मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हाथरस में 548 करोड़ रुपये की 143 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। जनसभा में उन्होंने कानून-व्यवस्था, औद्योगिक विकास और किसानों के हित में चल रही योजनाओं का भी उल्लेख किया।
हाथरस: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को हाथरस दौरे के दौरान 548 करोड़ रुपये की 143 विकास परियोजनाओं की सौगात दी। इस अवसर पर आयोजित जनसभा में उन्होंने प्रदेश की कानून-व्यवस्था, औद्योगिक विकास और कृषि क्षेत्र से जुड़ी योजनाओं पर सरकार की प्राथमिकताओं को विस्तार से रखा।
548 करोड़ की 143 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हाथरस के सलेमपुर औद्योगिक क्षेत्र में आयोजित कार्यक्रम के दौरान 548 करोड़ रुपये की 143 परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। कार्यक्रम से पहले उन्होंने विभिन्न सरकारी विभागों द्वारा लगाए गए प्रदर्शनी स्टॉल का निरीक्षण किया और लाभार्थियों से संवाद भी किया। इस दौरान बच्चों का अन्नप्राशन संस्कार भी कराया गया।
अपने संबोधन की शुरुआत उन्होंने भगवान श्रीराम, भगवान कृष्ण, बलदाऊ जी महाराज और बांके बिहारी जी के जयकारों के साथ की। साथ ही प्रसिद्ध हास्य कवि काका हाथरसी और हाथरस की हींग उद्योग की भी चर्चा करते हुए जिले की सांस्कृतिक और व्यावसायिक पहचान का उल्लेख किया।
कानून-व्यवस्था को लेकर सरकार की उपलब्धियां गिनाईं
मुख्यमंत्री ने कहा कि किसी भी राज्य का विकास तभी संभव है जब वहां सुरक्षा और शांति का वातावरण हो। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि पिछले नौ वर्षों में उत्तर प्रदेश में बड़े दंगे नहीं हुए और कानून-व्यवस्था को मजबूत करने के लिए लगातार प्रयास किए गए हैं।
मुहर्रम के दौरान निकले जुलूसों का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि इस बार हजारों जुलूस शांतिपूर्वक संपन्न हुए और किसी भी स्थान पर कर्फ्यू या बड़े उपद्रव जैसी स्थिति नहीं बनी। मुख्यमंत्री ने इसे बेहतर प्रशासन और प्रभावी कानून-व्यवस्था का परिणाम बताया।
औद्योगिक विकास और किसानों के लिए नई संभावनाएं
मुख्यमंत्री ने कहा कि हाथरस अब औद्योगिक विकास की नई दिशा में आगे बढ़ रहा है। उन्होंने बताया कि जिले में नए उद्योग स्थापित होने की संभावनाएं बढ़ रही हैं और फूड प्रोसेसिंग से जुड़े प्रोजेक्ट भी विकसित किए जाएंगे। इससे स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के अवसर बढ़ेंगे और क्षेत्र की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
उन्होंने आलू किसानों का उल्लेख करते हुए कहा कि कोल्ड स्टोरेज सुविधाओं का विस्तार किया जाएगा, जिससे किसानों को अपनी उपज का बेहतर मूल्य मिल सकेगा। मुख्यमंत्री ने यह भी बताया कि आगरा में अंतरराष्ट्रीय पोटेटो सेंटर की स्वीकृति दी गई है, जिससे बेहतर गुणवत्ता वाले बीज और आधुनिक तकनीक किसानों तक पहुंच सकेगी। उन्होंने कहा कि सरकार कृषि और उद्योग दोनों क्षेत्रों को समान प्राथमिकता देते हुए प्रदेश के संतुलित विकास की दिशा में कार्य कर रही है।









