नोएडा और आसपास के क्षेत्रों में यात्रियों की बढ़ती आवाजाही को देखते हुए परिवहन व्यवस्था को मजबूत करने की तैयारी की गई है। 6 नवंबर से 17 नवंबर तक यात्रियों को 24 घंटे बस सेवा उपलब्ध कराने की योजना बनाई गई है। इसके लिए कुल 305 बसों को लगाया जाएगा और ये बसें सामान्य संचालन के अलावा 900 अतिरिक्त फेरे भी लगाएंगी। व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के लिए ड्राइवरों की छुट्टियां रद्द कर दी गई हैं ताकि किसी भी समय बसों की कमी न हो और यात्रियों को अपने गंतव्य तक पहुंचने में परेशानी का सामना न करना पड़े।
त्योहारों के दौरान घर जाने वाले यात्रियों की बढ़ती भीड़ को देखते हुए नोएडा और ग्रेटर नोएडा में रोडवेज बसों के संचालन को लेकर विशेष तैयारी की गई है। उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम ने 6 नवंबर से 17 नवंबर तक विशेष बस संचालन अभियान चलाने का फैसला किया है। इस दौरान दोनों डिपो की कुल 305 बसें यात्रियों की सुविधा के लिए उपलब्ध रहेंगी। इन बसों से 900 अतिरिक्त फेरे लगाए जाएंगे। यात्रियों की संख्या बढ़ने पर रात में भी बसों का संचालन किया जाएगा ताकि लोगों को बस के इंतजार में घंटों परेशान न होना पड़े।
यह विशेष व्यवस्था दीपावली भाई दूज और छठ पूजा के मद्देनजर की जा रही है। त्योहारों के दौरान दिल्ली एनसीआर में रहने वाले बड़ी संख्या में लोग अपने घरों की ओर रवाना होते हैं। खासकर पूर्वांचल और बिहार जाने वाले यात्रियों की वजह से बस अड्डों पर भीड़ बढ़ जाती है। ऐसे में परिवहन निगम ने पहले से ही बसों की उपलब्धता बढ़ाने की योजना बनाई है। नोएडा और ग्रेटर नोएडा डिपो की सभी 305 बसों को इस अभियान में लगाया जाएगा।
परिवहन निगम के अधिकारियों के अनुसार दोनों डिपो की बसों की जरूरी जांच और मरम्मत का काम पूरा करा लिया गया है। यात्रियों की संख्या के आधार पर बसों के फेरे बढ़ाए जाएंगे। जिन मार्गों पर यात्रियों की भीड़ अधिक होगी वहां अतिरिक्त बसें उपलब्ध कराई जाएंगी। जरूरत पड़ने पर रात के समय भी बसें चलाई जाएंगी ताकि त्योहारों के दौरान यात्रियों को परिवहन की सुविधा मिलती रहे।
नोएडा डिपो से बुलंदशहर हरिद्वार कोटद्वार बिजनौर मथुरा आगरा देहरादून एटा और सहारनपुर समेत कई प्रमुख शहरों के लिए बसें उपलब्ध रहेंगी। इसके अलावा लखनऊ जाने वाले यात्रियों को भी बस सेवा मिलेगी। जिन यात्रियों को अन्य लंबी दूरी के शहरों में जाना है उन्हें दिल्ली और गाजियाबाद के बस अड्डों से बस पकड़ने की सुविधा मिल सकती है। यात्रियों की मांग के अनुसार संबंधित मार्गों पर अतिरिक्त फेरे लगाने की व्यवस्था रहेगी।
विशेष बस संचालन के लिए परिवहन निगम ने चालक और परिचालकों की छुट्टियां भी रद्द कर दी हैं। विशेष परिस्थितियों को छोड़कर कर्मचारियों को अवकाश नहीं दिया जाएगा। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि त्योहारों के दौरान बसों का संचालन प्रभावित न हो और पर्याप्त संख्या में कर्मचारी उपलब्ध रहें। लगातार ड्यूटी करने वाले चालक और परिचालकों को प्रोत्साहित करने के लिए आर्थिक प्रोत्साहन राशि देने की भी व्यवस्था की गई है।
योजना के तहत निर्धारित दूरी और ड्यूटी पूरी करने वाले चालक और परिचालकों को 11 दिन काम करने पर 4400 रुपये तक दिए जाएंगे। वहीं 12 दिन ड्यूटी करने पर यह प्रोत्साहन राशि बढ़कर 4800 रुपये तक हो सकती है। इसके लिए प्रतिदिन औसतन 300 किलोमीटर बस संचालन का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। संविदा और आउटसोर्सिंग कर्मचारियों को भी अतिरिक्त किलोमीटर के आधार पर भुगतान किया जाएगा।
ई बस चालकों और कार्यशाला में काम करने वाले कर्मचारियों के लिए भी प्रोत्साहन राशि का प्रावधान किया गया है। ई बस चालकों को निर्धारित दूरी पूरी करने पर अतिरिक्त भुगतान मिलेगा। वहीं बसों की मरम्मत और रखरखाव करने वाले कार्यशाला कर्मचारियों को भी लगातार ड्यूटी करने के आधार पर प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। इससे त्योहारों के दौरान बसों की तकनीकी स्थिति बेहतर रखने और संचालन में आने वाली बाधाओं को कम करने में मदद मिलेगी।
परिवहन निगम की इस व्यवस्था से दीपावली और छठ पर घर जाने वाले यात्रियों को राहत मिलने की उम्मीद है। 6 से 17 नवंबर तक चलने वाले विशेष अभियान में बसों की उपलब्धता और यात्रियों की संख्या पर लगातार नजर रखी जाएगी। विभाग का प्रयास है कि त्योहारों के दौरान बस अड्डों पर भीड़ बढ़ने के बावजूद यात्रियों को समय पर बस मिल सके और उन्हें अपने गंतव्य तक पहुंचने में परेशानी न हो।










