UGC की नई गाइडलाइंस के तहत अब कॉलेज और यूनिवर्सिटी में छात्रों की मेंटल हेल्थ, फिटनेस और वेलबीइंग पर खास ध्यान दिया जाएगा। संस्थानों को काउंसलिंग सेंटर, खेल सुविधाएं और सकारात्मक माहौल विकसित करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि छात्र तनावमुक्त और संतुलित जीवन जी सकें।
UGC New Guidelines: विश्वविद्यालय अनुदान आयोग ने देशभर के कॉलेज और यूनिवर्सिटी के लिए नई गाइडलाइंस जारी की हैं, जिनका उद्देश्य छात्रों की मानसिक और शारीरिक सेहत को बेहतर बनाना है। इन निर्देशों के तहत संस्थानों को स्टूडेंट सर्विस सेंटर स्थापित करने, काउंसलिंग सुविधा देने और फिटनेस गतिविधियों को बढ़ावा देने को कहा गया है। यह पहल छात्रों में बढ़ते तनाव, डिप्रेशन और जीवनशैली से जुड़ी समस्याओं को ध्यान में रखते हुए की गई है, ताकि उन्हें सुरक्षित, सहयोगी और संतुलित शैक्षणिक वातावरण मिल सके।
अब पढ़ाई के साथ वेलबीइंग पर जोर
UGC के मुताबिक, उच्च शिक्षा सिर्फ अकादमिक ज्ञान तक सीमित नहीं होनी चाहिए। संस्थानों को ऐसा माहौल देना होगा, जहां छात्र सुरक्षित और सकारात्मक वातावरण में बिना दबाव के आगे बढ़ सकें।
इसके तहत कॉलेज और यूनिवर्सिटी को कैंपस में ऐसी गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए कहा गया है, जो छात्रों के सामाजिक, व्यक्तिगत और शैक्षणिक विकास में मदद करें। इंटर्नशिप, सांस्कृतिक कार्यक्रम और ग्रुप एक्टिविटी को भी अहम माना गया है।

मेंटल हेल्थ सपोर्ट और काउंसलिंग जरूरी
नई गाइडलाइंस के अनुसार हर संस्थान में स्टूडेंट सर्विस सेंटर (SSC) स्थापित करने की सिफारिश की गई है। यहां छात्रों को काउंसलिंग, मानसिक स्वास्थ्य सहायता और अन्य समस्याओं का समाधान मिल सकेगा।
UGC ने स्पष्ट किया है कि तनाव, डिप्रेशन और व्यवहार संबंधी समस्याओं को नजरअंदाज नहीं किया जाना चाहिए। सख्ती और सजा के बजाय समझ और सहयोग के जरिए छात्रों की मदद की जानी चाहिए, ताकि वे खुलकर अपनी बात रख सकें।
फिटनेस, खेल और मेडिकल सहयोग पर भी जोर
छात्रों की शारीरिक फिटनेस को भी उतना ही महत्वपूर्ण माना गया है। संस्थानों को खेल के मैदान, जिम, योग और अन्य फिटनेस गतिविधियों की सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं।
इसके अलावा, कॉलेज और यूनिवर्सिटी को मेडिकल संस्थानों के साथ सहयोग बढ़ाने की सलाह दी गई है, ताकि जरूरत पड़ने पर छात्रों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकें और भविष्य में मेंटल हेल्थ एक्सपर्ट्स तैयार किए जा सकें।











