Rahul Gandhi का कोलकाता दौरा रद्द हुआ। कांग्रेस ने प्रशासन पर अनुमति न देने का आरोप लगाया। वहीं Amit Shah के बयान से पश्चिम बंगाल की सियासत गरमा गई है।
कोलकाता/चेन्नई: भारत के प्रमुख राजनीतिक घटनाक्रमों में एक महत्वपूर्ण अपडेट सामने आया है। कांग्रेस नेता Rahul Gandhi का 23 अप्रैल को प्रस्तावित कोलकाता दौरा रद्द कर दिया गया है। पार्टी ने इसके लिए स्थानीय प्रशासन पर अनुमति न देने का आरोप लगाया है, जिससे पश्चिम बंगाल की राजनीति में हलचल तेज हो गई है।
अनुमति नहीं मिलने पर रद्द हुआ दौरा
कांग्रेस पार्टी के अनुसार, कोलकाता में प्रस्तावित कार्यक्रम के लिए प्रशासन से समय पर अनुमति नहीं मिली। रिपोर्ट्स के मुताबिक, पार्टी ने शाम 6 बजे तक इंतजार किया, लेकिन जब तक मंजूरी नहीं मिली, तब तक कार्यक्रम की तैयारियां पूरी करना संभव नहीं रहा।
कांग्रेस ने आरोप लगाया कि यह फैसला राज्य सरकार के इशारे पर लिया गया है। पश्चिम बंगाल में सत्तारूढ़ All India Trinamool Congress (TMC) पर विपक्षी दल अक्सर प्रशासनिक हस्तक्षेप के आरोप लगाते रहे हैं।
अब कांग्रेस इस कार्यक्रम को नए शेड्यूल के तहत आयोजित करने की योजना बना रही है, जो 25 या 26 अप्रैल को हो सकता है।
अमित शाह के बयान से चुनावी माहौल गरम
दूसरी ओर, केंद्रीय गृह मंत्री Amit Shah ने पश्चिम बंगाल में चुनावी रैलियों के दौरान कई तीखे बयान दिए।
चांदीपुर में आयोजित एक सभा में उन्होंने कहा कि अगर राज्य में Bharatiya Janata Party की सरकार बनती है, तो “बंगाल में बाबरी मस्जिद नहीं बनने देंगे।” उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि अयोध्या में जहां पहले बाबरी मस्जिद थी, वहां अब राम मंदिर का निर्माण हो चुका है।
इसके अलावा आसनसोल में उन्होंने चुनावी प्रक्रिया में बाधा डालने वालों को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा कि मतदान में खलल डालने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
चुनाव प्रचार थमा, बढ़ी सियासी सरगर्मी
मंगलवार शाम 5 बजे से पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु में चुनाव प्रचार आधिकारिक रूप से समाप्त हो गया। इसके साथ ही सभी राजनीतिक दल अब मतदान दिवस की तैयारियों में जुट गए हैं।
चुनाव प्रचार के अंतिम दिन विभिन्न नेताओं के बयान और आरोप-प्रत्यारोप ने राजनीतिक माहौल को और अधिक गर्म कर दिया।

खड़गे के बयान पर विवाद, बाद में दी सफाई
इस बीच कांग्रेस अध्यक्ष Mallikarjun Kharge भी विवादों में घिर गए। चेन्नई में एक जनसभा के दौरान उन्होंने प्रधानमंत्री पर विवादित टिप्पणी की, जिसे लेकर राजनीतिक बहस शुरू हो गई।
हालांकि, बाद में उन्होंने अपने बयान पर सफाई देते हुए कहा कि उनके शब्दों का गलत अर्थ निकाला गया।
अभिषेक बनर्जी का टीएमसी की योजनाओं पर जोर
टीएमसी नेता Abhishek Banerjee ने बीजेपी पर वादे पूरे न करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल में उनकी पार्टी की कल्याणकारी योजनाएं लगातार लागू हो रही हैं।
उन्होंने विशेष रूप से महिलाओं के लिए चलाई जा रही आर्थिक सहायता योजनाओं का उल्लेख किया, जिसके तहत:
- सामान्य वर्ग की महिलाओं को ₹1000 प्रतिमाह
- SC/ST वर्ग की महिलाओं को ₹1200 प्रतिमाह दिया जा रहा है।
लोकतांत्रिक प्रक्रिया के बीच बढ़ता राजनीतिक तनाव
पश्चिम बंगाल में चुनाव हमेशा से राजनीतिक रूप से संवेदनशील रहे हैं। इस बार भी विभिन्न दलों के बीच आरोप-प्रत्यारोप, प्रशासनिक विवाद और तीखे बयानबाजी के चलते माहौल गर्म बना हुआ है।
राहुल गांधी का दौरा रद्द होना और अमित शाह के बयान इस राजनीतिक परिदृश्य को और जटिल बना रहे हैं।










