भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने पहले वनडे में जिम्बाब्वे को नौ विकेट से हराया। श्री चरणी ने चार विकेट लेकर मेहमान टीम को 197 रन पर रोका। प्रतिका रावल के नाबाद शतक से भारत ने 27.1 ओवर में मैच जीतकर सीरीज में 1-0 की बढ़त बनाई।
स्पोर्ट्स न्यूज़: भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने जिम्बाब्वे के खिलाफ वनडे सीरीज की शुरुआत बड़ी जीत के साथ की है। शुक्रवार, 23 अक्टूबर को कोतांबी स्टेडियम में खेले गए मुकाबले में भारत ने 198 रन का लक्ष्य सिर्फ 27.1 ओवर में हासिल कर लिया। प्रतिका रावल ने नाबाद 100 रन बनाए, जबकि शेफाली वर्मा ने 64 रन की तेज पारी खेली। इससे पहले श्री चरणी और क्रांति गौड़ की गेंदबाजी के सामने जिम्बाब्वे की टीम बड़ा स्कोर नहीं बना सकी।
प्रतिका और शेफाली ने आसानी से दिलाई जीत
जिम्बाब्वे के 197 रन के जवाब में भारत की शुरुआत अच्छी रही। प्रतिका रावल और कप्तान स्मृति मंधाना ने पहले विकेट के लिए 94 रन जोड़े। दोनों ने शुरुआती ओवरों में खुलकर बल्लेबाजी की और मेहमान टीम के गेंदबाजों पर दबाव बनाए रखा। मंधाना 34 गेंदों पर 32 रन बनाकर आउट हुईं। उनका विकेट गिरने के बाद शेफाली वर्मा बल्लेबाजी करने आईं। उन्होंने आते ही बड़े शॉट लगाने शुरू कर दिए। दूसरी तरफ प्रतिका लगातार रन बनाती रहीं।
प्रतिका ने 96 गेंदों पर नाबाद 100 रन बनाए। उनकी पारी में 15 चौके शामिल रहे। यह वनडे क्रिकेट में उनका तीसरा शतक है। उन्होंने बिना जल्दबाजी किए खराब गेंदों का फायदा उठाया और आखिर तक क्रीज पर बनी रहीं। शेफाली ने भी शानदार बल्लेबाजी की। उन्होंने सिर्फ 33 गेंदों पर नाबाद 64 रन ठोके, जिसमें पांच चौके और चार छक्के शामिल थे।
दोनों ने दूसरे विकेट के लिए 106 रन की अटूट साझेदारी की। भारत ने एक विकेट खोकर 200 रन बनाए और 137 गेंद बाकी रहते मुकाबला अपने नाम कर लिया।
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श्री चरणी ने जिम्बाब्वे की बल्लेबाजी को रोका
इससे पहले टॉस जीतकर जिम्बाब्वे ने बल्लेबाजी चुनी थी। टीम पूरे 50 ओवर भी नहीं खेल सकी और 49.5 ओवर में 197 रन पर सिमट गई। भारत की बाएं हाथ की स्पिनर श्री चरणी ने सबसे ज्यादा प्रभावित किया। उन्होंने 10 ओवर में सिर्फ 23 रन देकर चार विकेट हासिल किए। यह उनके वनडे करियर का सर्वश्रेष्ठ गेंदबाजी प्रदर्शन रहा।
चरणी ने चिपो मुगेरी-तिरिपानो को 21 और मोडेस्टर मुपाचिकवा को 25 रन पर आउट किया। इसके बाद न्याशा ग्वांजुरा और मिशेल मावुंगा को भी पवेलियन भेजा। उनके लगातार विकेट लेने से जिम्बाब्वे के लिए बड़ी साझेदारी करना मुश्किल हो गया। क्रांति गौड़ ने भी अच्छी गेंदबाजी करते हुए 42 रन देकर तीन विकेट लिए। दीप्ति शर्मा ने 44 रन खर्च कर दो बल्लेबाजों को आउट किया। शेफाली वर्मा के खाते में भी एक विकेट आया।
बिलव्ड बिजा ने बनाए सबसे ज्यादा 62 रन
जिम्बाब्वे की बल्लेबाजी में बिलव्ड बिजा ने सबसे ज्यादा संघर्ष किया। उन्होंने 92 गेंदों पर 62 रन बनाए और पांच चौके लगाए। दूसरे छोर से लगातार विकेट गिरने के बावजूद वह रन बनाती रहीं। मिशेल मावुंगा ने 23 गेंदों पर 29 रन की पारी खेली। उन्होंने तीन चौके और एक छक्का लगाया। मोडेस्टर मुपाचिकवा ने 25 और चिपो मुगेरी-तिरिपानो ने 21 रन का योगदान दिया।
भारतीय गेंदबाजों ने जिम्बाब्वे को 200 रन तक नहीं पहुंचने दिया। हालांकि, फील्डिंग में भारत से कुछ गलतियां भी हुईं। शुरुआती ओवरों में दो कैच छूटे और बाद में मावुंगा का एक मुश्किल कैच भी नहीं पकड़ा जा सका। इन मौकों का फायदा उठाकर जिम्बाब्वे ने कुछ अतिरिक्त रन जरूर जोड़े, लेकिन टीम बड़ा स्कोर खड़ा नहीं कर पाई।
टी20 के बाद वनडे में भी भारत का दबदबा
भारतीय महिला टीम ने इससे पहले तीन मैचों की टी20 सीरीज में जिम्बाब्वे को 3-0 से हराया था। अब पहले वनडे में जीत हासिल करके भारत ने अपनी अच्छी फॉर्म बरकरार रखी है। इस मुकाबले में प्रतिका रावल को नाबाद शतक के लिए प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया। बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों में भारतीय खिलाड़ियों का प्रदर्शन बेहतर रहा। तीन मैचों की वनडे सीरीज में भारत अब 1-0 से आगे है। दूसरा मुकाबला 25 अक्टूबर को वडोदरा में खेला जाएगा।








