दिल्ली में आम आदमी पार्टी को बड़ा झटका लगा है। पार्टी की मुख्य राष्ट्रीय प्रवक्ता प्रियंका कक्कड़ कांग्रेस में शामिल हो गईं। उन्होंने AAP पर मूल सिद्धांतों से भटकने का आरोप लगाया और राहुल गांधी की नेतृत्व क्षमता तथा राजनीतिक संघर्ष की जमकर तारीफ की।
नई दिल्ली: दिल्ली की राजनीति में आम आदमी पार्टी को बड़ा झटका लगा है। AAP की मुख्य राष्ट्रीय प्रवक्ता प्रियंका कक्कड़ ने शनिवार को कांग्रेस का दामन थाम लिया। उन्होंने कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राजीव शुक्ला, दिल्ली कांग्रेस अध्यक्ष देवेंद्र यादव और सांसद पवन खेड़ा की मौजूदगी में पार्टी की सदस्यता ग्रहण की। कांग्रेस में शामिल होने के बाद कक्कड़ ने आम आदमी पार्टी पर अपने मूल सिद्धांतों से भटकने का आरोप लगाया और राहुल गांधी की जमकर तारीफ की।
प्रियंका कक्कड़ ने थामा कांग्रेस का हाथ
प्रियंका कक्कड़ लंबे समय से आम आदमी पार्टी की राष्ट्रीय प्रवक्ता के तौर पर टीवी डिबेट और सार्वजनिक मंचों पर पार्टी का पक्ष रखती रही हैं। शनिवार को उन्होंने कांग्रेस की सदस्यता लेकर AAP छोड़ने का फैसला किया। कांग्रेस में उनके शामिल होने के दौरान वरिष्ठ नेता राजीव शुक्ला, दिल्ली कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष देवेंद्र यादव और सांसद पवन खेड़ा मौजूद रहे। प्रियंका कक्कड़ के पार्टी छोड़ने को AAP के लिए महत्वपूर्ण राजनीतिक झटका माना जा रहा है, क्योंकि वह पार्टी की प्रमुख मीडिया चेहरों में शामिल थीं।
कक्कड़ 30 सितंबर तक टीवी डिबेट में आम आदमी पार्टी की राष्ट्रीय प्रवक्ता के रूप में सक्रिय नजर आई थीं। हालांकि, इसके बाद पिछले दो दिनों से वह टीवी बहसों में दिखाई नहीं दी थीं। इसके बाद शनिवार को उनके कांग्रेस में शामिल होने की घोषणा हुई।
बोलीं- AAP अपने मूल सिद्धांतों से भटक गई
कांग्रेस में शामिल होने के बाद प्रियंका कक्कड़ ने आम आदमी पार्टी पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि AAP अब अपने मूल सिद्धांतों से भटक चुकी है।
कक्कड़ ने कांग्रेस में आने की वजह बताते हुए राहुल गांधी का नाम लिया। उन्होंने कहा कि उन्हें राहुल गांधी में वह उम्मीद दिखाई देती है, जो भारतीय जनता पार्टी को हराने में सक्षम हो सकती है।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि कांग्रेस में आने के पीछे किसी पद की इच्छा नहीं है। कक्कड़ के मुताबिक, पार्टी उन्हें जो जिम्मेदारी देगी, वह उसे निभाएंगी।
राहुल गांधी की जमकर तारीफ
कांग्रेस में शामिल होने के बाद प्रियंका कक्कड़ ने राहुल गांधी की कार्यशैली और राजनीतिक संघर्ष की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि अगर कोई नेता अपने विचारों को आगे बढ़ाने से नहीं डरता है, तो वह राहुल गांधी हैं।
कक्कड़ ने राहुल गांधी के राजनीतिक संघर्ष का जिक्र करते हुए कहा कि उन्होंने देखा है कि किस तरह उन्हें कमजोर दिखाने की कोशिश की गई और उन्हें दबाने के लिए पूरी मशीनरी का इस्तेमाल किया गया। इसके बावजूद राहुल गांधी और कांग्रेस डटे रहे।
उन्होंने राहुल गांधी को मजबूत इरादों वाला नेता बताया। कक्कड़ ने कहा कि राहुल गांधी की सच्चाई ही उनकी ताकत है और उन्हें कांग्रेस में एक ऐसी राजनीतिक “आत्मा” दिखाई दी, जो उन्हें दूसरी पार्टियों में नजर नहीं आई।
AAP में बदलावों को लेकर उठाए सवाल
प्रियंका कक्कड़ ने आम आदमी पार्टी की मौजूदा कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए। उन्होंने पार्टी के शुरुआती दौर को याद करते हुए कहा कि एक समय AAP की पहचान ऐसे राजनीतिक दल के रूप में थी, जो न बंगला लेने और न गाड़ी लेने की बात करता था।
कक्कड़ ने आरोप लगाया कि बाद में निजी यात्राओं के लिए हेलीकॉप्टर के इस्तेमाल जैसी चीजें सामने आईं। उनका कहना था कि वह ऐसी चीजों का बचाव नहीं कर सकती थीं, जिनका बचाव करना उनके लिए संभव नहीं था। उन्होंने कहा कि इसी दौरान उन्होंने अपने लिए एक “लक्ष्मण रेखा” तय कर ली।
पुराने कार्यकर्ताओं और नए चेहरों को लेकर नाराजगी
