चुनाव आयोग ने उत्तर प्रदेश, बिहार, कर्नाटक और महाराष्ट्र में विधान परिषद की शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्र की सीटों के लिए चुनाव कार्यक्रम जारी कर दिया है। इन सीटों पर 23 अक्टूबर को मतदान होगा, जबकि वोटों की गिनती 27 अक्टूबर को की जाएगी।
Legislative Council Election 2026: भारत में चार राज्यों की विधान परिषद की शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों के लिए चुनाव कार्यक्रम घोषित कर दिया गया है। चुनाव आयोग के मुताबिक बिहार, कर्नाटक, महाराष्ट्र और उत्तर प्रदेश में विधान परिषद की इन सीटों के लिए 23 अक्टूबर 2026 को मतदान होगा, जबकि 27 अक्टूबर को मतगणना की जाएगी। चुनाव कार्यक्रम जारी होने के साथ ही संबंधित निर्वाचन क्षेत्रों में आदर्श आचार संहिता प्रभावी हो गई है।
इन चुनावों का महत्व इसलिए भी है क्योंकि विधान परिषद की शिक्षक और स्नातक सीटों पर सामान्य विधानसभा चुनाव से अलग मतदाता वर्ग मतदान करता है। इन निर्वाचन क्षेत्रों में शिक्षकों और स्नातक मतदाताओं का प्रतिनिधित्व करने वाले सदस्य चुने जाते हैं।
कब जारी होगी चुनाव की अधिसूचना?
चुनाव आयोग द्वारा जारी कार्यक्रम के अनुसार, चारों राज्यों में विधान परिषद चुनाव के लिए 29 सितंबर 2026 को अधिसूचना जारी की जाएगी। इसके बाद उम्मीदवारों के लिए नामांकन दाखिल करने की प्रक्रिया शुरू होगी। नामांकन दाखिल करने की अंतिम तारीख 6 अक्टूबर 2026 निर्धारित की गई है। इसके बाद चुनाव प्रक्रिया के अगले चरणों में नामांकन पत्रों की जांच और उम्मीदवारों के नाम वापस लेने की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
चुनाव में मुकाबला होने की स्थिति में 23 अक्टूबर को सुबह 8 बजे से शाम 4 बजे तक मतदान कराया जाएगा। इसके बाद 27 अक्टूबर को मतगणना होगी और परिणाम सामने आएंगे।
चार राज्यों में कितनी सीटें होंगी खाली?
इस चुनाव कार्यक्रम के तहत बिहार, कर्नाटक, महाराष्ट्र और उत्तर प्रदेश की विधान परिषद में अलग-अलग संख्या में सीटों का कार्यकाल समाप्त होने वाला है।
बिहार में विधान परिषद की 8 सीटें 16 नवंबर 2026 को खाली होंगी। वहीं कर्नाटक की 4 सीटों का कार्यकाल 11 नवंबर को समाप्त होगा। इसी तरह महाराष्ट्र में 5 सीटें और उत्तर प्रदेश में 11 सीटें 6 दिसंबर 2026 को खाली होने वाली हैं। इन रिक्त होने वाली सीटों को भरने के लिए चुनाव प्रक्रिया निर्धारित समयसीमा के अनुसार पूरी की जा रही है।
शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्र क्या हैं?
विधान परिषद भारत के कुछ राज्यों में मौजूद राज्य विधानमंडल का ऊपरी सदन है। विधान परिषद के सभी सदस्य एक ही तरीके से निर्वाचित नहीं होते। संविधान के तहत अलग-अलग निर्वाचन वर्गों के माध्यम से सदस्यों का चुनाव होता है। शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों में निर्धारित पात्रता पूरी करने वाले शिक्षक मतदाता मतदान करते हैं, जबकि स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों में तय शैक्षणिक योग्यता और अन्य पात्रताओं को पूरा करने वाले पंजीकृत स्नातक मतदाता वोट डालते हैं।
इसी वजह से इन चुनावों की मतदाता सूची और चुनावी प्रक्रिया सामान्य विधानसभा चुनावों से अलग होती है। संबंधित निर्वाचन क्षेत्र के पात्र मतदाताओं के लिए चुनाव आयोग अलग व्यवस्था और दिशा-निर्देश जारी करता है।
आचार संहिता लागू, चुनावी गतिविधियां तेज होंगी

चुनाव कार्यक्रम की घोषणा के साथ ही बिहार, कर्नाटक, महाराष्ट्र और उत्तर प्रदेश के संबंधित विधान परिषद निर्वाचन क्षेत्रों में मॉडल कोड ऑफ कंडक्ट यानी आदर्श आचार संहिता लागू हो गई है। इसका उद्देश्य चुनाव प्रक्रिया के दौरान राजनीतिक दलों और उम्मीदवारों के लिए निर्धारित आचरण संबंधी नियमों को लागू करना है।
अब उम्मीदवारों और संबंधित राजनीतिक संगठनों को चुनाव आयोग के निर्धारित नियमों के अनुरूप प्रचार और अन्य चुनावी गतिविधियां करनी होंगी। नामांकन से लेकर मतदान और मतगणना तक की प्रक्रिया तय कार्यक्रम के अनुसार आगे बढ़ेगी।
कब होगा मतदान और कब आएगा परिणाम?
चारों राज्यों के विधान परिषद के संबंधित शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों में चुनाव का मुख्य कार्यक्रम इस प्रकार है:
- चुनाव अधिसूचना: 29 सितंबर 2026
- नामांकन की अंतिम तारीख: 6 अक्टूबर 2026
- मतदान: 23 अक्टूबर 2026
- मतदान का समय: सुबह 8 बजे से शाम 4 बजे तक
- मतगणना: 27 अक्टूबर 2026
- आचार संहिता: संबंधित निर्वाचन क्षेत्रों में तत्काल प्रभाव से लागू
इस चुनाव कार्यक्रम के साथ बिहार, कर्नाटक, महाराष्ट्र और उत्तर प्रदेश में विधान परिषद की शिक्षक एवं स्नातक सीटों के लिए राजनीतिक और चुनावी गतिविधियां तेज होने की संभावना है।











