भारत अंतरिक्ष प्रयोगशाला (ISL) ने स्पेस टेक्नोलॉजी में रुचि रखने वाले छात्रों के लिए 45 दिनों की समर इंटर्नशिप शुरू की है। दूसरे बैच में 1000 से अधिक सीटें उपलब्ध हैं और इच्छुक उम्मीदवार 10 जून तक ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।
नई दिल्ली: स्पेस साइंस, सैटेलाइट, ड्रोन और रॉकेट्री जैसे क्षेत्रों में करियर बनाने की तैयारी कर रहे छात्रों के लिए भारत अंतरिक्ष प्रयोगशाला (ISL) ने समर इंटर्नशिप 2026 के दूसरे बैच के लिए आवेदन आमंत्रित किए हैं। 45 दिनों के इस प्रशिक्षण कार्यक्रम के माध्यम से छात्रों को अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी और उससे जुड़े विभिन्न क्षेत्रों की व्यावहारिक जानकारी हासिल करने का अवसर मिलेगा।
ISL ने शुरू किए दूसरे बैच के लिए आवेदन
भारत अंतरिक्ष प्रयोगशाला (ISL) ने छात्रों को अंतरिक्ष विज्ञान और आधुनिक तकनीक से जोड़ने के उद्देश्य से समर इंटर्नशिप प्रोग्राम 2026 की घोषणा की है। पहले बैच में बड़ी संख्या में छात्रों ने हिस्सा लिया था और अब दूसरे बैच के लिए आवेदन प्रक्रिया जारी है।

यह इंटर्नशिप उन विद्यार्थियों के लिए उपयोगी साबित हो सकती है जो भविष्य में स्पेस टेक्नोलॉजी, एयरोस्पेस, सैटेलाइट सिस्टम, ड्रोन टेक्नोलॉजी या रिसर्च के क्षेत्र में करियर बनाना चाहते हैं।
1000 से अधिक सीटों पर मिलेगा मौका
संस्थान के अनुसार पहले बैच में 1270 सीटों पर चयन किया गया था, जिसकी ट्रेनिंग 1 मई से शुरू हो चुकी है। अब दूसरे बैच में भी 1000 से ज्यादा सीटें उपलब्ध कराई गई हैं। इससे देशभर के बड़ी संख्या में छात्रों को इस कार्यक्रम का हिस्सा बनने का अवसर मिलेगा।
45 दिनों की इस इंटर्नशिप के दौरान प्रतिभागियों को स्पेस सेक्टर की बुनियादी और उन्नत अवधारणाओं से परिचित कराया जाएगा। साथ ही विभिन्न तकनीकी विषयों पर विशेषज्ञों के मार्गदर्शन में सीखने का मौका भी मिलेगा।
10 जून तक कर सकते हैं ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन
इच्छुक छात्र निर्धारित समय सीमा के भीतर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। आवेदन प्रक्रिया पूरी तरह डिजिटल माध्यम से संचालित की जा रही है। रजिस्ट्रेशन के लिए उम्मीदवारों को आधिकारिक पोर्टल https://intern.meity.gov.in/login पर जाकर आवेदन फॉर्म भरना होगा।
उम्मीदवारों को सलाह दी जाती है कि वे आवेदन करने से पहले पात्रता और अन्य आवश्यक दिशानिर्देशों की जांच अवश्य कर लें ताकि आवेदन प्रक्रिया में किसी प्रकार की परेशानी न हो।
स्पेस सेक्टर में करियर बनाने वालों के लिए अवसर
भारत में तेजी से बढ़ रहे स्पेस और एयरोस्पेस सेक्टर को देखते हुए इस तरह की इंटर्नशिप छात्रों के लिए महत्वपूर्ण मंच साबित हो सकती है। यह कार्यक्रम न केवल तकनीकी ज्ञान बढ़ाने में मदद करेगा, बल्कि छात्रों को उद्योग और शोध से जुड़ी नई संभावनाओं को समझने का अवसर भी प्रदान करेगा। अंतरिक्ष विज्ञान में रुचि रखने वाले विद्यार्थियों के लिए यह अनुभव भविष्य के करियर में उपयोगी साबित हो सकता है।











