लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे पर सड़क धंसने की घटना के बाद NHAI ने तीन अधिकारियों पर कार्रवाई की है। प्रोजेक्ट मैनेजर समेत तीन अधिकारियों को दो साल के लिए ब्लैकलिस्ट कर दिया गया है। एक्सप्रेसवे पर मरम्मत कार्य पूरा कर यातायात सामान्य कर दिया गया है।
लखनऊ: Lucknow-Kanpur Expressway पर सड़क धंसने के मामले में NHAI ने सख्त कार्रवाई करते हुए निर्माण और निगरानी से जुड़े तीन अधिकारियों को परियोजना से हटाकर दो वर्षों के लिए ब्लैकलिस्ट कर दिया है। साथ ही प्रभावित हिस्से की मरम्मत पूरी कर एक्सप्रेसवे पर यातायात सामान्य होने की जानकारी दी गई है।
सड़क धंसने के बाद NHAI ने तीन अधिकारियों पर लिया बड़ा फैसला
लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे पर उद्घाटन के कुछ ही दिनों बाद सड़क धंसने की घटना सामने आने के बाद भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) ने बड़ी प्रशासनिक कार्रवाई की है। प्राधिकरण ने निर्माण कार्य और गुणवत्ता की निगरानी से जुड़े तीन अधिकारियों को परियोजना से हटाते हुए अगले दो वर्षों तक किसी भी NHAI परियोजना में भाग लेने से प्रतिबंधित कर दिया है। कार्रवाई की जद में निर्माण कंपनी के प्रोजेक्ट मैनेजर एवं डिप्टी जनरल मैनेजर (हाइवे) विवेक कुमार गुप्ता, स्वतंत्र इंजीनियर के टीम लीडर सुरेंद्र कुमार और रेजिडेंट इंजीनियर यतेंद्र कुमार शामिल हैं।

करीब 4,200 करोड़ रुपये की लागत से बने इस एक्सप्रेसवे का उद्घाटन 13 जुलाई को किया गया था। इसके कुछ दिनों बाद उन्नाव जिले के कोरारी क्षेत्र में सड़क के एक हिस्से के धंसने का वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आया, जिसके बाद मामले ने तेजी से ध्यान आकर्षित किया।
तकनीकी जांच में क्या सामने आया?
NHAI के अनुसार, 26 जुलाई को नियमित रूट पेट्रोलिंग के दौरान संबंधित स्थान पर सड़क की सतह पर स्लिपेज देखा गया था। सूचना मिलते ही प्राधिकरण और निर्माण कंपनी की संयुक्त टीम मौके पर पहुंची और विस्तृत तकनीकी निरीक्षण किया। जांच में पाया गया कि समस्या केवल पुल के डेक स्लैब के ऊपर बनी बिटुमिनस परत तक सीमित थी।
अधिकारियों ने बताया कि लगातार बारिश, भारी यातायात और ज्वाइंट्स से पानी के रिसाव के कारण इस प्रकार की स्लिपेज की स्थिति बन सकती है। निरीक्षण के दौरान पुल की नींव, सब-स्ट्रक्चर और सुपर-स्ट्रक्चर पूरी तरह सुरक्षित पाए गए। जांच में किसी प्रकार की संरचनात्मक क्षति या निर्माण संबंधी गंभीर खामी सामने नहीं आई।
मरम्मत पूरी, यातायात सामान्य रूप से जारी
NHAI ने बताया कि निरीक्षण के तुरंत बाद प्रभावित हिस्से में सुधार कार्य शुरू कर दिया गया था। क्षतिग्रस्त बिटुमिनस परत को हटाकर नई परत बिछाई गई है। इसके साथ ही भविष्य में वर्षा का पानी सड़क के भीतर प्रवेश न करे, इसके लिए ज्वाइंट्स की सीलिंग और जल निकासी व्यवस्था में भी आवश्यक सुधार किए गए हैं।
प्राधिकरण के मुताबिक, सभी मरम्मत कार्य पूरे होने के बाद एक्सप्रेसवे पर यातायात पूरी तरह सुरक्षित और सामान्य रूप से संचालित हो रहा है। हालांकि, घटना के बाद गुणवत्ता नियंत्रण और निगरानी व्यवस्था पर सवाल उठने के कारण NHAI ने जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की है।
इस कार्रवाई को परियोजनाओं में गुणवत्ता और जवाबदेही सुनिश्चित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि भविष्य में भी यदि किसी परियोजना में निर्माण गुणवत्ता या निगरानी में लापरवाही सामने आती है, तो संबंधित अधिकारियों और एजेंसियों के खिलाफ इसी तरह की सख्त कार्रवाई की जाएगी।












