Q3 बिजनेस अपडेट, IPO, ऑर्डर और ब्रोकरेज राय के चलते आज शेयर बाजार में चुनिंदा स्टॉक्स फोकस में रहेंगे। बैंकिंग, फाइनेंस, मेटल, रिटेल और डिफेंस सेक्टर से जुड़ी खबरें निवेशकों के लिए अहम संकेत दे रही हैं।
Stocks To Watch Today: आज के शेयर बाजार में कई सेक्टर के बड़े स्टॉक्स निवेशकों के फोकस में रहने वाले हैं। बैंकिंग, फाइनेंस, मेटल, रिटेल, होटल, डिफेंस और एफएमसीजी सेक्टर की कंपनियों से जुड़े Q3 बिजनेस अपडेट, ऑर्डर, निवेश और IPO की खबरों के चलते बाजार खुलते ही एक्शन देखने को मिल सकता है। तिमाही आंकड़े (Q3 numbers), ब्रोकरेज की राय, फंड जुटाने और नए कारोबारी समझौते निवेशकों के लिए अहम संकेत दे रहे हैं। ऐसे में आज के कारोबारी सत्र में चुनिंदा स्टॉक्स पर नजर बनाए रखना जरूरी है।
Bank of Baroda का मजबूत Q3 बिजनेस
Bank of Baroda ने तीसरी तिमाही में अपने कारोबार में मजबूत ग्रोथ दर्ज की है। सालाना आधार पर बैंक का ग्लोबल बिजनेस 12.22 प्रतिशत बढ़कर 28.90 लाख करोड़ रुपये तक पहुंच गया है। इस दौरान ग्लोबल एडवांस 14.57 प्रतिशत की बढ़ोतरी के साथ 13.43 लाख करोड़ रुपये हो गए हैं। वहीं, ग्लोबल डिपॉजिट 10.25 प्रतिशत बढ़कर 15.46 लाख करोड़ रुपये रहे हैं।
घरेलू कारोबार की बात करें तो यहां भी बैंक ने अच्छी मजबूती दिखाई है। घरेलू डिपॉजिट 11.13 प्रतिशत और घरेलू एडवांस 13.54 प्रतिशत बढ़े हैं। Q3 के ये आंकड़े बैंक की बैलेंस शीट में सुधार और स्थिर ग्रोथ को दर्शाते हैं। निवेशकों की नजर अब आगे के नतीजों और एसेट क्वालिटी (asset quality) पर बनी रह सकती है।
Yes Bank में लोन और डिपॉजिट में सुधार
Yes Bank के Q3 बिजनेस अपडेट में भी सुधार देखने को मिला है। बैंक के लोन और एडवांस सालाना आधार पर 5.2 प्रतिशत बढ़कर 2.57 लाख करोड़ रुपये हो गए हैं। इसके साथ ही डिपॉजिट में 5.5 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई है, जो बढ़कर 2.92 लाख करोड़ रुपये तक पहुंच गए हैं।
पिछले कुछ समय से Yes Bank अपने कारोबार को स्थिर करने की दिशा में काम कर रहा है। Q3 के ये आंकड़े बताते हैं कि बैंक का ग्रोथ ट्रैक धीरे-धीरे मजबूत हो रहा है। हालांकि, निवेशक आगे की रणनीति, मार्जिन और एनपीए (NPA) से जुड़े संकेतों पर भी नजर रख सकते हैं।
Bajaj Finance का बढ़ता ग्राहक आधार
Bajaj Finance ने तीसरी तिमाही में अपने बिजनेस और ग्राहक आधार में मजबूत विस्तार दिखाया है। कंपनी के कुल ग्राहक बढ़कर 11.54 करोड़ हो गए हैं। तिमाही के दौरान 47.6 लाख नए ग्राहक जुड़े हैं, जो कंपनी की मजबूत मांग और डिजिटल पहुंच को दर्शाता है।
इस अवधि में नए लोन की संख्या 15 प्रतिशत बढ़कर 1.39 करोड़ रही है। कंपनी का एसेट अंडर मैनेजमेंट (AUM) 22 प्रतिशत की बढ़ोतरी के साथ 4.85 लाख करोड़ रुपये तक पहुंच गया है। वहीं, डिपॉजिट बुक करीब 71,000 करोड़ रुपये की हो गई है। ये आंकड़े बताते हैं कि Bajaj Finance की ग्रोथ स्टोरी Q3 में भी बरकरार रही है।
Vedanta का मिला-जुला प्रदर्शन
Vedanta ने Q3 में मिश्रित प्रदर्शन दर्ज किया है। कंपनी का एल्युमिनियम उत्पादन 1 प्रतिशत बढ़ा है, जबकि जिंक की बिक्री में 4 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर जिंक उत्पादन में 28 प्रतिशत की तेज ग्रोथ देखने को मिली है।
हालांकि, सिल्वर उत्पादन में हल्की गिरावट दर्ज की गई है। मेटल सेक्टर में ग्लोबल कीमतों और मांग की स्थिति का असर Vedanta जैसे स्टॉक्स पर पड़ता है। निवेशकों के लिए यह स्टॉक कमोडिटी ट्रेंड और कंपनी के ऑपरेशनल अपडेट के आधार पर अहम बना रह सकता है।
Mahindra Finance का Q3 अनुमान
Mahindra & Mahindra Financial Services ने तीसरी तिमाही के लिए अपने बिजनेस अनुमान जारी किए हैं। कंपनी के अनुसार कुल डिस्बर्समेंट 7 प्रतिशत बढ़कर 17,600 करोड़ रुपये रहने का अनुमान है। बिजनेस एसेट्स 12 प्रतिशत की ग्रोथ के साथ 1.29 लाख करोड़ रुपये तक पहुंच सकते हैं।
