बेंगलुरु के यूबी सिटी स्थित स्काई लाउंज में खाद्य सुरक्षा जांच के दौरान करीब 45 किलो खराब मांस, एक्सपायर्ड डेयरी उत्पाद और अस्वच्छ रसोई मिली। अधिकारियों ने कार्रवाई करते हुए पब बंद कराया। अभियान में करीब 132 किलो खाद्य सामग्री जब्त की गई।
बेंगलुरु: कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु में खाद्य सुरक्षा मानकों के उल्लंघन के खिलाफ प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की है। शहर के यूबी सिटी परिसर स्थित स्काई लाउंज (Skyye Lounge) में खाद्य सुरक्षा अधिकारियों की जांच के दौरान कथित तौर पर बेहद अस्वच्छ रसोई, खराब मांस और एक्सपायर्ड डेयरी उत्पाद पाए गए। जांच के बाद अधिकारियों ने पब को बंद करने का निर्देश दिया। शहर के अलग-अलग इलाकों में हुई इस व्यापक कार्रवाई के दौरान करीब 132 किलोग्राम खाद्य सामग्री जब्त की गई।
खाद्य सुरक्षा विभाग ने चलाया व्यापक अभियान
बेंगलुरु अर्बन जिले और BBMP के विभिन्न क्षेत्रों में खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग की ओर से व्यापक निरीक्षण अभियान चलाया गया। इस दौरान रेस्टोरेंट, पब, लाउंज, खाद्य भंडारण केंद्र और अन्य खाद्य कारोबार प्रतिष्ठानों में इस्तेमाल होने वाली सामग्री की गुणवत्ता और भंडारण व्यवस्था की जांच की गई।
अधिकारियों का मुख्य उद्देश्य यह पता लगाना था कि खाद्य कारोबारियों की ओर से निर्धारित सुरक्षा मानकों का पालन किया जा रहा है या नहीं। जांच के दौरान कई प्रतिष्ठानों में खाद्य सामग्री के रखरखाव, स्वच्छता और इस्तेमाल की तारीख से जुड़े नियमों में खामियां सामने आने की जानकारी दी गई। इस अभियान में बड़ी मात्रा में ऐसी खाद्य सामग्री भी मिली, जिसे अधिकारियों ने इस्तेमाल के लिए अनुपयुक्त या संदिग्ध स्थिति में पाया।
यूबी सिटी के स्काई लाउंज की रसोई में मिली गंदगी
बेंगलुरु के प्रमुख व्यावसायिक परिसर यूबी सिटी स्थित स्काई लाउंज में निरीक्षण के दौरान अधिकारियों को रसोई की स्वच्छता व्यवस्था पर गंभीर आपत्तियां मिलीं। जांच टीम ने कथित तौर पर रसोई को अस्वच्छ स्थिति में पाया। निरीक्षण के दौरान वहां रखे मांस और अन्य खाद्य पदार्थों की स्थिति भी जांची गई। अधिकारियों के अनुसार, कुछ चिकन और बीफ खराब हालत में मिले। कुछ बीफ पर फंगस लगे होने की बात भी सामने आई। इसके बाद खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने प्रतिष्ठान को बंद करने की कार्रवाई की। अधिकारियों की ओर से की गई कार्रवाई का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना था कि उपभोक्ताओं को ऐसी खाद्य सामग्री परोसी या बेची न जाए, जो स्वास्थ्य के लिए जोखिम पैदा कर सकती है।
45 किलो खराब मांस मिलने की जानकारी
निरीक्षण के दौरान बड़ी मात्रा में खराब मांस मिलने की जानकारी सामने आई है। रिपोर्ट के मुताबिक करीब 45 किलोग्राम सड़ा या खराब मांस पाया गया। इसमें चिकन और बीफ शामिल बताए गए हैं। कुछ मांस पर फंगस पाए जाने की बात भी कही गई है।
खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने मांस की स्थिति को गंभीरता से लिया, क्योंकि खराब या दूषित मांस के सेवन से खाद्य जनित बीमारियों का खतरा बढ़ सकता है। खासतौर पर रेस्तरां और पब में मांस को उचित तापमान पर रखना और उसकी ताजगी बनाए रखना खाद्य सुरक्षा का महत्वपूर्ण हिस्सा है।
एक्सपायर्ड डेयरी उत्पाद भी जांच के दायरे में
शहर में चलाए गए निरीक्षण अभियान के दौरान कई जगहों पर इस्तेमाल की अवधि समाप्त हो चुके डेयरी उत्पाद भी पाए गए। अधिकारियों ने ऐसे उत्पादों को मानव उपभोग के लिए अनुपयुक्त माना।
डेयरी उत्पादों को उचित तापमान और स्वच्छ परिस्थितियों में रखना बेहद जरूरी होता है। इनके खराब होने पर बैक्टीरिया और अन्य सूक्ष्मजीवों के बढ़ने की संभावना रहती है। ऐसे में एक्सपायर्ड या गलत तरीके से रखे गए दूध से बने उत्पाद उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य के लिए खतरा बन सकते हैं।
132 किलो खाद्य सामग्री जब्त
