जिम्बाब्वे के मरोनडेरा में बुधवार शाम हेलिकॉप्टर दुर्घटनाग्रस्त होने से छह लोगों की मौत हो गई। मृतकों में चर्चित कारोबारी विकनेल चिवायो और उनकी पत्नी लूसी मुतेके शामिल हैं। पुलिस ने हादसे की जांच शुरू कर दी है, जबकि दुर्घटना की वजह अभी स्पष्ट नहीं है।
हरारे: जिम्बाब्वे के मरोनडेरा ग्रामीण इलाके में बुधवार शाम एक हेलिकॉप्टर दुर्घटनाग्रस्त हो गया। विमान में सवार सभी छह लोगों की मौत हो गई। मृतकों में चर्चित कारोबारी विकनेल चिवायो और उनकी पत्नी लूसी मुतेके भी शामिल थीं। हादसा राजधानी हरारे के पूर्व में करीब 70 किलोमीटर दूर हुआ। अधिकारियों के अनुसार, हेलिकॉप्टर करीब शाम 5 बजे दुर्घटनाग्रस्त हुआ और मौके पर कोई जीवित नहीं मिला।
जिम्बाब्वे पुलिस ने शुरुआत में बताया कि दुर्घटनाग्रस्त विमान में छह लोग सवार थे। सरकारी प्रवक्ता निक मंगवाना ने भी पुष्टि की कि हादसे में कोई जीवित नहीं बचा। शुरुआती आधिकारिक जानकारी में यात्रियों की संख्या को लेकर कुछ अंतर रहा, लेकिन पुलिस ने छह लोगों के विमान में होने की पुष्टि की। शव बुरी तरह जलने के कारण उनकी औपचारिक पहचान की प्रक्रिया भी शुरू की गई।
मरोनडेरा में शाम करीब 5 बजे हुआ हादसा
हेलिकॉप्टर जिम्बाब्वे के मरोनडेरा ग्रामीण क्षेत्र में एक फार्म के पास दुर्घटनाग्रस्त हुआ। यह इलाका हरारे के दक्षिण-पूर्व में स्थित है। पुलिस के मुताबिक, उन्हें शाम करीब 5 बजे दुर्घटना की सूचना मिली, जिसके बाद पुलिस और आपातकालीन दल घटनास्थल पर पहुंचे।
हादसे के बाद हेलिकॉप्टर में आग लग गई। दुर्घटना इतनी गंभीर थी कि विमान में मौजूद किसी भी व्यक्ति को बचाया नहीं जा सका। अधिकारियों ने घटनास्थल को सुरक्षित कर जांच शुरू कर दी है।
अभी तक हेलिकॉप्टर के दुर्घटनाग्रस्त होने की वजह आधिकारिक तौर पर सामने नहीं आई है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि हादसे से पहले विमान में तकनीकी समस्या आई थी या दुर्घटना के पीछे कोई अन्य कारण था।
विकनेल चिवायो और पत्नी लूसी मुतेके की मौत
हादसे में जिम्बाब्वे के चर्चित कारोबारी विकनेल चिवायो और उनकी पत्नी लूसी ‘लुलु’ मुतेके की भी मौत हुई। चिवायो के परिवार के प्रवक्ता हर्बर्ट चिवायो ने उनकी मौत की पुष्टि की है।
चिवायो जिम्बाब्वे के चर्चित कारोबारी और परोपकारी के तौर पर जाने जाते थे। उनकी सार्वजनिक छवि कारोबार के साथ-साथ राजनीति, मनोरंजन और सोशल मीडिया गतिविधियों से भी जुड़ी रही। उनकी मौत की खबर सामने आने के बाद जिम्बाब्वे के राजनीतिक और कारोबारी हलकों में शोक की प्रतिक्रिया देखने को मिली है।
केन्या के राष्ट्रपति विलियम रूटो समेत क्षेत्र के कई प्रमुख नेताओं ने भी चिवायो को श्रद्धांजलि दी। चिवायो के कई अफ्रीकी देशों के राजनीतिक और कारोबारी लोगों से संपर्क थे।
राष्ट्रपति एमर्सन मनांगाग्वा के करीबी माने जाते थे
विकनेल चिवायो को जिम्बाब्वे के राष्ट्रपति एमर्सन मनांगाग्वा के करीबी लोगों में माना जाता था। वे सोशल मीडिया पर राष्ट्रपति और अन्य राजनीतिक नेताओं के साथ अपनी मुलाकातों की तस्वीरें और वीडियो साझा करते थे।
चिवायो की क्षेत्रीय राजनीतिक हस्तियों के साथ भी मुलाकातें होती रही थीं। उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार, उन्होंने केन्या के राष्ट्रपति विलियम रूटो, दक्षिण अफ्रीका के राष्ट्रपति सिरिल रामफोसा, तंजानिया की राष्ट्रपति सामिया सुलुहू हसन और इस्वातिनी के किंग मस्वाती III सहित कई नेताओं से मुलाकात की थी।
उनके राजनीतिक संपर्कों और कारोबारी गतिविधियों के कारण वे जिम्बाब्वे में अक्सर सार्वजनिक चर्चा में रहते थे।

