दरभंगा की चर्चित घटना में लेडी दरोगा अन्नू कुमारी और BPSC से चयनित अधिकारी मनोज की प्रेम कहानी अब पूरे बिहार में चर्चा का विषय बनी हुई है। दोनों की मुलाकात उस समय हुई थी, जब वे IAS (सिविल सेवा) परीक्षा की तैयारी कर रहे थे। पढ़ाई के दौरान शुरू हुई दोस्ती धीरे-धीरे गहरे रिश्ते में बदल गई और दोनों ने भविष्य साथ बिताने का फैसला किया। बाद में दोनों ने विवाह भी कर लिया। हालांकि अब अन्नू की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के बाद यह प्रेम कहानी एक बड़े विवाद में बदल गई है और मामले की जांच जारी है।
परिजनों के अनुसार मनोज और अन्नू की पहली मुलाकात प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी के दौरान हुई थी। दोनों एक-दूसरे के संपर्क में आए और समय के साथ उनकी दोस्ती मजबूत होती चली गई। पढ़ाई के दौरान दोनों एक-दूसरे की तैयारी में मदद करते थे। परिवार के कुछ लोगों का कहना है कि शुरुआत में उन्हें इस रिश्ते की जानकारी नहीं थी, लेकिन बाद में दोनों ने अपने परिवारों को भी अपने संबंध के बारे में बताया।
इसी दौरान दोनों ने अलग-अलग प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता हासिल की। अन्नू का चयन बिहार पुलिस में सब-इंस्पेक्टर (लेडी दरोगा) के पद पर हुआ, जबकि मनोज ने BPSC परीक्षा पास कर सरकारी सेवा में स्थान हासिल किया। नौकरी मिलने के बाद भी दोनों का रिश्ता कायम रहा और बाद में उन्होंने शादी कर ली। परिवार के लोगों का कहना है कि शादी के बाद शुरुआती दिनों में सब कुछ सामान्य था, लेकिन धीरे-धीरे दोनों के बीच मतभेद बढ़ने लगे।
अन्नू के भाई ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि उसकी बहन की एक सहेली ने ही दोनों की मुलाकात कराई थी। उनका कहना है कि "अगर सहेली ने दोनों की मुलाकात नहीं कराई होती, तो आज मेरी बहन जिंदा होती।" परिवार का आरोप है कि शादी के बाद अन्नू को मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जाता था। हालांकि इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी।
मामले के सामने आने के बाद पुलिस ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए हैं और संबंधित लोगों से पूछताछ शुरू कर दी है। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट, डिजिटल साक्ष्य, कॉल डिटेल और अन्य तकनीकी पहलुओं की भी जांच की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही मौत के कारणों और जिम्मेदारियों को लेकर स्पष्ट स्थिति सामने आएगी।
इस घटना के बाद अन्नू के पैतृक घर में मातम का माहौल है। परिजन लगातार न्याय की मांग कर रहे हैं। उनका कहना है कि मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए। दूसरी ओर, पुलिस का कहना है कि किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले सभी तथ्यों और साक्ष्यों की गहन जांच की जा रही है।
फिलहाल यह मामला पूरे बिहार में चर्चा का विषय बना हुआ है। पुलिस सभी पहलुओं—पारिवारिक विवाद, वैवाहिक संबंध, घटनास्थल की परिस्थितियां और उपलब्ध डिजिटल साक्ष्यों—की जांच कर रही है। अधिकारियों ने कहा है कि जांच पूरी होने के बाद जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसी के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।









