झारखंड के पश्चिमी सिंहभूम में कोबरा 209 बटालियन और माओवादियों के बीच मुठभेड़ हुई। घने जंगलों में चल रहे सर्च ऑपरेशन के दौरान फायरिंग हुई, जिसके बाद सुरक्षा बलों ने इलाके में घेराबंदी कर तलाशी अभियान तेज कर दिया है।
Chaibasa: झारखंड के जंगलों में सुरक्षा बलों और नक्सलियों की मुठभेड़ पश्चिमी सिंहभूम जिले के टोंटो थाना क्षेत्र में बुधवार तड़के कोबरा 209 बटालियन और माओवादियों के बीच मुठभेड़ हुई। घने जंगलों में चल रहे सर्च ऑपरेशन के दौरान नक्सलियों ने फायरिंग शुरू की, जिसके जवाब में सुरक्षा बलों ने भी कार्रवाई की। पूरे इलाके में सर्च अभियान जारी है और संभावित नक्सली गतिविधियों को देखते हुए कोल्हान क्षेत्र में हाई अलर्ट घोषित किया गया है।
चाईबासा में माओवादियों और सुरक्षा बलों के बीच मुठभेड़, जंगलों में सर्च ऑपरेशन तेज

झारखंड के पश्चिमी सिंहभूम जिले के टोंटो थाना क्षेत्र में बुधवार तड़के सुरक्षा बलों और माओवादियों के बीच मुठभेड़ हुई। यह कार्रवाई उस समय शुरू हुई जब कोबरा 209 बटालियन के जवान रूटुगुटू के घने जंगलों में नियमित गश्त और सर्च ऑपरेशन पर थे। अचानक हुई फायरिंग के बाद पूरे इलाके में तनाव और सतर्कता बढ़ गई है।
सूत्रों के अनुसार, सुरक्षा बल पिछले दो दिनों से गोइलकेरा थाना क्षेत्र के बोरोई और तूनबेड़ा इलाकों में सघन तलाशी अभियान चला रहे थे। इसी दौरान सुबह करीब 4:30 बजे घात लगाकर बैठे नक्सलियों ने गोलीबारी शुरू कर दी, जिसके बाद जवानों ने भी तुरंत जवाबी कार्रवाई की। दोनों ओर से कुछ समय तक रुक-रुक कर फायरिंग जारी रही।
इलाके में हाई अलर्ट, सुरक्षा बलों ने बढ़ाई घेराबंदी
मुठभेड़ के बाद सुरक्षा बलों ने पूरे क्षेत्र की घेराबंदी कर दी है और अतिरिक्त बलों को भी अलर्ट मोड पर रखा गया है। पश्चिमी सिंहभूम के एसपी अमित रेनू ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि जंगलों में सर्च ऑपरेशन लगातार जारी है और स्थिति पर कड़ी नजर रखी जा रही है।
जानकारी के मुताबिक, हाल के दिनों में गोइलकेरा क्षेत्र में हुई एक पूर्व माओवादी की हत्या के बाद से नक्सली गतिविधियों के फिर से सक्रिय होने की आशंका जताई जा रही थी। सुरक्षा एजेंसियों को पहले से इनपुट मिले थे कि सारंडा और कोल्हान क्षेत्र में नक्सली अपनी मौजूदगी मजबूत करने की कोशिश कर सकते हैं।
दुर्गम जंगलों में सर्च ऑपरेशन जारी, स्थिति पर नजर
मुठभेड़ के बाद पूरे कोल्हान क्षेत्र में हाई अलर्ट घोषित कर दिया गया है। सुरक्षा बल और अर्धसैनिक इकाइयां दुर्गम जंगलों में लगातार तलाशी अभियान चला रही हैं ताकि माओवादियों की संभावित मौजूदगी का पता लगाया जा सके।
फिलहाल इलाके में तनावपूर्ण शांति बनी हुई है और सुरक्षा बल पूरी सतर्कता के साथ अभियान को आगे बढ़ा रहे हैं। प्रशासन का कहना है कि स्थिति पर लगातार निगरानी रखी जा रही है और जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त बल भी तैनात किए जा सकते हैं।