कक्कड़ ने आम आदमी पार्टी के भीतर संगठन और नियुक्तियों को लेकर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि जिस पार्टी ने एक समय बेहद सक्षम और समझदार लोगों को अपनी ओर आकर्षित किया था, वह उन्हें अपने साथ बनाए रखने में नाकाम रही।
उन्होंने पार्टी में नए लोगों को जिम्मेदारियां दिए जाने पर भी आपत्ति जताई। कक्कड़ ने आरोप लगाया कि राजस्थान से ऐसे लोगों को लाया जा रहा है, जिन्होंने बूथ स्तर पर भी काम नहीं किया है, और उन्हें पंजाब में वरिष्ठ पद दिए जा रहे हैं।
उन्होंने दावा किया कि ऐसे लोगों को बंगले और गाड़ियां भी दी जा रही हैं। कक्कड़ के मुताबिक, वह इस तरह के फैसलों का बचाव नहीं कर सकती थीं।
राहुल गांधी के मुद्दों का भी किया जिक्र
प्रियंका कक्कड़ ने अपने बयान में राहुल गांधी द्वारा उठाए गए एक राजनीतिक मुद्दे का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी ने “गद्दार ज्ञानेश कुमार” के खिलाफ लगातार अभियान चलाया है।
कक्कड़ के मुताबिक, राहुल गांधी ने इस मुद्दे को लेकर उन्हें और अन्य लोगों को भी जागरूक किया है। उन्होंने कांग्रेस में शामिल होने के अपने फैसले को अपने व्यक्तिगत अनुभवों से जोड़ते हुए पार्टी की कार्यशैली की प्रशंसा की। हालांकि, कक्कड़ के बयान में लगाए गए राजनीतिक आरोपों को संबंधित पक्षों की प्रतिक्रिया के संदर्भ में ही देखा जाना चाहिए।
टीवी डिबेट में AAP का प्रमुख चेहरा थीं कक्कड़
प्रियंका कक्कड़ आम आदमी पार्टी की प्रमुख राष्ट्रीय प्रवक्ताओं में शामिल थीं। टीवी डिबेट के दौरान वह नियमित रूप से पार्टी की नीतियों और नेताओं का बचाव करती थीं तथा विपक्षी दलों के सवालों का जवाब देती थीं।
30 सितंबर तक वह AAP की राष्ट्रीय प्रवक्ता के तौर पर टीवी डिबेट में सक्रिय थीं। इसके बाद दो दिनों तक उनके टीवी बहसों से दूर रहने के बाद उनके कांग्रेस में शामिल होने की खबर सामने आई।
AAP के लिए यह बदलाव इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि कक्कड़ पार्टी की मीडिया रणनीति और सार्वजनिक संवाद का जाना-पहचाना चेहरा थीं।
दिल्ली की राजनीति में बढ़ेगी हलचल
प्रियंका कक्कड़ का कांग्रेस में शामिल होना दिल्ली की राजनीति में महत्वपूर्ण घटनाक्रम के तौर पर देखा जा रहा है। एक प्रमुख प्रवक्ता का पार्टी छोड़ना AAP के लिए संगठनात्मक और राजनीतिक दोनों स्तरों पर चुनौती है।
कांग्रेस के लिए यह कदम दिल्ली में अपने राजनीतिक आधार को मजबूत करने की कोशिश के लिहाज से अहम हो सकता है। कक्कड़ को AAP की कार्यप्रणाली और आंतरिक राजनीतिक रणनीति की जानकारी होने के कारण उनके कांग्रेस में आने से दोनों दलों के बीच राजनीतिक बयानबाजी भी तेज होने की संभावना है।
फिलहाल प्रियंका कक्कड़ ने कांग्रेस में अपनी किसी विशिष्ट जिम्मेदारी या पद की मांग से इनकार किया है। उन्होंने कहा है कि पार्टी उन्हें जो काम देगी, वह उसे करेंगी।
AAP के लिए बड़ा राजनीतिक झटका
आम आदमी पार्टी की राष्ट्रीय प्रवक्ता के तौर पर लंबे समय तक पार्टी का सार्वजनिक पक्ष रखने वाली प्रियंका कक्कड़ का अचानक कांग्रेस में जाना AAP के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है।
कक्कड़ ने अपने फैसले के पीछे पार्टी के मूल सिद्धांतों से कथित विचलन, संगठन में बदलाव और कुछ फैसलों का बचाव करने में असमर्थता को प्रमुख वजह बताया है। दूसरी ओर, कांग्रेस में शामिल होने के बाद उन्होंने राहुल गांधी और कांग्रेस के राजनीतिक दृष्टिकोण पर भरोसा जताया है। अब देखना होगा कि प्रियंका कक्कड़ के कांग्रेस में शामिल होने के बाद दिल्ली की राजनीति में इसका कितना प्रभाव पड़ता है और आम आदमी पार्टी इस घटनाक्रम पर किस तरह प्रतिक्रिया देती है।
दिल्ली में आम आदमी पार्टी को बड़ा झटका लगा है। पार्टी की मुख्य राष्ट्रीय प्रवक्ता प्रियंका कक्कड़ कांग्रेस में शामिल हो गईं। उन्होंने AAP पर मूल सिद्धांतों से भटकने का आरोप लगाया और राहुल गांधी की नेतृत्व क्षमता तथा राजनीतिक संघर्ष की जमकर तारीफ की।