आलीशान जीवनशैली के लिए भी थे चर्चित
चिवायो अपनी महंगी कारों, निजी विमानों और आलीशान जीवनशैली को सोशल मीडिया पर प्रदर्शित करने के लिए भी जाने जाते थे। वे अक्सर लग्जरी वाहनों और निजी यात्रा से जुड़ी तस्वीरें पोस्ट करते थे।
उनकी सोशल मीडिया मौजूदगी ने उन्हें जिम्बाब्वे के अन्य कारोबारियों की तुलना में अलग तरह की सार्वजनिक पहचान दी। वे कई मौकों पर मशहूर हस्तियों, धार्मिक नेताओं और अन्य सार्वजनिक हस्तियों को महंगे उपहार देने के कारण भी चर्चा में रहे।
उनकी पत्नी लूसी मुतेके भी उनके साथ सार्वजनिक और निजी यात्राओं की तस्वीरों में दिखाई देती थीं।
कारोबार और सरकारी ठेकों को लेकर भी चर्चा
चिवायो इंट्राट्रेक जिम्बाब्वे से जुड़े थे, जो ऊर्जा और बुनियादी ढांचा परियोजनाओं में काम करती है। उनके कारोबारी समूह का नाम जिम्बाब्वे के कुछ बड़े ऊर्जा और इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स के संदर्भ में सामने आया था।
उनका नाम ग्वांडा सोलर प्रोजेक्ट से जुड़े सरकारी ठेके को लेकर भी चर्चा में रहा। उनके कारोबार और राजनीतिक संपर्कों को लेकर समय-समय पर सवाल और आरोप सामने आए, जिनमें सरकारी ठेकों और चुनावी फंडिंग से जुड़े आरोप भी शामिल थे।
हालांकि, चिवायो ने अपने खिलाफ लगाए गए गलत काम के आरोपों से इनकार किया था। इन आरोपों को किसी न्यायिक निष्कर्ष के रूप में प्रस्तुत नहीं किया जा सकता।
हादसे में दो पायलट भी मारे गए
पुलिस और सरकारी अधिकारियों के अनुसार, हेलिकॉप्टर में दो क्रू सदस्य यानी पायलट भी मौजूद थे। विमान में कुल छह लोग सवार थे और सभी की मौत हुई।
सरकारी प्रवक्ता की शुरुआती जानकारी में यात्रियों और चालक दल की संख्या को लेकर बदलाव हुआ था। बाद में पुलिस की पुष्टि में छह लोगों के विमान में होने की बात सामने आई। आधिकारिक तौर पर सभी मृतकों की पूरी पहचान और उनकी भूमिका की जानकारी जांच के साथ स्पष्ट की जा रही है।
शवों की पहचान में जुटे अधिकारी
हादसे के बाद घटनास्थल पर पहुंचे राहत और जांच दल ने शवों को निकालने और उनकी पहचान की प्रक्रिया शुरू की। रिपोर्टों के अनुसार, आग के कारण शव बुरी तरह प्रभावित हुए, जिससे औपचारिक पहचान में समय लग रहा है।
पुलिस ने घटनास्थल से जरूरी साक्ष्य जुटाने शुरू कर दिए हैं। विमान के मलबे और दुर्घटना की परिस्थितियों की जांच की जा रही है।
हादसे की वजह अभी सामने नहीं आई
इस दुर्घटना का सबसे अहम सवाल यह है कि हेलिकॉप्टर आखिर क्यों दुर्घटनाग्रस्त हुआ। अभी तक जिम्बाब्वे के अधिकारियों ने तकनीकी खराबी, मौसम, पायलट से जुड़ी समस्या या किसी अन्य कारण को हादसे की वजह नहीं बताया है।
जांच पूरी होने के बाद ही दुर्घटना के कारणों की आधिकारिक जानकारी सामने आएगी। इसलिए फिलहाल हादसे की वजह को लेकर किसी तरह का निष्कर्ष निकालना जल्दबाजी होगा।
चिवायो की मौत से जिम्बाब्वे में चर्चा
विकनेल चिवायो की मौत ऐसे समय हुई है जब वे जिम्बाब्वे के सबसे अधिक पहचाने जाने वाले कारोबारी चेहरों में शामिल थे। कारोबार, राजनीति, सोशल मीडिया और परोपकारी गतिविधियों से जुड़े उनके सार्वजनिक प्रोफाइल ने उन्हें देश के बाहर भी पहचान दिलाई थी।
उनकी पत्नी लूसी मुतेके भी इस हादसे में मारी गईं। परिवार की ओर से उनकी मौत की पुष्टि के बाद स्थानीय मीडिया में दुर्घटना और चिवायो के सार्वजनिक जीवन को लेकर व्यापक कवरेज हुई है।
फिलहाल जांच एजेंसियों का मुख्य फोकस हेलिकॉप्टर दुर्घटना के कारण का पता लगाने और सभी मृतकों की औपचारिक पहचान पूरी करने पर है।











