नोएडा आव्यान मौत केस: 10 पेज की जांच रिपोर्ट में बड़ा खुलासा, जल विभाग के 3 अफसरों की लापरवाही तय

नोएडा के कलाधाम सोसायटी में 6 वर्षीय आव्यान की मौत मामले की 10 पेज की जांच रिपोर्ट में जल विभाग के तीन अधिकारियों की लापरवाही सामने आई।
नोएडा आव्यान मौत केस: 10 पेज की जांच रिपोर्ट में बड़ा खुलासा, जल विभाग के 3 अफसरों की लापरवाही तय
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नोएडा के नॉलेज पार्क-2 स्थित कलाधाम सोसायटी में छह वर्षीय आव्यान की गड्ढे में डूबने से हुई मौत की जांच में बड़ा खुलासा हुआ है। नोएडा प्राधिकरण की दो सदस्यीय जांच समिति ने अपनी 10 पेज की विस्तृत रिपोर्ट एसीईओ को सौंप दी है। रिपोर्ट में जल विभाग के तीन अधिकारियों की लापरवाही को घटना का प्रमुख कारण माना गया है। साथ ही यह भी सामने आया है कि बिना आवश्यक अनुमति के बोरिंग का स्थान बदल दिया गया था, जिससे सुरक्षा मानकों का पालन नहीं हो सका।

जांच रिपोर्ट के अनुसार, जिस स्थान पर बोरिंग का कार्य किया गया, वह मूल स्वीकृत स्थान से अलग था। निर्धारित प्रक्रिया का पालन किए बिना कार्य स्थल बदलने के कारण वहां आवश्यक सुरक्षा इंतजाम नहीं किए गए। रिपोर्ट में कहा गया है कि कार्य के दौरान सुरक्षा घेराबंदी, चेतावनी संकेत और अन्य आवश्यक एहतियाती उपाय पर्याप्त नहीं थे।

समिति ने अपनी जांच में जल विभाग के तीन अधिकारियों की भूमिका पर गंभीर सवाल उठाए हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, अधिकारियों द्वारा कार्य की निगरानी और सुरक्षा मानकों का प्रभावी पालन सुनिश्चित नहीं किया गया। इसी वजह से ऐसी परिस्थितियां बनीं, जिनके चलते यह दुखद हादसा हुआ।

घटना में छह वर्षीय आव्यान की गड्ढे में डूबने से मौत हो गई थी। इस हादसे के बाद पूरे शहर में आक्रोश फैल गया था और परिजनों ने जिम्मेदार अधिकारियों व संबंधित एजेंसियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए नोएडा प्राधिकरण ने दो सदस्यीय जांच समिति का गठन किया था।

रिपोर्ट में यह भी सिफारिश की गई है कि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए निर्माण और बोरिंग कार्यों के दौरान सुरक्षा मानकों का सख्ती से पालन कराया जाए। किसी भी कार्य स्थल पर बैरिकेडिंग, चेतावनी बोर्ड, पर्याप्त निगरानी और नियमित निरीक्षण सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया है।

प्राधिकरण अब जांच रिपोर्ट के आधार पर संबंधित अधिकारियों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर सकता है। रिपोर्ट में जिन बिंदुओं पर लापरवाही पाई गई है, उन्हें ध्यान में रखते हुए जवाबदेही तय की जाएगी। साथ ही अन्य संबंधित विभागों की भूमिका की भी समीक्षा की जा सकती है।

स्थानीय लोगों का कहना है कि निर्माण और विकास कार्यों के दौरान सुरक्षा नियमों का कड़ाई से पालन होना चाहिए, ताकि भविष्य में किसी मासूम की जान इस तरह न जाए। उन्होंने सार्वजनिक स्थलों पर खुले गड्ढों और निर्माण स्थलों की नियमित निगरानी की भी मांग की है।

फिलहाल जांच रिपोर्ट प्रशासन को सौंप दी गई है और आगे की कार्रवाई रिपोर्ट में दर्ज निष्कर्षों के आधार पर की जाएगी। यदि जांच के दौरान अन्य जिम्मेदार व्यक्तियों या एजेंसियों की भूमिका सामने आती है, तो उनके खिलाफ भी नियमानुसार कार्रवाई की जा सकती है।

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