दिल्ली में 8 जून को होने वाली INDIA alliance की बैठक से पहले विपक्षी गठबंधन की राजनीति में फिर हलचल तेज हो गई है। इस बीच दिग्विजय सिंह ने All India Trinamool Congress को लेकर बयान दिया है, जिससे राजनीतिक चर्चा और बढ़ गई है।
नई दिल्ली: पश्चिम बंगाल की सत्तारूढ़ पार्टी तृणमूल कांग्रेस (TMC) में कथित अंदरूनी खींचतान और INDIA गठबंधन की आगामी बैठक से पहले राजनीतिक बयानबाज़ी तेज हो गई है। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने TMC की स्थिति और विपक्षी गठबंधन की एकजुटता को लेकर महत्वपूर्ण टिप्पणी की है।
INDIA गठबंधन की बैठक 8 जून को नई दिल्ली में प्रस्तावित है, जिसमें कई प्रमुख विपक्षी दलों के शामिल होने की संभावना है। हालांकि, कुछ दलों की अनुपस्थिति और आंतरिक मतभेदों की चर्चाओं ने सियासी माहौल को और गर्म कर दिया है।
TMC की स्थिति पर दिग्विजय सिंह की प्रतिक्रिया
TMC में कथित टूट को लेकर पूछे गए सवाल पर दिग्विजय सिंह ने कहा कि उन्हें इस घटनाक्रम पर आश्चर्य हो रहा है। उन्होंने कहा कि तृणमूल कांग्रेस कभी INDIA गठबंधन का हिस्सा रही है और कभी उससे दूरी भी बनाती रही है, जिससे उसकी भूमिका को लेकर स्पष्टता नहीं दिखती। उन्होंने कहा,
“हमें यह देखकर आश्चर्य हो रहा है कि TMC जैसे बड़े राजनीतिक संगठन में, जो लंबे समय से सत्ता में है, वहां इस तरह की स्थिति कैसे बन रही है।”
हालांकि, उन्होंने इस मुद्दे पर अधिक टिप्पणी करने से परहेज किया और कहा कि यह TMC का आंतरिक मामला है।
INDIA गठबंधन को लेकर कांग्रेस का रुख

INDIA गठबंधन की एकता पर जोर देते हुए दिग्विजय सिंह ने कहा कि यह गठबंधन किसी एक पार्टी का नहीं है, बल्कि इसका उद्देश्य भारतीय जनता पार्टी (BJP) और उसकी विचारधारा के खिलाफ एक साझा मंच तैयार करना है। उन्होंने कहा कि गठबंधन में शामिल सभी दलों को इस व्यापक उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए साथ आना चाहिए। उन्होंने विशेष रूप से DMK का जिक्र करते हुए कहा कि पार्टी ने पहले गठबंधन का मजबूत समर्थन किया है और उसे भी इसमें सक्रिय भूमिका निभानी चाहिए।
दिग्विजय सिंह ने यह भी कहा कि तमिलनाडु में परिसीमन के मुद्दे पर DMK ने खुलकर विरोध दर्ज कराया है, जो गठबंधन की साझा चिंताओं को दर्शाता है।
DMK के हालिया रुख पर टिप्पणी करते हुए कांग्रेस नेता ने कहा कि तमिलनाडु की राजनीति में कई तरह की स्थितियां बनती रहती हैं, लेकिन गठबंधन को मजबूत बनाए रखने के लिए संवाद जरूरी है।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस का मानना है कि सभी सहयोगी दलों को INDIA गठबंधन के भीतर बने रहकर लोकतांत्रिक और वैचारिक संघर्ष को आगे बढ़ाना चाहिए।
NEET पेपर लीक मामले पर सरकार से सवाल
इसी दौरान दिग्विजय सिंह ने NEET-UG परीक्षा में कथित अनियमितताओं और पेपर लीक के मामलों को लेकर केंद्र सरकार पर भी सवाल उठाए। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर इस मुद्दे पर विस्तृत जांच और श्वेत पत्र जारी करने की मांग की है। उन्होंने आरोप लगाया कि देशभर में परीक्षा प्रणाली की पारदर्शिता को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
उनके अनुसार, कई राज्यों में पेपर लीक और परीक्षा में गड़बड़ियों के मामले सामने आए हैं, लेकिन अब तक यह स्पष्ट नहीं है कि इन मामलों की जांच किस स्तर पर हुई और दोषियों को क्या सजा मिली।