कंपनी को उम्मीद है कि कलेक्शन एफिशिएंसी (collection efficiency) 95 प्रतिशत पर स्थिर बनी रहेगी। वहीं, स्टेज-3 एसेट्स 3.9 से 4 प्रतिशत के दायरे में रह सकते हैं। ये अनुमान बताते हैं कि ग्रामीण और सेमी-अर्बन सेगमेंट में कंपनी का फोकस Q3 में भी जारी रहा है।
ITC पर ब्रोकरेज की सतर्क राय
ITC को लेकर ब्रोकरेज फर्मों ने सतर्क रुख अपनाया है। विश्लेषकों ने कंपनी की अगले दो वर्षों की आय के अनुमानों में कटौती की है। इसकी मुख्य वजह तंबाकू उत्पादों पर एक्साइज ड्यूटी (excise duty) बढ़ने की आशंका मानी जा रही है।
ब्रोकरेज का मानना है कि ज्यादा टैक्स से कंपनी की लाभप्रदता और मार्जिन पर दबाव पड़ सकता है। इसके अलावा, टैक्स बढ़ने से अवैध सिगरेट और टैक्स चुकाने वाले उत्पादों के बीच कीमत का अंतर बढ़ सकता है। यह स्थिति संगठित कंपनियों के लिए चुनौतीपूर्ण हो सकती है।
Coal India की सब्सिडियरी का IPO
Coal India की सब्सिडियरी Bharat Coking Coal (BCCL) अपना 1,071 करोड़ रुपये का IPO लाने जा रही है। यह आईपीओ 9 जनवरी को खुलेगा और 21 से 23 रुपये प्रति शेयर का प्राइस बैंड तय किया गया है।
IPO से जुड़ी इस खबर के चलते Coal India और उससे जुड़े स्टॉक्स पर निवेशकों की नजर बनी रह सकती है। लिस्टिंग से पहले ग्रे मार्केट और निवेशकों की दिलचस्पी भी अहम संकेत दे सकती है।
Royal Orchid Hotels का नया प्रोजेक्ट
Royal Orchid Hotels ने राजस्थान के जोधपुर में एक नए होटल प्रोजेक्ट पर समझौता किया है। यह होटल Regenta ब्रांड के तहत संचालित किया जाएगा। कंपनी इसे होटल मैनेजमेंट एग्रीमेंट (hotel management agreement) के आधार पर चलाएगी।
इस समझौते से कंपनी की होटल पोर्टफोलियो और टूरिज्म सेक्टर में मौजूदगी को मजबूती मिल सकती है। होटल और हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में बढ़ती मांग का फायदा इस स्टॉक को मिल सकता है।
D-Mart की Q3 रेवेन्यू ग्रोथ
Avenue Supermarts, जो D-Mart रिटेल चेन का संचालन करती है, ने तीसरी तिमाही में मजबूत रेवेन्यू ग्रोथ दर्ज की है। कंपनी का स्टैंडअलोन रेवेन्यू सालाना आधार पर 13.15 प्रतिशत बढ़कर 17,612.62 करोड़ रुपये रहा है। एक साल पहले यह आंकड़ा 15,565.23 करोड़ रुपये था।
दिसंबर 2025 तक कंपनी के कुल स्टोर्स की संख्या बढ़कर 442 हो गई है। रिटेल सेक्टर में D-Mart की मजबूत पकड़ और विस्तार की रणनीति इसे निवेशकों के लिए अहम स्टॉक बनाती है।
Shyam Dhani Industries में निवेश
Shyam Dhani Industries में निवेशकों की हिस्सेदारी बढ़ी है। Holani Venture Capital Fund और Meru Investment Fund ने कंपनी में निवेश करते हुए मिलकर करीब 7.8 करोड़ रुपये की हिस्सेदारी खरीदी है।
इस निवेश से कंपनी के प्रति बाजार का भरोसा बढ़ता दिख रहा है। स्मॉल-कैप सेगमेंट में इस तरह की खबरें स्टॉक में हलचल ला सकती हैं।
Adani Enterprises का NCD इश्यू
Adani Enterprises ने 1,000 करोड़ रुपये का नॉन-कन्वर्टिबल डिबेंचर (NCD) इश्यू लॉन्च किया है। इस पर निवेशकों को 8.90 प्रतिशत तक ब्याज मिलेगा। यह इश्यू 6 जनवरी को खुलेगा और 19 जनवरी को बंद होगा।
इसके अलावा, कंपनी की सब्सिडियरी Adani Road Transport ने एक कंपनी में 49 प्रतिशत हिस्सेदारी खरीदने के लिए जरूरी समझौतों पर हस्ताक्षर किए हैं। ये कदम कंपनी की फंडिंग और विस्तार रणनीति को दर्शाते हैं।
NIBE को डिफेंस ऑर्डर
NIBE को भारतीय सेना से 292.69 करोड़ रुपये का बड़ा ऑर्डर मिला है। यह ऑर्डर यूनिवर्सल रॉकेट लॉन्चर सिस्टम से जुड़े ग्राउंड इक्विपमेंट, एक्सेसरी और गोला-बारूद की सप्लाई के लिए है। इसमें लंबी दूरी तक मार करने वाले रॉकेट भी शामिल हैं।
डिफेंस सेक्टर से जुड़े इस बड़े ऑर्डर के चलते NIBE स्टॉक पर निवेशकों की खास नजर रह सकती है।











