सोने और चांदी की कीमतों में आज लगातार तीसरे दिन बढ़त दर्ज की गई। कमजोर अमेरिकी डॉलर और अमेरिकी ट्रेजरी विभाग की ओर से लॉन्ग-टर्म यील्ड को नियंत्रित रखने की कोशिशों से कीमती धातुओं को सपोर्ट मिला।
बिजनेस न्यूज़: सोने और चांदी की कीमतों में शुक्रवार, 21 अगस्त 2026 को लगातार तीसरे कारोबारी सत्र में तेजी देखने को मिली। पिछले तीन सत्रों में सोने का भाव करीब ₹6,400 प्रति 10 ग्राम बढ़ चुका है, जबकि चांदी में लगभग ₹14,000 प्रति किलोग्राम की जोरदार तेजी आई है। कमजोर अमेरिकी डॉलर और अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में नरमी के बीच निवेशकों कीमती धातुओं की ओर आकर्षित हो रहे हैं।
वैश्विक बाजार में डॉलर की कमजोरी का सीधा फायदा सोने और चांदी जैसी डॉलर में कीमत तय होने वाली कमोडिटीज को मिलता है। डॉलर कमजोर होने पर दूसरी मुद्राओं वाले निवेशकों के लिए इन धातुओं की खरीद अपेक्षाकृत सस्ती हो जाती है। इसके अलावा अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड में बदलाव ने भी गोल्ड की मांग को सहारा दिया है।
MCX पर सोना-चांदी कितने पर पहुंची?
मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर शुक्रवार को सोने और चांदी में मजबूत तेजी दर्ज की गई। उपलब्ध बाजार आंकड़ों के अनुसार, अक्टूबर 2026 डिलीवरी वाला गोल्ड फ्यूचर्स करीब ₹1,205 की बढ़त के साथ ₹1,60,630 प्रति 10 ग्राम तक पहुंच गया। वहीं सितंबर 2026 डिलीवरी वाली चांदी करीब ₹2,986 बढ़कर ₹2,46,229 प्रति किलोग्राम के स्तर पर पहुंची।
तीन कारोबारी सत्रों में चांदी की कीमत में करीब ₹14,000 प्रति किलोग्राम की तेजी और सोने में लगभग ₹6,400-₹6,500 प्रति 10 ग्राम की बढ़त दर्ज की गई है। हालिया उछाल ने निवेशकों का ध्यान एक बार फिर बुलियन मार्केट की ओर खींचा है। MCX के ताजा आंकड़ों में भी कीमती धातुओं में मजबूत रुझान दिखाई दे रहा है। 21 अगस्त को कुछ लंबी अवधि के सिल्वर कॉन्ट्रैक्ट में 2.5 से 4 प्रतिशत तक की तेजी दर्ज हुई।
सर्राफा बाजार में भी सोना-चांदी चमकी

MCX के अलावा घरेलू सर्राफा बाजार में भी दोनों कीमती धातुओं की कीमतों में बढ़ोतरी हुई। उपलब्ध खुदरा बाजार आंकड़ों के मुताबिक 24 कैरेट सोना करीब ₹1,60,480 प्रति 10 ग्राम और 22 कैरेट सोना लगभग ₹1,47,100 प्रति 10 ग्राम के स्तर पर पहुंच गया। 18 कैरेट सोने का भाव करीब ₹1,20,360 प्रति 10 ग्राम रहा।
चांदी की कीमत भी करीब ₹5,000 की बढ़त के साथ ₹2,60,000 प्रति किलोग्राम के आसपास पहुंची। हालांकि, शहर, शुद्धता, मेकिंग चार्ज, टैक्स और स्थानीय बाजार की स्थिति के कारण खुदरा कीमतों में अंतर हो सकता है।
अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी मजबूत हुआ गोल्ड
अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी सोने की कीमत मजबूत बनी हुई है। स्पॉट गोल्ड पिछले सत्र में जून की शुरुआत के बाद के उच्च स्तर तक पहुंचने के बाद करीब 4,514 डॉलर प्रति ट्रॉय औंस के आसपास रहा। इस सप्ताह अब तक इसमें करीब 3.2 प्रतिशत की बढ़त दर्ज हुई है। अमेरिकी गोल्ड फ्यूचर्स भी लगभग 4,571 डॉलर प्रति औंस के स्तर पर बने रहे।
चांदी की अंतरराष्ट्रीय कीमत करीब 68 डॉलर प्रति औंस के आसपास रही। वैश्विक स्तर पर डॉलर की कमजोरी और बॉन्ड यील्ड में नरमी ने कीमती धातुओं को सपोर्ट दिया है।
सोने-चांदी की कीमत क्यों बढ़ रही है?
विशेषज्ञों के मुताबिक, मौजूदा तेजी के पीछे कई अंतरराष्ट्रीय कारक काम कर रहे हैं। सबसे प्रमुख कारण अमेरिकी डॉलर में कमजोरी है। इसके अलावा अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड में नरमी से ऐसे निवेशों की आकर्षकता बढ़ती है, जिनसे नियमित ब्याज नहीं मिलता, जैसे सोना। वैश्विक आर्थिक और भू-राजनीतिक अनिश्चितता भी सुरक्षित निवेश के तौर पर सोने की मांग को प्रभावित करती है। दूसरी ओर, चांदी को निवेश मांग के साथ-साथ औद्योगिक उपयोग से भी समर्थन मिलता है।












