Stock Market Today: सेंसेक्स 778 अंक टूटा, निफ्टी 23,150 के नीचे; शुरुआती तेजी के बाद पलटा बाजार

Stock Market Today: शुरुआती तेजी के बाद शेयर बाजार में तेज गिरावट आई। सेंसेक्स 777.94 अंक टूटकर 74,003.82 पर और निफ्टी 23,118.60 पर बंद हुआ

भारतीय शेयर बाजार में मंगलवार को शुरुआती तेजी के बावजूद कारोबार खत्म होते-होते भारी गिरावट देखने को मिली। शुरुआती उछाल के बाद बाजार अपनी बढ़त बरकरार नहीं रख सका और बिकवाली के दबाव में आ गया।

बिजनेस न्यूज़: भारतीय शेयर बाजार में मंगलवार को कारोबार के दौरान भारी उतार-चढ़ाव देखने को मिला। Stock Market Update के मुताबिक, शुरुआती कारोबार में बढ़त बनाने के बाद प्रमुख सूचकांक दिन के अंत तक तेज गिरावट के साथ बंद हुए। सेंसेक्स 778 अंक से अधिक टूटकर 74,003.82 के स्तर पर बंद हुआ, जबकि निफ्टी 23,150 के महत्वपूर्ण स्तर से नीचे फिसलकर 23,118.60 पर पहुंच गया। इस तेज गिरावट के चलते शेयर बाजार के निवेशकों की संपत्ति में करीब 7 लाख करोड़ रुपये की कमी आई।

बाजार में बिकवाली का दबाव केवल कुछ चुनिंदा शेयरों तक सीमित नहीं रहा, बल्कि कई प्रमुख सेक्टरों में कमजोरी देखने को मिली। बढ़ती बॉन्ड यील्ड, कच्चे तेल की महंगी कीमतें, वैश्विक ब्याज दरों को लेकर चिंता और भू-राजनीतिक तनाव ने निवेशकों के सेंटीमेंट पर दबाव बनाया।

शुरुआती तेजी के बाद क्यों पलटा बाजार?

मंगलवार को भारतीय बाजार ने सकारात्मक रुख के साथ शुरुआत की थी, लेकिन यह बढ़त ज्यादा देर कायम नहीं रह सकी। कारोबार आगे बढ़ने के साथ निवेशकों ने जोखिम वाली परिसंपत्तियों से दूरी बनानी शुरू कर दी। वैश्विक बाजारों से मिले कमजोर संकेतों ने भी घरेलू बाजार की धारणा को प्रभावित किया।कच्चे तेल की कीमत 108 डॉलर प्रति बैरल से ऊपर पहुंचने से भारत जैसे बड़े आयातक देश के लिए चिंता बढ़ी। महंगा तेल देश के आयात बिल, महंगाई और कंपनियों की लागत पर असर डाल सकता है। इसका सीधा प्रभाव निवेशकों की धारणा पर भी पड़ता है।

इसके अलावा बॉन्ड यील्ड में बढ़ोतरी और अमेरिका की मौद्रिक नीति को लेकर अनिश्चितता ने इक्विटी बाजार पर दबाव बढ़ाया। ईरान-अमेरिका तनाव से जुड़े भू-राजनीतिक जोखिमों ने भी बाजार में सतर्कता बढ़ाई।

रुपये में भी बड़ी गिरावट

शेयर बाजार की कमजोरी के बीच भारतीय रुपया भी दबाव में रहा। अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपया करीब 0.4 फीसदी गिरकर 95.96 रुपये प्रति डॉलर के स्तर पर बंद हुआ। रिपोर्ट के अनुसार, यह लगभग दो महीनों में रुपये की सबसे बड़ी एकदिवसीय गिरावट रही। रुपये में कमजोरी और कच्चे तेल की ऊंची कीमतें भारतीय अर्थव्यवस्था के लिए अतिरिक्त दबाव पैदा कर सकती हैं। आयात महंगा होने से कंपनियों की लागत और महंगाई पर असर पड़ने की आशंका रहती है।

अदाणी एंटरप्राइजेज और श्रीराम फाइनेंस में भारी बिकवाली

प्रमुख शेयरों में भी निवेशकों ने जमकर बिकवाली की। अदाणी एंटरप्राइजेज और श्रीराम फाइनेंस के शेयरों में करीब चार-चार फीसदी की गिरावट दर्ज की गई। बाजार में जोखिम से बचने की प्रवृत्ति बढ़ने के कारण कई वित्तीय और औद्योगिक शेयर दबाव में रहे। सेक्टोरल प्रदर्शन की बात करें तो सीमेंट, रियल्टी, वित्तीय सेवाएं और मेटल से जुड़े निफ्टी सूचकांकों में सबसे ज्यादा कमजोरी देखने को मिली। बैंकिंग, वित्तीय, कंज्यूमर, हेल्थकेयर और औद्योगिक शेयरों में भी दबाव रहा।

हालांकि, सभी सेक्टरों का प्रदर्शन कमजोर नहीं रहा। एफएमसीजी और आईटी सेक्टर ने बाजार की व्यापक गिरावट के बीच अपेक्षाकृत बेहतर प्रदर्शन किया। आईटी शेयरों में मजबूत खरीदारी देखने को मिली, जिससे इन क्षेत्रों ने बाजार में कुछ सहारा देने की कोशिश की।

Leave a comment