खाद्य सुरक्षा विभाग के निरीक्षण अभियान के दौरान कुल मिलाकर करीब 132 किलोग्राम खाद्य सामग्री जब्त किए जाने की जानकारी दी गई है। जब्त सामग्री में लगभग 70 किलोग्राम सोया सॉस शामिल था। इसके अलावा करीब 15 लीटर इस्तेमाल किया हुआ कुकिंग ऑयल भी अधिकारियों ने जब्त किया। अधिकारियों ने खाद्य सामग्री की गुणवत्ता, भंडारण और इस्तेमाल की स्थिति की जांच की। जिन उत्पादों को सुरक्षा मानकों के अनुरूप नहीं पाया गया, उन्हें आगे इस्तेमाल होने से रोकने के लिए कार्रवाई की गई।
मछली और मशरूम भी खराब हालत में मिले
निरीक्षण के दौरान केवल मांस और डेयरी उत्पाद ही सवालों के घेरे में नहीं आए। अधिकारियों को कुछ स्थानों पर खराब हो चुकी मछली भी मिली। इसके अलावा फंगस से प्रभावित मांस और ऐसे मशरूम भी पाए गए, जिन्हें उपभोग के लिए उपयुक्त नहीं माना गया। कुछ सॉस और अन्य खाद्य सामग्री की गुणवत्ता पर भी अधिकारियों ने आपत्ति जताई। खाद्य सुरक्षा टीम ने प्रतिष्ठानों में मौजूद सामग्री की स्थिति और उसके भंडारण के तरीके को जांच का हिस्सा बनाया।
इस्तेमाल किए गए तेल को लेकर भी सवाल
निरीक्षण के दौरान करीब 15 लीटर इस्तेमाल किया हुआ कुकिंग ऑयल भी जब्त किए जाने की जानकारी सामने आई। खाद्य कारोबारियों द्वारा तेल के बार-बार इस्तेमाल और उसके सही तरीके से निपटान को लेकर खाद्य सुरक्षा मानकों का पालन करना जरूरी होता है। अधिकारियों की कार्रवाई से यह संकेत मिलता है कि अब रेस्टोरेंट और अन्य खाद्य प्रतिष्ठानों में केवल खाद्य सामग्री की गुणवत्ता ही नहीं, बल्कि खाना पकाने और भंडारण की पूरी प्रक्रिया की भी जांच की जा रही है।
कई खाद्य प्रतिष्ठान जांच के दायरे में
बेंगलुरु में यह अभियान केवल एक पब तक सीमित नहीं रहा। खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग की टीमों ने शहर के अलग-अलग हिस्सों में कई खाद्य कारोबार प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया। इस दौरान कुछ प्रतिष्ठानों में खाद्य सामग्री की समाप्त हो चुकी अवधि, खराब भंडारण व्यवस्था और स्वच्छता से जुड़ी कमियां सामने आने की जानकारी दी गई। अधिकारियों ने ऐसे मामलों में नियमों के अनुसार कार्रवाई शुरू की। बेंगलुरु में रेस्टोरेंट, पब और अन्य खाद्य प्रतिष्ठानों की निगरानी हाल के समय में बढ़ाई गई है। इसका उद्देश्य खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता बनाए रखना और उपभोक्ताओं को असुरक्षित भोजन से बचाना है।
खाद्य सुरक्षा नियमों के पालन पर जोर
खाद्य सुरक्षा अधिकारियों का कहना है कि खाद्य कारोबारियों के लिए सामग्री की गुणवत्ता और स्वच्छता बनाए रखना अनिवार्य है। कच्चे मांस, मछली, डेयरी उत्पाद और अन्य जल्दी खराब होने वाली वस्तुओं को निर्धारित परिस्थितियों में रखना जरूरी होता है।
इसके अलावा खाद्य प्रतिष्ठानों को यह भी सुनिश्चित करना होता है कि एक्सपायर्ड या खराब सामग्री का इस्तेमाल भोजन तैयार करने में न किया जाए। रसोई की सफाई, खाद्य सामग्री का उचित भंडारण और इस्तेमाल किए गए तेल का सुरक्षित निपटान भी खाद्य सुरक्षा व्यवस्था का महत्वपूर्ण हिस्सा है।
कार्रवाई आगे भी जारी रहने के संकेत
बेंगलुरु में खाद्य प्रतिष्ठानों की जांच के इस अभियान से संकेत मिलता है कि प्रशासन आने वाले दिनों में भी ऐसे निरीक्षण जारी रख सकता है। अधिकारियों का उद्देश्य नियमों का उल्लंघन करने वाले प्रतिष्ठानों की पहचान करना और उपभोक्ताओं तक असुरक्षित भोजन पहुंचने से रोकना है। स्काई लाउंज पर की गई कार्रवाई के बाद शहर के अन्य पब, रेस्टोरेंट और खाद्य कारोबारियों में भी खाद्य सुरक्षा नियमों को लेकर सतर्कता बढ़ने की उम्मीद है। प्रशासन की ओर से स्पष्ट किया गया है कि खाद्य सुरक्षा मानकों का उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित प्रतिष्ठानों के खिलाफ आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
बेंगलुरु में हुई इस कार्रवाई ने एक बार फिर रेस्टोरेंट और पब की रसोई में स्वच्छता, खाद्य सामग्री के सही भंडारण और एक्सपायर्ड उत्पादों की निगरानी के महत्व को सामने ला दिया है। उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए खाद्य सुरक्षा विभाग की ओर से निरीक्षण और प्रवर्तन अभियान आगे भी जारी रहने की संभावना है।











