यूक्रेन और रूस के बीच जारी तनाव ने एक बार फिर नया रूप ले लिया है। शनिवार को यूक्रेन ने अपने ओडिसा पोर्ट पर रूस द्वारा तुर्की के जहाज पर बैलिस्टिक मिसाइल हमले के जवाब में रूसी क्षेत्र सारातोव पर ड्रोन हमला किया। यह पलटवार महज 24 घंटे के भीतर किया गया।
मॉस्को: यूक्रेन ने ओडिसा पोर्ट पर रूस द्वारा तुर्की के जहाज पर बैलिस्टिक मिसाइल हमले का जवाब दिया है। महज 24 घंटे के भीतर किए गए इस यूक्रेनी ड्रोन हमले में रूस के दक्षिण-पश्चिमी सारातोव क्षेत्र में कम से कम दो लोगों की मौत हुई और यूक्रेन के कुछ हिस्सों में बिजली गुल हो गई। स्थानीय अधिकारियों ने शनिवार को इस हमले की जानकारी दी।
सारातोव क्षेत्र के गवर्नर रोमन बुसार्गिन ने बताया कि ड्रोन हमले से एक रिहायशी इमारत क्षतिग्रस्त हुई और एक किंडरगार्टन तथा क्लिनिक की कई खिड़कियां टूट गईं। इस बीच, अमेरिका नेतृत्व वाली युद्ध समाप्ति की शांति वार्ता भी जोरों पर जारी है।
रूस ने 41 यूक्रेनी ड्रोन मार गिराए
सारातोव के गवर्नर रोमन बुसार्गिन ने बताया कि ड्रोन हमले से एक रिहायशी इमारत क्षतिग्रस्त हो गई और एक किंडरगार्टन तथा क्लिनिक की कई खिड़कियां टूट गईं। स्थानीय अधिकारियों ने कहा कि हमला नागरिक जीवन पर प्रत्यक्ष प्रभाव डालता है। इसके अलावा, यूक्रेन के कुछ हिस्सों में बिजली आपूर्ति बाधित हो गई।
रूस के रक्षा मंत्रालय ने शनिवार को कहा कि रातभर में 41 यूक्रेनी ड्रोन को मार गिराया गया। वहीं, यूक्रेन के क्षेत्रीय प्रमुख ओलेक्सांद्र प्रोकुदिन ने बताया कि खेरसॉन क्षेत्र में रूसी हमलों से ऊर्जा अवसंरचना क्षतिग्रस्त हुई, जिसके कारण वहां शनिवार को बिजली नहीं थी। यूक्रेनी अधिकारियों का कहना है कि रूस यूक्रेनी पावर ग्रिड को लकवा मारने का प्रयास कर रहा है, ताकि नागरिकों को चौथी सर्दी में गर्मी, बिजली और पानी जैसी मूलभूत सुविधाओं से वंचित किया जा सके।

डोनाबास पर रूसी दबदबा
ताजा हमले ऐसे समय हुए हैं जब क्रेमलिन सलाहकार यूरी उशाकोव ने कहा कि यदि शांति समझौता होता भी है, तब भी पूर्वी यूक्रेन के डोनाबास क्षेत्र में रूसी पुलिस और नेशनल गार्ड की तैनाती जारी रहेगी। यह मॉस्को की उस महत्वाकांक्षा को रेखांकित करता है कि युद्ध समाप्त होने के बाद भी डोनाबास पर अपना नियंत्रण बनाए रखा जाए।
यूक्रेन और रूस के बीच शांति वार्ता में अमेरिका की मध्यस्थता जारी है। हालांकि, अमेरिका नेतृत्व वाली वार्ता लंबी खिंच रही है और यूक्रेन द्वारा कुछ शर्तों को खारिज करने की संभावना बनी हुई है। उशाकोव ने कहा कि मॉस्को तब ही युद्धविराम को मंजूरी देगा, जब यूक्रेनी सेनाएं फ्रंटलाइन से पीछे हट जाएंगी। इस बीच, जर्मनी ने घोषणा की है कि सोमवार को वह यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोदिमिर ज़ेलेंस्की की मेजबानी करेगा।










