Cyber fraud exposed: साइबर ठगों की खैर नहीं, मोबाइल नंबर और UPI ID से खुलेगा 'काला चिट्ठा', जानिए कैसे बचे धोखाधड़ी से

साइबर ठगी के मामलों से निपटने के लिए नेशनल साइबर क्राइम पोर्टल का उपयोग करें। मोबाइल नंबर, ईमेल या UPI ID से ठगों की जानकारी हासिल करें। सतर्क रहें, सुरक्षित

Cyber fraud: आज के डिजिटल युग में ऑनलाइन ठगी के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। सरकार लगातार लोगों को सतर्क करने के लिए एडवर्टाइजमेंट और अभियान चला रही है। फोन की डायलर टोन से लेकर सोशल मीडिया पर जागरूकता संदेश तक, हर मंच पर साइबर अपराध से बचने की सलाह दी जा रही है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि आप किसी साइबर ठग की पूरी कुंडली, यानी उसका 'काला चिट्ठा', आसानी से जान सकते हैं?

नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल आपकी सुरक्षा का साथी

Cyber fraud exposed: साइबर ठगों की खैर नहीं, मोबाइल नंबर और UPI ID से खुलेगा 'काला चिट्ठा', जानिए कैसे बचे धोखाधड़ी से

नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल (National Cyber Crime Reporting Portal) साइबर अपराध से निपटने का सबसे प्रभावी साधन है। इस पोर्टल पर न केवल आप साइबर क्राइम की शिकायत दर्ज कर सकते हैं, बल्कि संदिग्ध साइबर ठगों की जानकारी भी प्राप्त कर सकते हैं।

कैसे करें साइबर ठगों की जानकारी हासिल?

•    सबसे पहले National Cyber Crime Reporting Portal की वेबसाइट पर जाएं।
•    वेबसाइट के ‘Report & Check Suspect’ सेक्शन में जाएं।
•    संदिग्ध व्यक्ति का मोबाइल नंबर, ईमेल आईडी या UPI ID दर्ज करें।
•    जैसे ही आप डिटेल्स सबमिट करेंगे, पोर्टल आपको उस नंबर या आईडी के साथ जुड़े किसी भी साइबर क्राइम का इतिहास दिखाएगा।

सावधानी बरतना क्यों है जरूरी?

Cyber fraud exposed: साइबर ठगों की खैर नहीं, मोबाइल नंबर और UPI ID से खुलेगा 'काला चिट्ठा', जानिए कैसे बचे धोखाधड़ी से

•    सोशल मीडिया या एसएमएस से आए किसी भी अज्ञात लिंक पर क्लिक करने से बचें। ये लिंक साइबर ठगी का सबसे बड़ा जरिया बन सकते हैं।
•    ओटीपी (OTP), सीवीवी (CVV), या पासवर्ड जैसी निजी जानकारी कभी भी किसी के साथ साझा न करें।
•    अगर कोई अज्ञात नंबर से कॉल कर आपसे बैंकिंग या पर्सनल जानकारी मांगता है, तो तुरंत सतर्क हो जाएं।

सरकार के प्रयास और अभियान

सरकार ने लोगों को साइबर अपराध से बचाने के लिए विभिन्न अभियान शुरू किए हैं। टेलीविजन, रेडियो, और सोशल मीडिया के माध्यम से जागरूकता फैलाने के साथ-साथ टोल-फ्री नंबर और रिपोर्टिंग पोर्टल का संचालन किया जा रहा हैं।

अगर ठगी का शिकार हो जाएं तो क्या करें?

Cyber fraud exposed: साइबर ठगों की खैर नहीं, मोबाइल नंबर और UPI ID से खुलेगा 'काला चिट्ठा', जानिए कैसे बचे धोखाधड़ी से

अगर आप साइबर ठगी का शिकार हो गए हैं, तो तुरंत 1930 हेल्पलाइन पर कॉल करें या नेशनल साइबर क्राइम पोर्टल पर शिकायत दर्ज करें।

आपकी सतर्कता, आपकी सुरक्षा

साइबर अपराध से बचने का सबसे बड़ा उपाय आपकी खुद की सतर्कता है। डिजिटल लेन-देन करते समय सावधानी बरतें और संदिग्ध गतिविधियों की तुरंत रिपोर्ट करें। याद रखें, छोटी सी सतर्कता आपको बड़े नुकसान से बचा सकती हैं।

Leave a comment