दिल्ली से हल्द्वानी लौट रही उत्तराखंड रोडवेज की अनुबंधित सीएनजी बस पिलखुवा टोल प्लाजा के पास डंपर से टकरा गई। हादसे में चालक समेत चार लोग घायल हो गए। बस का अगला हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया।
हल्द्वानी: दिल्ली से हल्द्वानी लौट रही उत्तराखंड रोडवेज की एक अनुबंधित सीएनजी बस रविवार देर रात उत्तर प्रदेश के पिलखुवा टोल प्लाजा के पास सड़क हादसे का शिकार हो गई। आगे चल रहे डंपर के अचानक ब्रेक लगाने से बस पीछे से उससे टकरा गई। हादसे में चालक समेत चार लोग घायल हुए हैं, जबकि बस का अगला हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई।
देर रात हुआ सड़क हादसा
जानकारी के अनुसार, काठगोदाम डिपो से संबद्ध उत्तराखंड रोडवेज की अनुबंधित सीएनजी बस रविवार देर रात दिल्ली से हल्द्वानी के लिए रवाना हुई थी। बस में चालक और परिचालक सहित कुल 12 लोग सवार थे। रात करीब डेढ़ बजे जब बस पिलखुवा टोल प्लाजा के पास पहुंची, तभी आगे चल रहे एक डंपर ने अचानक इमरजेंसी ब्रेक लगा दिए।

बस चालक ने वाहन रोकने का प्रयास किया, लेकिन दूरी कम होने के कारण बस सीधे डंपर के पीछे जा टकराई। टक्कर इतनी जोरदार थी कि बस का अगला हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया।
चालक सहित चार लोग घायल
हादसे में बस चालक के पैर में गंभीर चोट आई, जबकि बस में सवार तीन अन्य यात्रियों को भी चोटें लगीं। दुर्घटना के तुरंत बाद स्थानीय लोगों और पुलिस की मदद से घायलों को सुरक्षित बाहर निकाला गया। प्राथमिक उपचार के बाद उनकी स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है।
अधिकारियों के अनुसार, सभी घायलों की हालत फिलहाल खतरे से बाहर बताई जा रही है। हालांकि, चिकित्सकीय जांच के बाद ही उनकी स्थिति के बारे में अंतिम जानकारी सामने आएगी।
पीछे चल रही दो कारें भी भिड़ीं
बस और डंपर की टक्कर के बाद पीछे से आ रही दो कारें भी समय पर नहीं रुक सकीं और आपस में टकरा गईं। हालांकि, इन वाहनों में सवार लोगों के गंभीर रूप से घायल होने की कोई सूचना नहीं मिली है। हादसे के कारण कुछ समय तक हाईवे पर यातायात प्रभावित रहा, जिसे बाद में पुलिस ने सामान्य कराया।
रोडवेज अधिकारियों ने दी जानकारी
उत्तराखंड रोडवेज के काठगोदाम डिपो के सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक (एआरएम) गणेश पंत ने बताया कि प्रारंभिक जानकारी के अनुसार हादसा आगे चल रहे डंपर के अचानक इमरजेंसी ब्रेक लगाने के कारण हुआ। चालक ने बस को नियंत्रित करने की पूरी कोशिश की, लेकिन टक्कर टाली नहीं जा सकी।
उन्होंने बताया कि दुर्घटनाग्रस्त बस को हटाने की कार्रवाई की जा रही है और घटना के कारणों की भी जांच की जाएगी। यदि किसी स्तर पर लापरवाही सामने आती है तो नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
सड़क सुरक्षा को लेकर फिर उठे सवाल
इस हादसे ने एक बार फिर हाईवे पर सुरक्षित दूरी बनाए रखने और सावधानीपूर्वक वाहन चलाने की आवश्यकता को उजागर किया है। विशेषज्ञों का कहना है कि तेज रफ्तार और अचानक ब्रेक लगने जैसी परिस्थितियों में दुर्घटनाओं का जोखिम बढ़ जाता है। विशेष रूप से रात के समय लंबी दूरी की यात्रा करने वाले भारी वाहनों और बस चालकों को अतिरिक्त सतर्कता बरतने की जरूरत होती है।
फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। हादसे में घायल यात्रियों का उपचार जारी है और दुर्घटना के वास्तविक कारणों का पता लगाने के लिए आवश्यक साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं।











