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सिर्फ 99 रुपये में मिल रही हैं ब्रांडेड शराब: इस राज्य ने किया नई शराब का एलान, जानिए पूरी जानकारी

सिर्फ 99 रुपये में मिल रही हैं ब्रांडेड शराब: इस राज्य ने किया नई शराब का एलान, जानिए पूरी जानकारी
अंतिम अपडेट: 18-10-2024

आंध्र प्रदेश सरकार ने शराब प्रेमियों के लिए एक अहम फैसला लिया है। चुनावी वादे के तहत, राज्य में सभी ब्रांड की 180 एमएल की शराब की बोतल (पव्वा) अब केवल 99 रुपये में मिलेगी। इस योजना के तहत, सूमो क्लासिक व्हिस्की, रॉयल लांसर व्हिस्की, ट्रॉपिकाना ब्रांडी, शॉट व्हिस्की, और केरल माल्टेड फाइन व्हिस्की जैसे पांच प्रमुख ब्रांड के पव्वे उपलब्ध होंगे।

नई दिल्ली: शराब प्रेमियों के लिए आंध्र प्रदेश सरकार ने एक अहम फैसला लिया है। चुनावी वादे के तहत, राज्य सरकार ने कम कीमत पर शराब की उपलब्धता सुनिश्चित करने का प्रयास किया है। अब राज्य में सभी ब्रांड की 180 एमएल की शराब की बोतल (पव्वा) केवल 99 रुपये में उपलब्ध होगी।

राज्य के मद्य निषेध एवं आबकारी विभाग ने इस योजना की पुष्टि की है। उपनिदेशक निशांत कुमार ने बताया कि खुदरा दुकानों में स्टॉक को धीरे-धीरे बढ़ाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सभी दुकानों में सस्ती शराब का स्टॉक पहुंचा दिया गया है, और आने वाले दिनों में इसकी मात्रा को दोगुना करने की योजना है।

ब्रांडों की विस्तृत सूची

इस योजना के तहत, सूमो क्लासिक व्हिस्की, रॉयल लांसर व्हिस्की, ट्रॉपिकाना ब्रांडी, शॉट व्हिस्की, और केरल माल्टेड फाइन व्हिस्की जैसे प्रमुख ब्रांड के 180 एमएल पव्वे की कीमत केवल 99 रुपये रखी गई है।

सप्लाई में वृद्धि

कुमार ने बताया कि गुरुवार तक 99 रुपये वाली शराब की लगभग 10,000 पेटियां बाजार में पहुंच चुकी थीं। अगले सोमवार तक, रोजाना सप्लाई 20,000 पेटियों तक पहुंच जाएगी। अगले पखवाड़े में दुकानों में करीब 2.4 लाख पेटियां शराब उपलब्ध कराने की योजना है, जिससे सप्लाई में तेजी लाई जा सके।

नवंबर के अंत तक, 99 रुपये की कीमत वाली लगभग 1.2 करोड़ क्वार्टर बोतलें बाजार में उपलब्ध कराने की योजना है। कुमार ने कहा कि वे चालू पखवाड़े के दौरान बिक्री का आकलन करेंगे और उसके आधार पर स्टॉक के इंपोर्ट का निर्णय लेंगे। उन्होंने बताया कि खपत के अनुसार क्वार्टर बोतलों की खरीद को बढ़ाया जाएगा।

पूर्ववर्ती सरकार पर ब्रांडों की अनुपलब्धता का आरोप

आपको बता दें कि प्रसिद्ध शराब ब्रांडों की अनुपलब्धता और उनकी ऊंची कीमतों के आरोप पूर्ववर्ती वाईएसआरसीपी सरकार पर लगे थे। आबकारी मंत्री के रवींद्र ने इस मुद्दे पर टिप्पणी करते हुए कहा कि 2019 से 2024 के बीच उपभोक्ताओं को अपनी पसंद के ब्रांड चुनने का विकल्प 'वंचित' किया गया।

उन्होंने बताया कि इस दौरान उपभोक्ताओं को केवल उपलब्ध ब्रांडों का चयन करने के लिए 'मजबूर' होना पड़ा। मंत्री ने कहा कि वर्तमान सरकार गुणवत्तापूर्ण ब्रांडों की उपलब्धता को सुनिश्चित करने को प्राथमिकता दे रही है।

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