दिल्ली से हरिद्वार तक दौड़ सकती है नमो भारत ट्रेन, मेरठ कॉरिडोर विस्तार की तैयारी शुरू

दिल्ली-मेरठ नमो भारत कॉरिडोर को हरिद्वार और ऋषिकेश तक बढ़ाने की तैयारी शुरू। एनसीआरटीसी ने सर्वे और डीपीआर के लिए उत्तराखंड सरकार से सहयोग मांगा है।

दिल्ली-मेरठ नमो भारत कॉरिडोर को हरिद्वार और ऋषिकेश तक बढ़ाने की योजना पर विचार शुरू हो गया है। एनसीआरटीसी ने सर्वे और डीपीआर तैयार करने के लिए उत्तराखंड सरकार से प्रारंभिक स्वीकृति और वित्तीय सहयोग का अनुरोध किया है।

हरिद्वार: दिल्ली से हरिद्वार और ऋषिकेश तक तेज रफ्तार नमो भारत ट्रेन सेवा शुरू करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल होती दिखाई दे रही है। दिल्ली-मेरठ कॉरिडोर का विस्तार उत्तराखंड तक करने के प्रस्ताव पर प्रारंभिक स्तर पर चर्चा शुरू हो गई है। यदि योजना को मंजूरी मिलती है, तो धार्मिक, पर्यटन और व्यावसायिक यात्राओं के लिए लोगों को तेज और आधुनिक सार्वजनिक परिवहन का नया विकल्प मिलेगा।

हरिद्वार-ऋषिकेश तक विस्तार की योजना पर विचार

दिल्ली और मेरठ के बीच संचालित हो रही नमो भारत ट्रेन को अब उत्तराखंड तक विस्तार देने की संभावना तलाश की जा रही है। प्रस्तावित योजना के तहत कॉरिडोर को हरिद्वार और ऋषिकेश तक बढ़ाने पर विचार किया जा रहा है। इस परियोजना के पूरा होने पर दिल्ली, पश्चिमी उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के बीच आवागमन पहले से अधिक तेज और सुविधाजनक हो सकता है।

परियोजना का उद्देश्य केवल यात्रा समय कम करना ही नहीं, बल्कि क्षेत्रीय कनेक्टिविटी को भी मजबूत बनाना है। इससे तीर्थयात्रियों, पर्यटकों, छात्रों और कारोबारियों को विशेष लाभ मिलने की उम्मीद है।

सर्वे और डीपीआर की तैयारी

National Capital Region Transport Corporation ने इस विस्तार योजना को आगे बढ़ाने के लिए प्रारंभिक अध्ययन की प्रक्रिया शुरू करने की इच्छा जताई है। इसके तहत रूट सर्वे, वैकल्पिक मार्गों का विश्लेषण और विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) तैयार की जाएगी।

बताया जा रहा है कि एनसीआरटीसी ने इस संबंध में उत्तराखंड सरकार को पत्र भेजकर सर्वेक्षण और प्रारंभिक तकनीकी अध्ययन के लिए आवश्यक धनराशि उपलब्ध कराने का अनुरोध किया है। शुरुआती चरण के कार्यों के लिए लगभग 7.02 करोड़ रुपये की आवश्यकता बताई गई है।

राज्य सरकार के स्तर पर शुरू हुई प्रक्रिया

सूत्रों के अनुसार उत्तराखंड सरकार ने संबंधित विभागों को इस परियोजना पर औपचारिक प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश दिए हैं। प्रस्ताव तैयार होने के बाद इसे राज्य मंत्रिमंडल के समक्ष रखा जा सकता है।

वित्त और परिवहन विभाग भी परियोजना के विभिन्न पहलुओं पर चर्चा कर रहे हैं। सरकार का मानना है कि बेहतर परिवहन ढांचा राज्य के आर्थिक और पर्यटन विकास को नई गति दे सकता है।

कितना लंबा होगा नया कॉरिडोर?

प्रस्तावित विस्तार योजना के अनुसार मेरठ से हरिद्वार और ऋषिकेश तक लगभग 150 किलोमीटर लंबा नया कॉरिडोर विकसित किया जा सकता है। इसमें लगभग 72 किलोमीटर हिस्सा उत्तर प्रदेश और करीब 78 किलोमीटर हिस्सा उत्तराखंड में आएगा।

वर्तमान में नमो भारत सेवा Sarai Kale Khan से Modipuram के बीच विकसित किए जा रहे कॉरिडोर पर संचालित हो रही है। विस्तार के बाद यह नेटवर्क उत्तराखंड के प्रमुख धार्मिक और पर्यटन स्थलों तक पहुंच सकता है।

धार्मिक पर्यटन और कारोबार को मिलेगा बढ़ावा

हरिद्वार और ऋषिकेश देश के सबसे महत्वपूर्ण धार्मिक और पर्यटन केंद्रों में गिने जाते हैं। तेज रफ्तार रेल कनेक्टिविटी मिलने से यात्रियों की संख्या बढ़ सकती है और स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी लाभ मिलने की संभावना है।

विशेषज्ञों का मानना है कि दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे और प्रस्तावित नमो भारत विस्तार परियोजना मिलकर पूरे क्षेत्र में परिवहन के नए अवसर पैदा कर सकती हैं। इससे रोजगार, निवेश और पर्यटन गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलेगा।

फिलहाल परियोजना सर्वे और प्रारंभिक अध्ययन के चरण में है। अंतिम निर्णय विस्तृत रिपोर्ट और संबंधित सरकारी मंजूरियों के बाद ही लिया जाएगा।

Leave a comment