झारखंड के चतरा जिले में शुक्रवार को एक दर्दनाक हादसे ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया। सदर थाना क्षेत्र के बरैनी पंचायत के घूरनाडीह गांव के पास तड़गू नदी में नहाने गए तीन बच्चे गहरे पानी में चले गए। हादसे में दो बच्चों की डूबने से मौत हो गई, जबकि तीसरा बच्चा अभी लापता है। घटना की जानकारी मिलते ही स्थानीय ग्रामीणों ने नदी में खोजबीन शुरू की। काफी प्रयास के बाद दो बच्चों के शव बरामद कर लिए गए, लेकिन तीसरे बच्चे का अब तक कोई पता नहीं चल सका है। उसकी तलाश के लिए नदी में खोज अभियान लगातार चलाया जा रहा है।
जानकारी के मुताबिक, शुक्रवार सुबह तीन बच्चे तड़गू नदी में नहाने के लिए पहुंचे थे। तीनों नदी में नहा रहे थे। इसी दौरान वे धीरे-धीरे गहरे पानी की तरफ चले गए और अचानक डूबने लगे। बच्चों के डूबने की जानकारी आसपास के लोगों को मिली तो मौके पर अफरा-तफरी मच गई। ग्रामीण तुरंत नदी के पास पहुंचे और अपने स्तर पर बच्चों की तलाश शुरू कर दी।
कुछ समय बाद नदी में दो बच्चों के शव दिखाई दिए। ग्रामीणों की मदद से दोनों शवों को पानी से बाहर निकाला गया। एक बच्चे का शव नदी के अंदर से बरामद हुआ, जबकि दूसरे का शव नदी के किनारे से मिला। हादसे के बाद मौके पर बड़ी संख्या में ग्रामीण जुट गए। घटना की सूचना पुलिस को दी गई, जिसके बाद सदर थाना पुलिस भी मौके पर पहुंची और पूरे मामले की जानकारी जुटाने में लग गई।
तीसरे बच्चे के लापता होने की वजह से परिजनों और ग्रामीणों की चिंता बढ़ गई है। पुलिस और स्थानीय लोग लगातार यह पता लगाने का प्रयास कर रहे हैं कि तीसरा बच्चा नदी में ही डूबा है या किसी तरह बाहर निकलकर वहां से चला गया। फिलहाल इसकी पुष्टि नहीं हो सकी है। नदी के अलग-अलग हिस्सों में खोजबीन की जा रही है।
घटनास्थल के आसपास से बच्चों से संबंधित कई सामान भी बरामद हुए हैं। नदी किनारे दो साइकिल, तीन जोड़ी चप्पल, दो बैग और अन्य सामान मिला है। पुलिस ने इन सामानों को अपने कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। इन वस्तुओं के आधार पर पुलिस बरामद दोनों शवों की पहचान कराने का प्रयास कर रही है। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि बरामद सामान तीनों बच्चों का ही है या इसमें किसी अन्य व्यक्ति का सामान भी शामिल है।
हादसे की खबर फैलते ही आसपास के गांवों में भी लोगों की भीड़ घटनास्थल पर पहुंचने लगी। नदी के किनारे बड़ी संख्या में ग्रामीण जमा हो गए। हर कोई तीसरे बच्चे के सुरक्षित मिलने की उम्मीद लगाए हुए है। स्थानीय लोगों की मदद से नदी में लगातार तलाश की जा रही है। पुलिस भी मौके पर मौजूद रहकर खोज अभियान और जांच की निगरानी कर रही है।
ग्रामीणों के मुताबिक, बच्चे सुबह नदी की तरफ नहाने के लिए गए थे। उन्हें इस बात का अंदाजा नहीं था कि नदी में पानी की गहराई इतनी अधिक हो सकती है। नहाने के दौरान गहरे पानी में जाने के बाद बच्चों के सामने संभलने का मौका नहीं मिला। देखते ही देखते दो बच्चे पानी में डूब गए और तीसरा भी लापता हो गया।
इस घटना के बाद इलाके में शोक का माहौल है। जिन परिवारों के बच्चे हादसे का शिकार हुए हैं, उनके घरों में मातम पसरा हुआ है। परिजन नदी के किनारे पहुंचकर अपने बच्चों के बारे में जानकारी लेने में जुटे हैं। दो बच्चों के शव मिलने के बाद परिवारों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है, जबकि तीसरे बच्चे की तलाश जारी रहने से उसके परिजनों की चिंता लगातार बनी हुई है।
पुलिस ने घटनास्थल का जायजा लेकर आसपास के लोगों से भी जानकारी जुटाई है। हादसे की परिस्थितियों को समझने के लिए स्थानीय ग्रामीणों से पूछताछ की जा रही है। नदी किनारे मिले सामान को भी जांच के लिए सुरक्षित रखा गया है। बरामद बच्चों की पहचान होने के बाद पुलिस आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी करेगी।
तीसरे बच्चे की तलाश इस समय सबसे बड़ी प्राथमिकता बनी हुई है। स्थानीय गोताखोर नदी के संभावित स्थानों पर खोजबीन कर रहे हैं। नदी की गहराई और पानी के भीतर संभावित बहाव को देखते हुए तलाशी अभियान में मुश्किलें भी सामने आ सकती हैं। इसके बावजूद स्थानीय लोग लगातार खोज में जुटे हुए हैं।
तड़गू नदी में हुए इस हादसे ने एक बार फिर नदियों और जलस्रोतों में नहाने के दौरान सावधानी बरतने की जरूरत को सामने ला दिया है। बारिश के मौसम में नदियों का जलस्तर और बहाव तेजी से बदल सकता है। कई जगह पानी की ऊपरी सतह शांत दिखाई देती है, लेकिन नीचे गहराई काफी अधिक होती है। ऐसे में बच्चों का अकेले या बिना निगरानी नदी में जाना जोखिम भरा हो सकता है।
चतरा की इस घटना में भी तीन बच्चे नदी में नहाने पहुंचे थे और देखते ही देखते हादसा हो गया। दो बच्चों की जान चली गई, जबकि तीसरा अभी तक लापता है। ग्रामीणों की कोशिश और पुलिस की मौजूदगी में तलाश अभियान जारी है। सभी की निगाहें अब इस बात पर टिकी हैं कि तीसरे बच्चे का कोई सुराग कब तक मिल पाता है।
फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है और बरामद दोनों बच्चों की पहचान कराने की कोशिश की जा रही है। घटनास्थल से मिले सामान के आधार पर भी बच्चों और उनके परिवारों की जानकारी जुटाई जा रही है। तीसरे बच्चे की तलाश नदी में लगातार जारी है। जैसे-जैसे अभियान आगे बढ़ेगा, हादसे से जुड़ी और जानकारी सामने आने की उम्मीद है।
चतरा के बरैनी पंचायत क्षेत्र में हुई इस घटना ने स्थानीय लोगों को गहरे सदमे में डाल दिया है। एक साथ तीन बच्चों के नदी में डूबने की खबर से ग्रामीणों में भी शोक और चिंता का माहौल है। दो बच्चों के शव बरामद होने के बाद उनके परिवारों में मातम है, जबकि तीसरे बच्चे के परिजन अभी भी उसके मिलने की उम्मीद लगाए हुए हैं। पुलिस और स्थानीय लोग तीसरे बच्चे की तलाश में जुटे हैं और घटनास्थल पर अभियान जारी है।








