ढाका में अवामी लीग कार्यालय में आगजनी, हिंसा के लिए अंतरिम सरकार पर आरोप

बांग्लादेश की ढाका में अवामी लीग कार्यालय में भीड़ ने आग लगाई। पार्टी ने अंतरिम सरकार पर गंभीर आरोप लगाए, जनजीवन प्रभावित और तनाव बढ़ा।

ढाका में अवामी लीग कार्यालय में आग लगने से राजनीतिक तनाव बढ़ गया। छात्र संगठन के प्रदर्शन और सरकार की कथित चुप्पी पर पार्टी ने कड़ी निंदा की। राष्ट्रव्यापी बंद से जनजीवन अस्त-व्यस्त हुआ।

Bangladesh: बांग्लादेश की राजधानी ढाका में गुरुवार को हिंसक घटनाओं का दौर देखने को मिला। गुलिस्तान इलाके में भीड़ ने पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना की पार्टी, अवामी लीग के केंद्रीय कार्यालय में तोड़फोड़ की और आग लगा दी। यह हमला पार्टी के लिए गंभीर चुनौती साबित हुआ है। घटनास्थल पर पुलिस और सुरक्षा बल पहुंचे, लेकिन भीड़ के हिंसक प्रदर्शन के कारण नुकसान हो चुका था।

यूनुस प्रशासन पर आरोप

अवामी लीग ने इस आगजनी और तोड़फोड़ के लिए अंतरिम सरकार पर गंभीर आरोप लगाए हैं। पार्टी ने कहा कि मुहम्मद यूनुस के नेतृत्व वाली सरकार ने हिंसा को रोकने में कोई कदम नहीं उठाया और इसके मौन समर्थन से यह स्थिति उत्पन्न हुई। पार्टी ने आरोप लगाया कि देश में हिंसा और आतंकवाद की घटनाओं को बढ़ावा दिया जा रहा है।

हिंसा के पीछे छात्र संगठन

इस घटना में कट्टरपंथी इस्लामी पार्टी जमात-ए-इस्लामी की छात्र शाखा, इस्लामी छात्र शिबिर, के नेता और कार्यकर्ता शामिल थे। उन्होंने अवामी लीग के कार्यालय के बाहर एकत्र होकर विरोध प्रदर्शन किया। छात्र संगठन का आरोप था कि अवामी लीग के द्वारा घोषित ढाका लॉकडाउन कार्यक्रम उनके खिलाफ है। प्रदर्शनकारियों ने पहले तोड़फोड़ की और फिर आग लगा दी, जिससे कार्यालय में गंभीर नुकसान हुआ।

अवामी लीग की प्रतिक्रिया

अवामी लीग ने इस हिंसा की निंदा की और कहा कि यह लोकतांत्रिक सुधार का नाम लेकर हो रही अव्यवस्था है। पार्टी ने जोर देकर कहा कि अंतरिम सरकार और उसके सहयोगी लगातार बड़े और प्रभावशाली राजनीतिक दल पर हमले कर रहे हैं। अवामी लीग का कहना है कि यह हमला पार्टी के कार्यकर्ताओं और समर्थकों के लिए मानसिक और राजनीतिक दबाव बनाने की कोशिश है।

शेख हसीना के मामले में 17 नवंबर को फैसला

इस घटना के बीच बांग्लादेश के अंतरराष्ट्रीय अपराध न्यायाधिकरण (ICT) ने घोषणा की कि पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना के खिलाफ मामले में 17 नवंबर 2025 को अपना फैसला सुनाया जाएगा। हसीना पर पिछले साल जुलाई में हुई हिंसा और विद्रोह से संबंधित हत्या समेत मानवता के खिलाफ अपराध के आरोप हैं। यह फैसला अवामी लीग द्वारा आहूत राष्ट्रव्यापी बंद के दौरान आने वाला है।

ढाका में जनजीवन प्रभावित

अवामी लीग के राष्ट्रव्यापी बंद के कारण ढाका सहित पूरे देश में सामान्य जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। बाजार बंद हैं, सार्वजनिक परिवहन प्रभावित है और स्कूल-कॉलेज बंद हैं। जनता को दैनिक जीवन में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। इससे राजनीतिक और सामाजिक तनाव बढ़ गया है।

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