हरियाणा के कृषि मंत्री श्याम सिंह राणा ने किसानों से धान की जल्द कटाई से बचने और मंडियों में पकी, कम नमी वाली फसल लाने की अपील की। उन्होंने कहा कि अधिक नमी से खरीद प्रक्रिया प्रभावित होती है।
कुरुक्षेत्र: हरियाणा के कृषि मंत्री श्याम सिंह राणा ने किसानों से धान की कटाई में जल्दबाजी न करने की अपील की है। उन्होंने कहा कि मंडियों में अच्छी तरह पकी और कम नमी वाली फसल ही लाई जाए, ताकि खरीद प्रक्रिया में किसी तरह की परेशानी न हो। मंत्री ने बताया कि कंबाइन से जल्दी कटाई के कारण धान में नमी की समस्या बढ़ सकती है।
अधिक नमी वाली धान से खरीद में आती है परेशानी
कृषि मंत्री श्याम सिंह राणा ने कहा कि किसानों को जल्दबाजी में धान की कटाई करने से बचना चाहिए। मंडी में अच्छी तरह पकी हुई फसल लाने से उसकी खरीद जल्द हो सकेगी। उन्होंने किसानों से अधिक नमी वाली धान मंडी में नहीं लाने की अपील की।
मंत्री ने कहा कि पहले किसान धान की कटाई हाथ से करता था। कटाई के बाद फसल को खेत में सूखने का पर्याप्त समय मिल जाता था। अब कंबाइन से कटाई होने के कारण फसल जल्दी कट जाती है। ऐसे में एक ही खेत में कहीं धान सूखा हो सकता है, जबकि दूसरे हिस्से में नमी अधिक रह सकती है।
उन्होंने कहा कि अगर किसान फसल को 10-12 दिन और पकने देता है तो इससे कोई नुकसान नहीं होगा। इससे धान में नमी कम होने और गुणवत्ता बेहतर रहने में मदद मिल सकती है।
किसान को फसल का पूरा दाम मिलने की बात
कृषि मंत्री ने कहा कि किसान को उसकी फसल का पूरा दाम मिलना चाहिए। सरकार की ओर से खरीद व्यवस्था में किसानों को परेशान नहीं होने दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि समस्या उस समय पैदा होती है, जब अधिक नमी वाली धान मंडी में पहुंचती है।
धान की आगे मिलिंग की जाती है और इससे चावल तैयार होता है। इसलिए धान की गुणवत्ता और नमी का ध्यान रखना जरूरी है। पिहोवा में हाल ही में हुई किसान महापंचायत में किसानों ने 15 सितंबर से सरकारी खरीद शुरू करने की मांग की थी। इसके साथ ही उन्होंने धान में स्वीकार्य नमी की सीमा 17 प्रतिशत से बढ़ाकर 20 प्रतिशत करने की मांग भी रखी थी।
राणा ने बताया कि गेहूं की कटाई और खरीद के बाद फसल सीधे सरकारी गोदाम में चली जाती है, जबकि धान को राइस मिल में भेजना पड़ता है। मिलिंग के बाद चावल तैयार होता है और केंद्र सरकार के लिए भी चावल लिया जाता है। राइस मिलर इस पूरी व्यवस्था का हिस्सा हैं और सरकार के साथ मिलकर खरीद प्रणाली को संचालित करते हैं।
17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक चलेगा सेवा संकल्प अभियान
प्रेस कॉन्फ्रेंस में कृषि मंत्री ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन के अवसर पर भाजपा की ओर से चलाए जाने वाले 'सेवा संकल्प अभियान' की भी जानकारी दी। उन्होंने बताया कि यह अभियान 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक चलेगा और इसे बूथ स्तर तक ले जाया जाएगा।
अभियान के लिए प्रदेश, जिला, विधानसभा, शक्ति केंद्र और बूथ स्तर तक कार्यकर्ताओं की जिम्मेदारियां तय की गई हैं। इसमें स्कूली बच्चों को भी जोड़ा जाएगा। सरकारी और निजी स्कूलों में 'मेरे सपनों का भारत' विषय पर कार्यक्रम और प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी।
उन्होंने कहा कि वर्ष 2047 के भारत को लेकर बच्चों के विचार सामने लाने के लिए स्कूल स्तर से लेकर जिला और प्रदेश स्तर तक प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी।











