश करेगा।
इस रणनीति का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि पोर्टफोलियो में शामिल कंपनियां लंबे समय तक मुनाफा बनाए रखने में सक्षम हों और बाजार के उतार-चढ़ाव के बावजूद स्थिर रिटर्न दे सकें।
फंड कहां करेगा निवेश
Kotak Services Fund स्मॉल कैप, मिड कैप और लार्ज कैप तीनों तरह की कंपनियों में निवेश करेगा। खासतौर पर उन कंपनियों पर फोकस रहेगा जिनका कैश फ्लो मजबूत है, जिनका बिजनेस मॉडल स्केलेबल है और जो लंबे समय में वैल्यू क्रिएट करने की क्षमता रखती हैं।
फंड का झुकाव क्वालिटी बिजनेस की ओर रहेगा। ऐसे बिजनेस जो बदलते समय के साथ खुद को ढाल सकते हैं, टेक्नोलॉजी को अपनाते हैं और पूंजी का सही इस्तेमाल करते हैं, उन्हें पोर्टफोलियो में प्राथमिकता मिल सकती है।
फंड मैनेजर की राय
कोटक सर्विसेज फंड के फंड मैनेजर रोहित टंडन का कहना है कि सर्विस सेक्टर में खर्च पर आधारित और एक्सपोर्ट पर आधारित दोनों तरह के बिजनेस शामिल हैं। यही वजह है कि इस सेक्टर में स्थिरता और ग्रोथ दोनों का संतुलन देखने को मिलता है।
उनके अनुसार सर्विस सेक्टर भारत के बाजार में मजबूती और तेजी से बढ़ने की क्षमता का बेहतरीन मेल है। कोटक सर्विसेज फंड में उन कंपनियों पर ज्यादा ध्यान दिया जाएगा जो अपने मुनाफे को बनाए रख सकती हैं, अपने बिजनेस मॉडल को लगातार बेहतर करती हैं और पूंजी का कुशल उपयोग करती हैं।
रोहित टंडन का मानना है कि सही कंपनियों का सोच-समझ कर चयन करने से निवेशकों को लंबे समय में बेहतर रिटर्न मिलने की संभावना रहती है।
मैनेजमेंट का नजरिया
कोटक महिंद्रा एसेट मैनेजमेंट कंपनी लिमिटेड के मैनेजिंग डायरेक्टर निलेश शाह का कहना है कि भारत की सर्विस आधारित अर्थव्यवस्था तेजी से बदलाव के दौर से गुजर रही है।
उनके मुताबिक लोगों की बढ़ती आमदनी, डिजिटल तकनीक का बढ़ता इस्तेमाल और शहरीकरण यह तय कर रहा है कि लोग सेवाओं का इस्तेमाल कैसे करते हैं, खरीदारी और लेन-देन का तरीका कैसे बदल रहा है।
निलेश शाह का कहना है कि Kotak Services Fund के जरिए कंपनी का उद्देश्य ऐसा पोर्टफोलियो बनाना है, जो भारत की सर्विस इकोनॉमी में आने वाले नए अवसरों का फायदा उठा सके और निवेशकों को लंबी अवधि में मजबूत रिटर्न दे सके।










