Akhilesh Yadav ने केंद्रीय बजट को किसान विरोधी और दिशाहीन बताया। उन्होंने अमेरिका से हुई डील पर सवाल उठाए और कहा कि विदेशी आयात बढ़ने से देश के किसानों की आय और ग्रामीण अर्थव्यवस्था पर नकारात्मक असर पड़ेगा।
UP Politics: समाजवादी पार्टी (सपा) के अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री Akhilesh Yadav ने केंद्रीय बजट पर अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए भाजपा सरकार पर तीखा हमला किया। उन्होंने इसे दिशाहीन और किसान विरोधी बताया। Yadav का कहना था कि इस बजट में आम जनता, खासकर किसान और मजदूर के लिए कोई ठोस राहत नहीं दी गई है और जो कुछ दिया गया है, उसे किसान दूरबीन से ही देख सकते हैं।
अमेरिका से हुई व्यापार समझौते पर विवाद
Akhilesh Yadav ने अमेरिका के साथ हाल ही में हुए व्यापार समझौते को लेकर भी सवाल उठाए। उन्होंने इसे ‘डील’ की बजाय ‘ढील’ करार दिया और आरोप लगाया कि सरकार ने भारतीय कृषि और किसानों की मेहनत को नजरअंदाज करते हुए विदेशी आयात पर निर्भरता बढ़ा दी है। Yadav ने कहा कि अमेरिकी उत्पादों पर भारत में शून्य शुल्क लगाने और भारतीय उत्पादों पर अमेरिका में 18 प्रतिशत शुल्क देने से देश के किसानों का नुकसान होगा।
उन्होंने कटाक्ष करते हुए कहा कि जनता जानना चाहती है कि शून्य बड़ा है या 18? क्या भाजपा का गणित यही है कि शून्य और 18 बराबर हैं? उनका कहना था कि अगर सब कुछ विदेश से आएगा, तो देश के किसान क्या उगाएंगे और अपनी मेहनत की कमाई से अपने परिवार का भरण-पोषण कैसे करेंगे।
बजट को दिशाहीन बताया

Akhilesh Yadav ने बजट को भविष्य दृष्टि से भी दोषपूर्ण बताया। उनका कहना था कि बजट में यह नहीं बताया गया कि 2047 तक भारत को कैसे विकसित और आत्मनिर्भर बनाया जाएगा। उन्होंने कहा कि बजट में पिछड़ा, दलित और अल्पसंख्यक (PDA) वर्ग के लिए कोई ठोस योजना नहीं है।
किसानों और मजदूरों की स्थिति
सपा अध्यक्ष ने कहा कि बजट में किसानों और मजदूरों को जो राहत दी गई है, वह नगण्य है और उन्हें इसे देखने के लिए दूरबीन की जरूरत है। उन्होंने सरकार पर आरोप लगाया कि कृषि और ग्रामीण अर्थव्यवस्था की अनदेखी करके विदेशी आयात पर भरोसा बढ़ा दिया गया है।
Yadav ने कहा कि अगर कृषि से संबंधित हर चीज विदेश से आयात की जाएगी, तो देश का किसान पूरी तरह बर्बाद हो जाएगा। उन्होंने सवाल उठाया कि किसान क्या उगाएंगे और क्या बेचेंगे, जबकि देश के बाजार विदेशी उत्पादों से भर जाएंगे।
वाराणसी में कथित तोड़फोड़
Akhilesh Yadav ने बजट पर अपनी टिप्पणी के दौरान वाराणसी से जुड़ी कुछ घटनाओं का भी जिक्र किया। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री के संसदीय क्षेत्र वाराणसी में राजमाता अहिल्याबाई होल्कर की मूर्ति को बुलडोजर से तोड़ दिया गया। इसके अलावा, उन्होंने कहा कि वहां लगभग 100 मंदिरों को भी तोड़ दिया गया और नेपाल नरेश की ओर भेंट किया गया घंटा भी गायब है।
बजट और विदेशी व्यापार का संबंध
Akhilesh Yadav ने यह भी कहा कि भाजपा सरकार ने बजट के माध्यम से विदेशी उत्पादों को बढ़ावा दिया है, जिससे घरेलू उत्पादन और किसानों की आय पर नकारात्मक असर पड़ेगा। उन्होंने कहा कि सरकार का ध्यान केवल अमेरिका और अन्य देशों के उत्पादों पर केंद्रित है, जबकि भारत की कृषि और ग्रामीण अर्थव्यवस्था अनदेखी हो रही है।
उन्होंने चेतावनी दी कि अगर यही नीति जारी रही, तो भारत के किसान आर्थिक संकट में फंस जाएंगे और देश की आत्मनिर्भरता पर भी असर पड़ेगा।











