देश में पहाड़ों से लेकर मैदानी इलाकों तक मानसून पूरी रफ्तार में है। लगातार हो रही बारिश के कारण देश की कई प्रमुख नदियां उफान पर हैं। गंगा, यमुना, नर्मदा और चिनाब समेत कई नदियों का जलस्तर बढ़ने से इनके किनारे रहने वाले लोगों की चिंता बढ़ गई है।
स्पोर्ट्स न्यूज़: भारत में दक्षिण-पश्चिम मानसून की सक्रियता बनी हुई है। सोमवार, 10 अगस्त 2026 को देश के कई हिस्सों में भारी बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं का दौर जारी रहने की संभावना है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के ताजा पूर्वानुमान के अनुसार उत्तर-पश्चिम भारत के कई हिस्सों में व्यापक बारिश हो सकती है।
हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में अगले कुछ दिनों तक बारिश की गतिविधियां बनी रहने की संभावना है, जबकि जम्मू-कश्मीर और आसपास के पहाड़ी क्षेत्रों में भी 10 से 13 अगस्त के बीच बारिश का दौर जारी रह सकता है। बारिश का असर मैदानी इलाकों पर भी दिखाई दे रहा है। दिल्ली-NCR, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, बिहार, झारखंड, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, पश्चिम बंगाल, ओडिशा, गुजरात, महाराष्ट्र और केरल समेत कई राज्यों में मौसम बदलने के आसार हैं। ऐसे में स्थानीय प्रशासन की सलाह का पालन करना और मौसम की ताजा जानकारी देखकर ही यात्रा करना जरूरी है।
दिल्ली-NCR में बारिश और तेज हवाओं का अलर्ट
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली और आसपास के क्षेत्रों में सोमवार को बारिश की संभावना है। IMD के उप-मंडलवार पूर्वानुमान में हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली के लिए 10 अगस्त को भारी बारिश की चेतावनी दी गई है। बारिश के साथ तेज हवाएं और गरज-चमक भी परेशानी बढ़ा सकती है। लगातार बारिश की स्थिति में निचले इलाकों में जलभराव और यातायात प्रभावित होने का खतरा रहता है। यमुना के जलस्तर पर भी प्रशासन की नजर बनी हुई है।
उत्तर प्रदेश में भी सक्रिय रहेगा मानसून
उत्तर प्रदेश में मानसूनी गतिविधियां तेज रहने की संभावना है। IMD ने 10 अगस्त को पूर्वी उत्तर प्रदेश में व्यापक बारिश का अनुमान जताया है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश में भी भारी बारिश की संभावना बताई गई है। बारिश के कारण नदियों के जलस्तर में बढ़ोतरी और निचले इलाकों में जलभराव जैसी स्थिति पैदा हो सकती है। लोगों को नदी और जलभराव वाले क्षेत्रों से दूरी बनाए रखने की सलाह दी जाती है।

हिमाचल प्रदेश में भारी से बहुत भारी बारिश
पहाड़ी राज्यों में मौसम सबसे ज्यादा चुनौतीपूर्ण रह सकता है। IMD के अनुसार हिमाचल प्रदेश में 10 और 11 अगस्त को कुछ स्थानों पर बहुत भारी बारिश की संभावना है। इसके बाद 12 से 14 अगस्त तक भी भारी बारिश का दौर जारी रह सकता है। भारी बारिश के कारण पहाड़ी इलाकों में भूस्खलन, सड़क बाधित होने और अचानक बाढ़ जैसी घटनाओं का जोखिम बढ़ जाता है। यात्रियों को संवेदनशील पहाड़ी मार्गों पर अतिरिक्त सावधानी बरतने की जरूरत है।
उत्तराखंड में भी तेज बारिश का दौर
उत्तराखंड में भी अगले कई दिनों तक व्यापक बारिश का अनुमान है। IMD ने राज्य में 10 से 15 अगस्त के बीच व्यापक बारिश की संभावना जताई है। पहाड़ों में लगातार बारिश होने पर भूस्खलन और मलबा आने की घटनाएं बढ़ सकती हैं। चारधाम और अन्य पर्वतीय मार्गों पर यात्रा करने वाले लोगों को स्थानीय प्रशासन और मौसम विभाग की चेतावनियों को प्राथमिकता देने की सलाह दी जाती है।
राजस्थान और मध्य भारत में भी बारिश
पूर्वी राजस्थान में 10 से 13 अगस्त तक व्यापक बारिश का पूर्वानुमान है। पश्चिमी राजस्थान में भी गरज-चमक और तेज मौसम गतिविधि की संभावना है। IMD के अनुसार पश्चिमी राजस्थान के लिए 10 अगस्त को आंधी-तूफान और बिजली चमकने जैसी गतिविधियों की चेतावनी जारी की गई है। मध्य भारत के कुछ हिस्सों में भी मानसून सक्रिय है। मध्य प्रदेश और आसपास के क्षेत्रों में भारी बारिश के कारण नदियों और जलाशयों का जलस्तर बढ़ने की स्थिति पर नजर रखी जा रही है।
बिहार, झारखंड और पूर्वी भारत में भी बारिश
बिहार में 10 से 13 अगस्त के दौरान बारिश की गतिविधियां जारी रहने की संभावना है। झारखंड में भी अलग-अलग इलाकों में बारिश का दौर देखने को मिल सकता है। पश्चिम बंगाल, ओडिशा और पूर्वोत्तर भारत के कई हिस्सों में भी मानसून सक्रिय रहने की संभावना है। ऐसे में स्थानीय स्तर पर जलभराव और तेज बारिश से जुड़ी परेशानियां सामने आ सकती हैं।










