लगातार बढ़ रहे डेटा लीक और ऑनलाइन फ्रॉड के बीच यूजर्स के लिए डिजिटल सुरक्षा बेहद जरूरी हो गई है। VPN, 2FA और सुरक्षित डिवाइस मैनेजमेंट जैसे आसान तरीके अपनाकर पर्सनल डेटा को स्कैमर्स और हैकर्स से काफी हद तक सुरक्षित रखा जा सकता है।
Online Data Protection: इंटरनेट इस्तेमाल करते समय छोटी सी लापरवाही भी आपकी निजी जानकारी को खतरे में डाल सकती है। डेटा लीक, अकाउंट हैकिंग और ऑनलाइन स्कैम के बढ़ते मामलों के बीच डिजिटल सिक्योरिटी पहले से ज्यादा अहम हो गई है। ऐसे में कुछ स्मार्ट साइबर सेफ्टी उपाय अपनाकर आप अपने अकाउंट, डिवाइस और पर्सनल डेटा को गलत हाथों में जाने से बचा सकते हैं।
पुराने डिवाइस बेचने से पहले डेटा पूरी तरह हटाएं
कई लोग पुराने स्मार्टफोन, लैपटॉप या टैबलेट बेचने या फेंकने से पहले उनमें मौजूद डेटा सही तरीके से डिलीट नहीं करते। ऐसे डिवाइस स्कैमर्स के लिए आसान टारगेट बन सकते हैं।

डिवाइस किसी दूसरे को देने से पहले जरूरी है कि सभी अकाउंट से लॉगआउट करें, फैक्टरी रीसेट करें और स्टोरेज को पूरी तरह क्लीन करें। अगर संभव हो तो सर्टिफाइड इलेक्ट्रॉनिक्स रीसाइक्लिंग सेंटर की मदद लें, ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि डिवाइस में कोई निजी जानकारी बची न हो।
VPN और Tracking Control से बढ़ती है ऑनलाइन सुरक्षा
सार्वजनिक Wi-Fi या अनजान नेटवर्क इस्तेमाल करते समय डेटा चोरी का खतरा ज्यादा रहता है। ऐसे में VPN आपके इंटरनेट डेटा को एन्क्रिप्ट करके अतिरिक्त सुरक्षा देता है। इससे आपकी ऑनलाइन एक्टिविटी को बीच में ट्रैक या इंटरसेप्ट करना मुश्किल हो जाता है।
इसके अलावा कई वेबसाइट्स कुकीज और ट्रैकिंग टूल्स के जरिए आपकी ब्राउजिंग आदतों की जानकारी इकट्ठा करती हैं। Browser settings में जाकर unnecessary tracking permissions बंद करने और trusted websites का ही इस्तेमाल करने से डेटा शेयरिंग को काफी हद तक सीमित किया जा सकता है।
मजबूत Password और 2FA रखते हैं अकाउंट सुरक्षित
ऑनलाइन अकाउंट को सुरक्षित रखने के लिए मजबूत और अलग-अलग पासवर्ड इस्तेमाल करना बेहद जरूरी है। Password manager की मदद से complex passwords आसानी से सेव और मैनेज किए जा सकते हैं।
इसके साथ Two-Factor Authentication (2FA) या Multi-Factor Authentication ऑन करने से अकाउंट सिक्योरिटी और मजबूत हो जाती है। इससे केवल पासवर्ड लीक होने पर भी कोई व्यक्ति आसानी से अकाउंट एक्सेस नहीं कर पाता।
समय-समय पर यह भी जांचते रहें कि आपके अकाउंट में कोई अनजान डिवाइस लॉगिन तो नहीं है। अगर कोई संदिग्ध डिवाइस दिखाई दे तो तुरंत उसका एक्सेस हटाकर पासवर्ड बदल देना चाहिए।












