बागेश्वर में स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर प्रभात फेरी निकालकर देशभक्ति और सामाजिक जागरूकता का संदेश दिया गया। सुबह निकाली गई प्रभात फेरी में बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए। हाथों में तिरंगा लेकर प्रतिभागियों ने देशभक्ति के नारे लगाए और लोगों को राष्ट्र के प्रति जिम्मेदारियों का संदेश दिया। इस दौरान नशामुक्त समाज बनाने की शपथ भी दिलाई गई।
प्रभात फेरी का माहौल पूरी तरह देशभक्ति से ओतप्रोत रहा। रास्ते में देशभक्ति के गीत और नारे गूंजते रहे। प्रतिभागियों ने भारत माता की जय और वंदे मातरम् के नारों के साथ स्वतंत्रता दिवस की भावना को लोगों तक पहुंचाया। सुबह-सुबह शहर की सड़कों पर निकली इस यात्रा ने लोगों का ध्यान आकर्षित किया।
प्रभात फेरी में विभिन्न वर्गों के लोगों ने हिस्सा लिया। विद्यार्थियों, युवाओं और स्थानीय नागरिकों के साथ सामाजिक संगठनों से जुड़े लोगों की भी भागीदारी रही। प्रतिभागियों ने तिरंगा लेकर अनुशासन के साथ यात्रा पूरी की और लोगों से देशहित में सकारात्मक भूमिका निभाने की अपील की।
कार्यक्रम के दौरान देशभक्ति के साथ नशे के खिलाफ जागरूकता पर विशेष जोर दिया गया। प्रतिभागियों को बताया गया कि नशे की लत व्यक्ति के साथ-साथ उसके परिवार और पूरे समाज को प्रभावित करती है। खासकर युवाओं को नशे से दूर रखने के लिए सामूहिक प्रयास की जरूरत है।
इस दौरान सभी ने नशामुक्ति की शपथ ली। लोगों ने संकल्प लिया कि वे खुद नशे से दूर रहेंगे और अपने परिवार तथा आसपास के लोगों को भी नशे के दुष्प्रभावों के बारे में जागरूक करेंगे। युवाओं को स्वस्थ और सकारात्मक जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित किया गया।
कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि स्वतंत्रता दिवस केवल ध्वजारोहण और राष्ट्रगान तक सीमित नहीं है। देश की प्रगति के लिए प्रत्येक नागरिक को अपनी जिम्मेदारी समझनी होगी। समाज को नशामुक्त बनाना भी इसी जिम्मेदारी का महत्वपूर्ण हिस्सा है।
प्रभात फेरी के दौरान युवाओं को विशेष रूप से नशे से दूर रहने का संदेश दिया गया। वक्ताओं ने कहा कि नशे की वजह से युवा अपनी पढ़ाई, रोजगार और भविष्य से भटक सकते हैं। परिवारों को भी बच्चों की गतिविधियों पर ध्यान देने और किसी तरह के नशे की आदत दिखाई देने पर समय रहते मदद लेने की सलाह दी गई।
बागेश्वर जैसे पहाड़ी जिले में युवाओं की भूमिका को लेकर भी कार्यक्रम में चर्चा हुई। युवाओं को खेल, शिक्षा, रोजगार और सामाजिक गतिविधियों से जोड़ने पर जोर दिया गया। कहा गया कि यदि युवा अपनी ऊर्जा सकारात्मक दिशा में लगाएंगे तो समाज और क्षेत्र का विकास तेजी से हो सकता है।
प्रभात फेरी के दौरान स्थानीय लोगों ने भी प्रतिभागियों का उत्साह बढ़ाया। कई स्थानों पर लोगों ने तिरंगा यात्रा का स्वागत किया। देशभक्ति के नारों के बीच लोगों ने स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं दीं।
कार्यक्रम के आयोजकों ने कहा कि इस तरह के कार्यक्रमों का उद्देश्य केवल स्वतंत्रता दिवस मनाना नहीं, बल्कि समाज में जागरूकता पैदा करना भी है। देशभक्ति की भावना के साथ सामाजिक बुराइयों के खिलाफ लोगों को एकजुट करना जरूरी है।
नशामुक्ति की शपथ के दौरान प्रतिभागियों ने समाज में नशे के खिलाफ वातावरण तैयार करने का संकल्प लिया। लोगों ने कहा कि नशे की समस्या को केवल प्रशासन के भरोसे नहीं छोड़ा जा सकता। परिवार, स्कूल, सामाजिक संगठन और आम नागरिक मिलकर इसके खिलाफ प्रभावी अभियान चला सकते हैं।
कार्यक्रम में स्वच्छता और अनुशासन पर भी जोर दिया गया। प्रतिभागियों से सार्वजनिक स्थानों को साफ रखने और दूसरों को भी स्वच्छता के लिए प्रेरित करने की अपील की गई। आयोजकों ने कहा कि देश के प्रति सम्मान केवल नारों से नहीं, बल्कि जिम्मेदार नागरिक व्यवहार से भी दिखाई देता है।
स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर निकली प्रभात फेरी ने शहर में उत्सव का माहौल बनाया। सुबह के समय तिरंगे के साथ निकले लोगों ने देशभक्ति का संदेश घर-घर तक पहुंचाने का प्रयास किया। इस दौरान लोगों में उत्साह और जोश दिखाई दिया।
कार्यक्रम में शामिल युवाओं ने कहा कि देश की आजादी की कीमत को समझना जरूरी है। स्वतंत्रता सेनानियों के संघर्ष और बलिदान को याद करते हुए आज की पीढ़ी को देश और समाज के लिए सकारात्मक योगदान देना चाहिए।
नशामुक्ति की शपथ को लेकर प्रतिभागियों ने कहा कि स्वस्थ समाज के निर्माण में युवाओं को नशे से दूर रखना सबसे महत्वपूर्ण है। उन्होंने अपने आसपास नशे की समस्या को लेकर जागरूकता फैलाने और जरूरतमंद लोगों को सही सहायता उपलब्ध कराने में सहयोग करने की बात कही।
बागेश्वर में आयोजित इस कार्यक्रम ने स्वतंत्रता दिवस के उत्सव को सामाजिक सरोकार से जोड़ दिया। एक तरफ जहां लोगों ने देशभक्ति का संदेश दिया, वहीं दूसरी तरफ नशामुक्त समाज का संकल्प लेकर सामाजिक जिम्मेदारी निभाने की बात कही।
कुल मिलाकर, बागेश्वर में स्वतंत्रता दिवस के मौके पर निकली प्रभात फेरी में देशभक्ति का संदेश गूंजा। तिरंगा लेकर निकले लोगों ने देश के प्रति जिम्मेदारी का संकल्प लिया और नशामुक्त समाज बनाने की शपथ दिलाई। कार्यक्रम में युवाओं को नशे से दूर रहने, सकारात्मक गतिविधियों से जुड़ने और समाज के विकास में योगदान देने के लिए प्रेरित किया गया।











