एलपीजी संकट: सरकार ने कहा- 'अफवाहों से दूर रहें और डोर-स्टेप डिलिवरी का इंतजार करें'

Government of India ने एलपीजी संकट के बीच जनता से अपील की है कि वे अफवाहों में न आएं और अपने सिलेंडर की डोर-स्टेप डिलिवरी का इंतजार करें। अधिकारियों ने

Ministry of Petroleum and Natural Gas की संयुक्त सचिव ने अंतर मंत्रालयी प्रेस वार्ता के दौरान बताया कि देश की सारी रिफाइनरी अपनी पूरी क्षमता में काम कर रही हैं। उन्होंने कहा कि घरेलू एलपीजी का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है और उपभोक्ताओं से लगातार अपील की जा रही है।

नई दिल्ली: पश्चिम एशिया में जारी तनाव के बीच भारत में एलपीजी (LPG) की आपूर्ति को लेकर बढ़ती चर्चाओं और अफवाहों के बीच सरकार ने जनता को शांत रहने की अपील की है। प्रेस वार्ता के दौरान पेट्रोलियम मंत्रालय और अन्य संबंधित मंत्रालयों ने कहा कि देश में एलपीजी का पर्याप्त स्टॉक मौजूद है और सभी रिफाइनरी अपनी पूरी क्षमता के साथ काम कर रही हैं।

सरकार ने स्पष्ट कहा कि उपभोक्ताओं को अफवाहों पर विश्वास नहीं करना चाहिए और अपने सिलिंडर की डोर-स्टेप डिलिवरी का इंतजार करना चाहिए। एलपीजी संकट के बारे में किसी भी तरह की गलत सूचना फैलाने से बचने की हिदायत भी दी गई है।

सरकार की तैयारियां और एलपीजी आपूर्ति की स्थिति

पेट्रोलियम मंत्रालय की संयुक्त सचिव ने बताया कि:

  • देशभर में घरेलू एलपीजी का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है।
  • उपभोक्ताओं को लगातार अपील की जा रही है कि जहां संभव हो, नेचुरल गैस (PNG) का उपयोग बढ़ाया जाए।
  • राज्य सरकारों को पत्र लिखकर सहयोग करने और उपभोक्ताओं तक निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए कहा गया है।
  • उन राज्यों को जो इस दिशा में पहल कर रहे हैं, अतिरिक्त 10% एलपीजी देने का भरोसा भी दिया गया है।

वर्तमान में लगभग 13,700 नए कनेक्शन दिए जा चुके हैं और 7,500 से अधिक लोग एलपीजी से पीएनजी पर शिफ्ट हो चुके हैं।

ऑनलाइन बुकिंग और डिलिवरी की स्थिति

सरकार ने यह भी जानकारी दी कि एलपीजी की लगभग 93% बुकिंग ऑनलाइन हो रही है, और सभी सिलिंडरों की समय पर डिलीवरी की जा रही है।

  • पैनिक बुकिंग की संख्या कम हुई है।
  • कल की रिपोर्ट के अनुसार, लगभग 55 लाख बुकिंगें हुई हैं।

सभी राज्यों में सप्लाई पर्याप्त है और कोई भी उपभोक्ता गैस की कमी का सामना नहीं कर रहा।

कमर्शियल एलपीजी की आपूर्ति

सरकार ने बताया कि पिछले एक हफ्ते में 11,300 टन कमर्शियल एलपीजी उपभोक्ताओं को वितरित की गई। इसका 50 प्रतिशत हिस्सा शिक्षण संस्थाओं और अस्पतालों को उपलब्ध कराया गया। इससे यह सुनिश्चित हुआ कि महत्वपूर्ण संस्थानों में गैस की आपूर्ति लगातार बनी रहे। प्रेस वार्ता में मंत्रालय ने जोर दिया कि एलपीजी की आपूर्ति में किसी तरह की कमी नहीं है।

अफवाहें और सोशल मीडिया पर फैल रही झूठी खबरें उपभोक्ताओं में भ्रम और चिंता पैदा कर सकती हैं। इसलिए जनता से शांत रहने और आधिकारिक स्रोतों से ही जानकारी लेने की अपील की गई। डोर-स्टेप डिलिवरी का इंतजार करना और पैनिक बुकिंग से बचना सभी के हित में है।

Leave a comment