गोवा नाइटक्लब आग मामले के मुख्य आरोपी सौरभ और गौरव लूथरा को थाईलैंड से भारत लाकर दिल्ली कोर्ट में पेश किया गया। अदालत ने दोनों भाइयों को दो दिन की ट्रांजिट रिमांड पर गोवा पुलिस के हवाले कर दिया।
Goa Nightclub Fire: गोवा के नॉर्थ गोवा में अरपोरा के "बर्च बाय रोमियो लेन" नाइटक्लब में 6 दिसंबर को लगी आग में 25 लोगों की मौत के मुख्य आरोपी सौरभ और गौरव लूथरा को बुधवार को गोवा ले जाया गया। दोनों भाइयों को मंगलवार को थाईलैंड से दिल्ली लाया गया था, और बुधवार सुबह उन्हें इंदिरा गांधी इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर गोवा पुलिस के हवाले किया गया। लूथरा भाइयों को दिल्ली में मेडिकल चेकअप के बाद पटियाला हाउस कोर्ट में पेश किया गया, जहां मजिस्ट्रेट ट्विंकल चावला ने उन्हें दो दिन की ट्रांजिट रिमांड पर भेजा।
थाईलैंड से भारत वापसी
सौरभ और गौरव लूथरा उस समय थाईलैंड में थे जब नाइटक्लब आग की घटना के बाद भारतीय सुरक्षा एजेंसियों ने उनकी तलाश शुरू की। इंटरपोल ने दोनों के खिलाफ ब्लू कॉर्नर नोटिस जारी किया था, जिसके बाद 11 दिसंबर को थाई पुलिस ने फुकेट में उन्हें हिरासत में लिया। बुधवार सुबह दोनों को बैंकॉक से भारत डिपोर्ट किया गया। आग लगने के तुरंत बाद दोनों भाई फुकेट भाग गए थे, जिससे उनकी मुश्किलें और बढ़ गईं।
गोवा में पेशी
गोवा पुलिस के मुताबिक, लूथरा भाइयों पर गैर इरादतन हत्या और लापरवाही का मामला दर्ज है। पुलिस ने ट्रांजिट रिमांड के दौरान कोर्ट में बताया कि सौरभ और गौरव लूथरा नाइटक्लब के मुख्य मालिक थे और क्लब के ऑपरेशन, सुरक्षा व्यवस्था, परमिशन और परिसर में होने वाले इवेंट्स पर उनका पूरा नियंत्रण था। आग लगने की रात 6 दिसंबर को क्लब में बिना किसी फायर सेफ्टी उपकरण के फायर शो आयोजित किया गया था, जो FIR में उल्लिखित है।

कोर्ट में जमानत याचिका
दोनों भाइयों की मुश्किलें तब और बढ़ गईं जब 11 दिसंबर को दिल्ली कोर्ट ने उन्हें गिरफ्तारी से पहले जमानत देने से इनकार कर दिया। जज ने उनके खिलाफ आरोपों को गंभीर बताया और आग लगने के एक घंटे बाद फुकेट के लिए टिकट बुक करने को कानूनी प्रक्रिया से बचने का प्रयास करार दिया। हालांकि, लूथरा भाइयों ने तर्क दिया कि वे भाग नहीं रहे थे और थाईलैंड इस लिए गए थे ताकि वहां एक रेस्टोरेंट खोल सकें। उन्होंने यह भी दावा किया कि सोशल मीडिया पर उन्हें जान से मारने की धमकियां मिल रही थीं और अगर वे गोवा लौटते तो उनकी लिंचिंग हो सकती थी।
आग की घटना
6 दिसंबर की रात क्लब में लगी आग में चार टूरिस्ट और 21 कर्मचारियों की मौत हुई। आग लगने के बाद मौके पर मौजूद लोग भागने लगे, लेकिन सुरक्षा की कमी के कारण कई लोग फंस गए। नाइटक्लब में अनिवार्य फायर सेफ्टी नियमों का उल्लंघन किया गया था, और फायर शो के दौरान कोई उचित सुरक्षा उपकरण मौजूद नहीं था। इस घटना ने पूरे देश में चिंता और नाराजगी पैदा की।
गोवा पुलिस की कार्रवाई
गोवा पुलिस ने दोनों भाइयों को एयरपोर्ट से हिरासत में लेकर कोर्ट में पेश किया। कोर्ट ने उन्हें दो दिन की ट्रांजिट रिमांड पर भेजते हुए मामले की आगे की सुनवाई के लिए निर्देश दिए। लूथरा भाइयों की पेशी के दौरान पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया कि उनके नियंत्रण और जिम्मेदारी के कारण ही आग इतनी भयंकर रूप से फैली।











