दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ1073 में बुधवार को कॉकपिट के अंदर हिंसक घटना हुई। को-पायलट पर कैप्टन को चाकू मारने और विमान को नीचे ले जाने का आरोप है। यात्रियों ने स्थिति संभाली और विमान सऊदी अरब में सुरक्षित उतरा।
ताबुक: दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ1073 बुधवार, 30 सितंबर 2026 को एक गंभीर मिड-एयर घटना के बाद सऊदी अरब के ताबुक में उतारी गई। शुरुआती रिपोर्टों के मुताबिक, विमान के कॉकपिट में कैप्टन और को-पायलट के बीच हिंसक झड़प हुई। इजराइली अधिकारियों ने आरोप लगाया कि को-पायलट ने कैप्टन पर चाकू से हमला किया और विमान को नीचे ले जाने की कोशिश की। हालांकि, घटना की पूरी वजह और मकसद की आधिकारिक जांच अभी जारी है।
विमान ने अचानक खोई हजारों फीट ऊंचाई
फ्लाइट ट्रैकिंग डेटा के मुताबिक, विमान ने उड़ान के दौरान कुछ ही समय में करीब 14,000 फीट से अधिक की ऊंचाई खो दी। कुछ रिपोर्टों में विमान के लगभग 17,000 फीट नीचे आने का उल्लेख है। इस दौरान विमान से पहले सामान्य इमरजेंसी कोड 7700 और बाद में 7500, यानी अनधिकृत हस्तक्षेप से जुड़ा कोड, प्रसारित हुआ।
इस घटनाक्रम के बाद विमान ने अपना निर्धारित रास्ता बदला और सऊदी अरब के ताबुक की ओर मोड़ दिया गया। विमान सुरक्षित रूप से ताबुक एयरपोर्ट पर उतरा, जहां दोनों पायलटों को अस्पताल ले जाया गया।
कॉकपिट में क्या हुआ?
उपलब्ध जानकारी के अनुसार, उड़ान के दौरान कॉकपिट में दोनों पायलटों के बीच संघर्ष हुआ। इजराइली अधिकारियों और यात्रियों के बयानों के अनुसार, को-पायलट ने कैप्टन पर चाकू से हमला किया। इसके बाद विमान की ऊंचाई तेजी से कम होने लगी।
फ्लाईदुबई ने घटना के शुरुआती विवरण में कॉकपिट में हुई झड़प की पुष्टि की और कहा कि विमान में मौजूद यात्रियों और क्रू को सुरक्षित रखा गया। एयरलाइन ने घटना के कारणों को लेकर जांच पूरी होने से पहले अटकलों से बचने की अपील की।
यात्रियों ने कॉकपिट में पहुंचकर स्थिति संभाली
घटना के दौरान आगे बैठे कुछ यात्रियों को जब विमान के असामान्य तरीके से नीचे जाने का एहसास हुआ, तो वे कॉकपिट की ओर पहुंचे। रिपोर्टों के मुताबिक, कुछ यात्रियों ने कथित हमलावर को काबू करने में मदद की।
इस दौरान विमान में मौजूद अन्य प्रशिक्षित पायलटों ने भी स्थिति संभालने में मदद की। उपलब्ध रिपोर्टों के मुताबिक, इन लोगों की मदद से विमान को नियंत्रण में लाया गया और बाद में ताबुक में सुरक्षित उतारा गया।
इजराइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने बाद में उन यात्रियों से मुलाकात की, जिन्होंने कथित तौर पर कॉकपिट में जाकर स्थिति को नियंत्रित करने में मदद की थी। उन्होंने यात्रियों की भूमिका की सराहना की।
घायल कैप्टन को यात्रियों ने दी प्राथमिक चिकित्सा
घटना में विमान के कैप्टन को चाकू से चोटें लगीं। यात्रियों में मौजूद एक मेडिकल प्रोफेशनल ने घायल पायलट को प्राथमिक चिकित्सा देने में मदद की। रिपोर्टों के अनुसार, घायल कैप्टन को बाद में ताबुक के अस्पताल में भर्ती कराया गया।
सऊदी अरब के ताबुक एयरपोर्ट ने पुष्टि की कि फ्लाइट के कैप्टन और फर्स्ट ऑफिसर दोनों को इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया।
रॉयटर्स के अनुसार, घायल कैप्टन की पहचान भारतीय नागरिक स्मित मच्छर के रूप में हुई है और उन्हें मध्यम स्तर की चोटें आईं। कथित हमलावर को सऊदी अधिकारियों ने हिरासत में लिया और मामले की जांच शुरू की गई।
को-पायलट की नागरिकता को लेकर जांच
इजराइली अधिकारियों के अनुसार, घटना में आरोपी को-पायलट ओमान का नागरिक था। यह तथ्य जांच का एक अहम हिस्सा बन गया है, क्योंकि फ्लाइट दुबई से तेल अवीव जा रही थी।
मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, जांच एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि आरोपी को-पायलट विमान के क्रू का हिस्सा कैसे बना और सुरक्षा जांच के दौरान उसके पास चाकू जैसी वस्तु कैसे पहुंची। इन सवालों के जवाब आधिकारिक जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेंगे।
इजराइल ने फाइटर जेट भेजे
विमान से आपात संकेत मिलने के बाद इजराइल ने अपनी सुरक्षा व्यवस्था सक्रिय की। रिपोर्टों के अनुसार, इजराइली वायुसेना ने फाइटर जेट्स रवाना किए और विमान की स्थिति पर निगरानी रखी। इजराइली एयरस्पेस को भी कुछ समय के लिए बंद किया गया और बाद में स्थिति सामान्य होने पर इसे फिर खोला गया।
हालांकि, विमान अंततः इजराइल नहीं पहुंचा और उसे सऊदी अरब के ताबुक एयरपोर्ट पर उतारा गया। वहां यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाला गया।
विमान में करीब 180 यात्री सवार थे
फ्लाइट में 180 से अधिक यात्री सवार होने की रिपोर्ट सामने आई है। इनमें बड़ी संख्या में इजराइली नागरिक शामिल थे। द जेरूसलम पोस्ट के अनुसार, बाद में 174 इजराइली यात्रियों को दूसरे फ्लाईदुबई विमान से वापस इजराइल पहुंचाया गया।

टाइम्स ऑफ इजराइल के अनुसार, ताबुक में कई घंटे रुकने के बाद यात्रियों को दूसरे फ्लाईदुबई विमान से इजराइल ले जाया गया।
यात्रियों ने बताया, विमान में मची थी अफरा-तफरी
घटना के बाद यात्रियों ने बताया कि उन्होंने कॉकपिट की तरफ से चीखने की आवाजें सुनीं। कुछ यात्रियों ने विमान के हिलने और अचानक नीचे जाने की बात कही।
टाइम्स ऑफ इजराइल की रिपोर्ट के अनुसार, कुछ यात्रियों ने बताया कि कैप्टन के घायल होने के बाद कॉकपिट का दरवाजा खुला और यात्रियों को स्थिति की गंभीरता का पता चला। इसके बाद कुछ लोग आगे पहुंचे और कथित हमलावर को काबू करने में मदद की।
एक यात्री त्ज्विका मानेस ने बताया कि उन्हें करीब 20 से 25 मिनट तक आरोपी को काबू में रखने के लिए संघर्ष करना पड़ा। रिपोर्टों के मुताबिक, यात्रियों ने हेडफोन के तारों की मदद से उसे बांधा।
क्या यह आतंकी हमला था?
घटना के बाद इजराइली अधिकारियों ने इसे संभावित आतंकी हमले के एंगल से भी जांचने की बात कही। प्रधानमंत्री नेतन्याहू ने आरोप लगाया कि विमान को गिराने की कोशिश की गई थी। इजराइल के रक्षा मंत्री ने भी इसे संभावित आतंकी हमला बताया।
हालांकि, घटना का मकसद अभी आधिकारिक तौर पर स्थापित नहीं हुआ है। अल जजीरा ने भी रिपोर्ट किया कि कथित हमले की वजह की तत्काल पुष्टि नहीं हुई थी। फ्लाईदुबई ने कॉकपिट में झड़प की पुष्टि की है, लेकिन घटना के कारणों पर अंतिम निष्कर्ष जांच के बाद ही सामने आएगा।
सऊदी अरब में चल रही जांच
विमान के ताबुक पहुंचने के बाद सऊदी अधिकारियों ने मामले की जांच शुरू कर दी। कथित हमलावर को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। वहीं इजराइल की सुरक्षा एजेंसियां भी घटना से जुड़े पहलुओं की जांच कर रही हैं।
जांच में यह भी देखा जा रहा है कि विमान के कॉकपिट तक चाकू कैसे पहुंचा, सुरक्षा प्रक्रिया में कोई चूक हुई या नहीं और घटना के पीछे वास्तविक उद्देश्य क्या था। इजराइल ने भविष्य में देश आने वाली उड़ानों के पायलटों की सुरक्षा जांच बढ़ाने की दिशा में कदम उठाने की बात भी कही है।
यात्रियों को सुरक्षित इजराइल पहुंचाया गया
घटना के बाद ताबुक में फंसे यात्रियों को दूसरे फ्लाईदुबई विमान के जरिए वापस इजराइल भेजा गया। विमान के सुरक्षित लौटने के बाद बेन गुरियन एयरपोर्ट पर यात्रियों का स्वागत किया गया। इस घटना ने विमानन सुरक्षा, कॉकपिट सुरक्षा और अंतरराष्ट्रीय उड़ानों में क्रू की जांच से जुड़े कई सवाल खड़े किए हैं। इन सवालों के अंतिम जवाब संबंधित जांच एजेंसियों की रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट होंगे।












