गाजियाबाद के लोनी में साहित्यकार नीलाभ अश्क के घर हुई करोड़ों की चोरी के एक सप्ताह बाद भी पुलिस आरोपितों तक नहीं पहुंच सकी है। डंप डेटा और संदिग्ध मोबाइल नंबरों के आधार पर जांच जारी है।
गाजियाबाद: लोनी के अंकुर विहार थाना क्षेत्र में साहित्यकार नीलाभ अश्क के घर हुई करोड़ों रुपये की चोरी का मामला एक सप्ताह बाद भी अनसुलझा है। पुलिस जांच जारी होने का दावा कर रही है, लेकिन अब तक किसी भी आरोपित की गिरफ्तारी नहीं हो सकी है। मामले में डंप डेटा और संदिग्ध नंबरों की मदद से जांच आगे बढ़ाई जा रही है।
पुण्यतिथि पर घर से बाहर थे परिवार, लौटने पर मिला बिखरा सामान
डीएलएफ अंकुर विहार कॉलोनी निवासी भूमिका द्विवेदी अश्क ने बताया कि 23 जुलाई को उनके पति और प्रसिद्ध साहित्यकार नीलाभ अश्क की 10वीं पुण्यतिथि थी। इस अवसर पर वह घर में ताला लगाकर प्रयागराज गई थीं। वापस लौटने पर उन्होंने देखा कि फ्लैट का मुख्य दरवाजा अंदर से बंद था। किसी के घर के भीतर मौजूद होने की आशंका पर उन्होंने तत्काल पुलिस को सूचना दी।
पुलिस बालकनी के रास्ते घर के अंदर पहुंची और मुख्य दरवाजा खोला। अंदर का नजारा देखकर सभी हैरान रह गए। पूरे घर का सामान अस्त-व्यस्त पड़ा था और चोर कीमती सामान लेकर फरार हो चुके थे।
गहनों से लेकर दुर्लभ मूर्तियां और टोटियां तक ले गए चोर
पीड़िता के अनुसार चोरों ने घर की ग्रिल काटकर प्रवेश किया और नकदी, सोने-चांदी के आभूषण, बहुमूल्य रत्न, पूजा घर में रखा भगवान का सिंहासन, दुर्लभ धार्मिक मूर्तियां समेत कई कीमती वस्तुएं चोरी कर लीं। इतना ही नहीं, बाथरूम और किचन में लगी नल और शॉवर की टोटियां तक उखाड़कर अपने साथ ले गए।
उन्होंने आरोप लगाया कि शिकायत देने के बावजूद पुलिस ने शुरुआत में मामला दर्ज नहीं किया। इसके बाद मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायत करने के बाद एफआईआर दर्ज की गई।
डंप डेटा के आधार पर जांच, गिरफ्तारी का इंतजार
पुलिस का कहना है कि घटनास्थल से डंप डेटा एकत्र किया गया है और संदिग्ध मोबाइल नंबरों की जांच की जा रही है। आसपास के तकनीकी साक्ष्यों और अन्य सुरागों के आधार पर आरोपितों की पहचान करने का प्रयास जारी है।
एसीपी अंकुर विहार अमरदीप मौर्य के अनुसार पुलिस की कई टीमें मामले की जांच जुटी हैं। उन्होंने दावा किया कि जल्द ही आरोपितों की गिरफ्तारी कर चोरी की वारदात का खुलासा किया जाएगा। हालांकि घटना के एक सप्ताह बाद भी पुलिस के हाथ खाली हैं, जिससे पीड़ित परिवार में नाराजगी बनी हुई है।











