केदारनाथ धाम में अगले सात दिनों तक मौसम अस्थिर रहने की संभावना है। मौसम विभाग ने रुद्रप्रयाग जिले में बारिश और ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी का पूर्वानुमान जारी किया है, जिससे तापमान में गिरावट और ठंड बढ़ने के आसार हैं।
रुद्रप्रयाग: केदारनाथ धाम में मौसम लगातार करवट बदल रहा है। हाल के दिनों में हुई बारिश के बाद ठंड का असर बढ़ गया है और मौसम विभाग ने आने वाले सप्ताह के लिए भी बारिश व बर्फबारी की संभावना जताई है। चारधाम यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं को मौसम संबंधी अपडेट पर नजर रखने की सलाह दी गई है।
केदारनाथ में मौसम बना हुआ है अस्थिर
भगवान शिव के प्रमुख ज्योतिर्लिंगों में शामिल केदारनाथ धाम का मौसम हमेशा से चुनौतीपूर्ण माना जाता है। समुद्र तल से लगभग 3583 मीटर की ऊंचाई पर स्थित यह तीर्थस्थल कुछ ही मिनटों में धूप, बादल, बारिश और ठंड का अनुभव करा सकता है। इन दिनों भी केदारनाथ में मौसम लगातार बदल रहा है। सुबह धूप निकलने के बाद दोपहर और शाम के समय बादल छाने तथा बारिश होने का सिलसिला देखा जा रहा है।

पिछले कुछ दिनों से रुक-रुक कर हो रही बारिश के कारण धाम और आसपास के क्षेत्रों में ठंड बढ़ गई है। खासकर सुबह और शाम के समय तापमान काफी नीचे पहुंच रहा है, जिससे यात्रियों को गर्म कपड़ों की आवश्यकता महसूस हो रही है।
सात दिन तक बारिश का पूर्वानुमान
मौसम विभाग के अनुसार रुद्रप्रयाग जिले में अगले सात दिनों तक मौसम सक्रिय बना रह सकता है। 3 जून से 5 जून के बीच जिले के कई क्षेत्रों में हल्की से मध्यम बारिश और गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ने की संभावना है। इस दौरान केदारनाथ धाम और आसपास के इलाकों में भी बारिश का असर देखने को मिल सकता है।
वहीं 6 जून से 9 जून तक भी मौसम पूरी तरह साफ रहने की संभावना नहीं है। विभाग ने इस अवधि में भी कई स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश होने का अनुमान जताया है। लगातार बदलते मौसम को देखते हुए प्रशासन और मौसम विभाग यात्रा मार्गों की निगरानी कर रहे हैं।
ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी के संकेत
मौसम विभाग ने 4200 मीटर या उससे अधिक ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी की संभावना भी जताई है। केदारनाथ के आसपास की ऊंची चोटियों पर ताजा बर्फबारी होने से तापमान में और गिरावट आ सकती है। बारिश के बाद जब चोटियां बर्फ से ढक जाती हैं तो पूरे क्षेत्र में ठंड का असर बढ़ जाता है।
विशेषज्ञों का कहना है कि ऊंचाई वाले इलाकों में मौसम तेजी से बदल सकता है, इसलिए ट्रेकिंग या यात्रा करने वाले लोगों को अतिरिक्त सावधानी बरतनी चाहिए। खराब मौसम के दौरान दृश्यता भी कम हो सकती है।
5 से 11 डिग्री के बीच रह सकता है तापमान
पूर्वानुमान के अनुसार केदारनाथ क्षेत्र में न्यूनतम तापमान लगभग 5 डिग्री सेल्सियस और अधिकतम तापमान 11 डिग्री सेल्सियस तक रहने की संभावना है। बारिश और तेज ठंडी हवाओं के दौरान महसूस होने वाला तापमान इससे भी कम हो सकता है।
यात्रा पर आने वाले श्रद्धालुओं को गर्म कपड़े, रेनकोट, वाटरप्रूफ जूते और आवश्यक दवाएं साथ रखने की सलाह दी गई है। प्रशासन ने भी यात्रियों से अपील की है कि वे यात्रा शुरू करने से पहले मौसम की ताजा जानकारी अवश्य लें।
चारधाम यात्रा के लिए जरूरी है सतर्कता
केदारनाथ धाम चारधाम यात्रा और पंच केदार का महत्वपूर्ण हिस्सा है। गौरीकुंड से लगभग 18 किलोमीटर की पैदल यात्रा के बाद श्रद्धालु धाम तक पहुंचते हैं। ऐसे में मौसम की खराब स्थिति यात्रा को प्रभावित कर सकती है।
अधिकारियों का कहना है कि फिलहाल यात्रा सामान्य रूप से संचालित हो रही है, लेकिन मौसम में अचानक बदलाव की संभावना को देखते हुए यात्रियों को सतर्क रहना चाहिए। अगले सात दिनों तक बारिश और ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी की संभावना के कारण यात्रा मार्गों पर विशेष निगरानी रखी जा रही है।












