दक्षिण-पश्चिम मानसून की वापसी की प्रक्रिया जारी है। फिलहाल इसकी वापसी रेखा असम के धुबरी, पश्चिम बंगाल के कोलकाता, ओडिशा के अंगुल, तेलंगाना के खम्मम और कर्नाटक के होन्नावर से होकर गुजर रही है।
IMD Weather Alert: देश के कई हिस्सों में मानसून की वापसी के बीच मौसम एक बार फिर करवट लेने वाला है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के हवाले से दी गई जानकारी के अनुसार, 15 अक्टूबर को देश के 22 राज्यों में बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं की आशंका जताई गई है। कुछ इलाकों में हवा की रफ्तार 75 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है। पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन की आशंका को देखते हुए सतर्क रहने की जरूरत है, जबकि तटीय इलाकों के मछुआरों को समुद्र में जाने से बचने की सलाह दी गई है।
मौसम में इस बदलाव के बीच लोगों को यात्रा की योजना बनाते समय स्थानीय मौसम संबंधी चेतावनियों पर ध्यान देने और खराब मौसम के दौरान सावधानी बरतने की सलाह दी जाती है।
मानसून की वापसी के बीच क्यों बदल रहा है मौसम?
मौसम विभाग के अनुसार, देश के अलग-अलग हिस्सों में कई मौसमी प्रणालियां सक्रिय हैं। जम्मू के ऊपर निचले वायुमंडलीय स्तर पर पश्चिमी विक्षोभ से जुड़ा चक्रवाती परिसंचरण मौजूद है। उत्तरी हरियाणा और आसपास के क्षेत्रों में भी चक्रवाती परिसंचरण बना हुआ है। इसके अलावा, उत्तर-पश्चिमी बंगाल की खाड़ी तक फैली ट्रफ और दक्षिणी राजस्थान के मध्य हिस्से में मौजूद ऊपरी हवा का चक्रवाती परिसंचरण भी मौसम को प्रभावित कर सकता है। इन प्रणालियों के कारण कुछ क्षेत्रों में बारिश, गरज-चमक और तेज हवाएं चलने की संभावना बनती है।
दक्षिण-पश्चिम मानसून की वापसी रेखा असम के धुबरी, कोलकाता, ओडिशा के अंगुल, तेलंगाना के खम्मम और कर्नाटक के होन्नावर जैसे क्षेत्रों से गुजर रही है। मानसून की वापसी के बावजूद अन्य मौसमी प्रणालियों के कारण बारिश की गतिविधियां जारी रह सकती हैं।
इन 22 राज्यों में मौसम बिगड़ने की आशंका
दी गई जानकारी में जिन राज्यों के लिए बारिश और आंधी की चेतावनी का उल्लेख है, उनमें दिल्ली, उत्तर प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, राजस्थान, बिहार, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, झारखंड, ओडिशा, पश्चिम बंगाल, पंजाब, हरियाणा, उत्तराखंड, महाराष्ट्र, गुजरात, तमिलनाडु, कर्नाटक, तेलंगाना, केरल, असम और अरुणाचल प्रदेश शामिल हैं।
हालांकि, सभी राज्यों में बारिश की तीव्रता और हवा की गति एक जैसी नहीं होगी। स्थानीय परिस्थितियों के आधार पर कुछ स्थानों पर हल्की बारिश, जबकि अन्य क्षेत्रों में तेज बारिश और गरज-चमक देखने को मिल सकती है। लोगों को अपने जिले के लिए जारी ताजा मौसम बुलेटिन जरूर देखना चाहिए।

दिल्ली और उत्तर प्रदेश में कैसा रहेगा मौसम?
दिल्ली में 15 अक्टूबर को बारिश और आंधी की संभावना जताई गई है। उपलब्ध पूर्वानुमान के अनुसार, हवा की गति सामान्य तौर पर 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे रह सकती है और कुछ समय के लिए 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है। राजधानी में अधिकतम तापमान करीब 26 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 21 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान दिया गया है।
उत्तर प्रदेश के मेरठ, अलीगढ़, बिजनौर, जौनपुर, मऊ, देवरिया, बहराइच, मथुरा, गाजियाबाद और कानपुर सहित कुछ क्षेत्रों में बारिश और तेज हवाओं की आशंका बताई गई है। कुछ इलाकों में हवा की गति 75 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने का अनुमान है। लखनऊ में अधिकतम तापमान करीब 32 डिग्री और न्यूनतम 22 डिग्री सेल्सियस रह सकता है।
राजस्थान, मध्य प्रदेश और उत्तराखंड में अलर्ट
राजस्थान के बीकानेर, पाली, सीकर, टोंक, झुंझुनूं, अलवर, श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़ और कोटा जैसे क्षेत्रों में बारिश और आंधी की संभावना जताई गई है। जयपुर में अधिकतम तापमान करीब 33 डिग्री और न्यूनतम 22 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। मध्य प्रदेश के झाबुआ, देवास, उज्जैन, श्योपुर, मुरैना, सतना, सीधी, अलीराजपुर और पन्ना सहित कुछ जिलों में बारिश की आशंका है। भोपाल में अधिकतम तापमान लगभग 32 डिग्री और न्यूनतम 21 डिग्री सेल्सियस रह सकता है।
उत्तराखंड में पौड़ी गढ़वाल, हरिद्वार, बागेश्वर, ऊधम सिंह नगर, रुद्रप्रयाग और नैनीताल के कुछ हिस्सों में बारिश, तेज हवाओं और बिजली गिरने की आशंका जताई गई है। कहीं-कहीं ओलावृष्टि भी हो सकती है। पहाड़ी क्षेत्रों में यात्रा करने वालों को भूस्खलन और सड़क बाधित होने के संभावित खतरे को ध्यान में रखना चाहिए।











